Friday, July 17, 2026
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मुनाफावसूली से चना वायदा कीमतों में गिरावट

नयी दिल्ली। हाजिर बाजार की कमजोर मांग के बीच कारोबारियों ने अपने सौदों के आकार को कम किया जिससे मंगलवार को वायदा कारोबार में चना की कीमत 0.89 प्रतिशत की गिरावट के साथ 4,475 रुपये प्रति क्विन्टल रह गई। इसके अलावा ऊंचे स्तर पर मुनाफावसूली होने के कारण भी कारोबारी धारणा प्रभावित हुई।

एनसीडीईएक्स में अप्रैल महीने में डिलिवरी वाले चना अनुबंध के भाव 40 रुपये यानी 0.89 प्रतिशत की गिरावट के साथ 4,475 रुपये प्रति क्विन्टल रह गये जिसमें 1,700 लॉट का कारोबार हुआ। चना के मई डिलिवरी वाले अनुबंध के भाव 30 रुपये यानी 0.66 प्रतिशत की गिरावट के साथ 4,502 रुपये प्रति क्विन्टल रह गये जिसमें 1,08,210 लॉट का कारोबार हुआ।

बाजार सूत्रों ने कहा कि पर्याप्त स्टॉक के मुकाबले हाजिर बाजार की मांग घटने के कारण व्यापारियों द्वारा अपने सौदों की कटान करने से मुख्यत: वायदा कारोबार में चना कीमतों में गिरावट आई।

कमजोर हाजिर मांग से सरसों वायदा में गिरावट

नयी दिल्ली। हाजिर बाजार से कमजोरी के संकेतों के बीच सटोरियों ने अपने सौदों के आकार को कम किया जिससे वायदा कारोबार में मंगलवार को सरसों दाना की कीमत 0.74 प्रतिशत की हानि के साथ 3,763 रुपये प्रति क्विन्टल रह गई।

एनसीडीईएक्स में सरसों के मई डिलीवरी वाले अनुबंध की कीमत 28 रुपये अथवा 0.74 प्रतिशत की हानि के साथ 3,763 रुपये प्रति क्विन्टल रह गई जिसमें 80,140 लॉट के लिए कारोबार हुआ।

सरसों के जून डिलीवरी वाले अनुबंध की कीमत भी 28 रुपये अथवा 0.73 प्रतिशत की हानि के साथ 3,806 रुपये प्रति क्विन्टल रह गई जिसमें 8,870 लॉट के लिए कारोबार हुआ।

बाजार सूत्रों ने कहा कि पर्याप्त स्टॉक होने के कारण हाजिर बाजार में कमजोरी के रुख के बीच कारोबारियों द्वारा अपने सौदों की कटान करने से सरसों दाना वायदा कीमतों में गिरावट आई।

कमजोर मांग से हल्दी वायदा कीमत में गिरावट

नयी दिल्ली। हाजिर बाजार में घरेलू के साथ साथ निर्यात मांग कमजोर होने के कारण कारोबारियों ने अपने सौदों की कटान की जिससे मंगलवार को वायदा कारोबार में हल्दी की कीमत में 1.99 प्रतिशत तक की गिरावट आई।

एनसीडीईएक्स में अप्रैल महीने में डिलिवरी वाले हल्दी अनुबंध के भाव 128 रुपये यानी 1.99 प्रतिशत की हानि के साथ 6,298 रुपये प्रति क्विन्टल रह गये जिसमें 175 लॉट का कारोबार हुआ।

इसी प्रकार हल्दी के मई महीने में डिलिवरी वाले अनुबंध के भाव 60 रुपये यानी 0.94 प्रतिशत की हानि के साथ 6,324 रुपये प्रति क्विन्टल रह गये जिसमें 18,120 लॉट का कारोबार हुआ।

बाजार विश्लेषकों ने कहा कि घरेलू हाजिर बाजार की मांग में गिरावट के कारण व्यापारियों द्वारा अपने सौदों की कटान करने से मुख्यत: यहां वायदा कारोबार में हल्दी कीमतों पर दबाव रहा।

मुनाफावसूली से जीरा वायदा कीमतों में गिरावट

नयी दिल्ली।कमजोर हाजिर मांग के बीच सटोरियों के मुनाफावसूली से मंगलवार को वायदा कारोबार में जीरा की कीमत 155 रुपये की गिरावट के साथ 16,240 रुपये प्रति क्विन्टल रह गई। एनसीडीईएक्स में अप्रैल महीने में डिलिवरी वाले जीरा अनुबंध के भाव 155 रुपये यानी 0.95 प्रतिशत की हानि के साथ 16,240 रुपये प्रति क्विन्टल रह गये जिसमें 162 लॉट का कारोबार हुआ।

जीरा के मई महीने में डिलिवरी वाले अनुबंध का भाव 110 रुपये यानी 0.67 प्रतिशत की हानि दर्शाता 16,440 रुपये प्रति क्विन्टल रह गये जिसमें 7,137 लॉट का कारोबार हुआ। बाजार विश्लेषकों ने कहा कि मौजूदा स्तर पर सटोरियों की मुनाफावसूली के अलावा हाजिर बाजार की मांग में गिरावट आने से यहां मुख्यत: जीरा वायदा कीमतों पर दबाव रहा।

जौहरियों की मांग से सोना महंगा, चांदी भी चमकी, आज के दाम

नयी दिल्ली/ कोटा । सोने के दाम में चार दिन से जारी गिरावट पर मंगलवार को विराम लगा और यह दिल्ली में 170 रुपये की बढ़त के साथ 32,790 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। आल इंडिया सर्राफा एसोसएिशन के अनुसार स्थानीय जौहरियों की लिवाली बढ़ने से इसमें तेजी आयी। औद्योगिक इकाइयों तथा सिक्का निर्माताओं के उठाव से चांदी की कीमत भी 250 रुपये मजबूत होकर 38,350 रुपये किलो पर पहुंच गयी।

कारोबारियों ने कहा कि स्थानीय जौहरियों की मांग बढ़ने से सोने की कीमतों में तेजी आयी। हालांकि वैश्विक स्तर पर कमजोर रुख से लाभ पर अंकुश लगा। न्यूयार्क में हाजिर बाजार में सोने का भाव 1,284.20 डालर औंस रहा। वहीं चांदी 15.01 डालर औंस पर स्थिर रही। पिछले चार कारोबारी सत्रों में सोने के दाम में 450 रुपये की गिरावट आयी थी।

राष्ट्रीय राजधानी में 99.9 प्रतिशत तथा 99.5 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने का भाव 170-170 रुपये की बढ़त के साथ 32,790 तथा 32,620 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा। हालांकि गिन्नी का भाव 26,400 रुपये प्रति इकाई पर स्थिर रहा।

चांदी तैयार 250 रुपये मजबूत होकर 38,350 रुपये प्रति किलो जबकि सप्ताहिक आधार पर डिलीवरी 334 रुपये बढ़कर 37,322 रुपये किलो पर पहुंच गयी। दूसरी तरफ चांदी सिक्का लिवाल 80,000 तथा बिकवाल 81,000 रुपये प्रति 100 इकाई पर स्थिर रहा।

कोटा सर्राफा
चांदी 38300 रुपये प्रति किलोग्राम।
सोना केटबरी 32800 रुपये प्रति दस ग्राम, सोना 38260 रुपये प्रति तोला।
सोना शुद्ध 32970 रुपये प्रति दस ग्राम, सोना 38460 रुपये प्रति तोला।

सेंसेक्स ने बनाया रिकॉर्ड, 39,275 पर बंद, निफ्टी 11,780 के पार

नई दिल्ली। बैंकिंग, ऑटो समेत सभी प्रमुख सूचकांक में लिवाली के दम पर भारतीय शेयर बाजार ने मंगलवार को नया रिकॉर्ड बनाया। बंबई स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों का संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 369 अंकों की तेजी के साथ 39 हजार अंकों के मनौवैज्ञानिक स्तर को पार करते हुए 39,275 अंकों पर बंद हुआ।

यह इस माह दूसरा मौका है जब सेंसेक्स 39 हजार के पार जाकर बंद हुआ है। इससे पहले 2 अप्रैल को भी सेंसेक्स 39 हजार के पार जाकर 39,056 पर बंद हुआ था। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का 50 शेयरों का संवेदी सूचकांक निफ्टी भी 96 अंकों की तेजी के साथ 11,787 के नए स्तर पर बंद हुआ।

ये हैं टॉप गेनर
सेंसेक्स में अडानी ग्रीन में 19.14 फीसदी, पीसी ज्वैलर्स में 15.64 फीसदी, दीपक फर्टिलाइजर्स में 13.54 फीसदी, स्पाइसजेट में 11.19 फीसदी और टाटा स्टील में 8.55 फीसदी की तेजी रही। निफ्टी में आईसीआईसीआई बैंक में 2.90 फीसदी, भारती इंफ्राटेल में 2.22 फीसदी, कोल इंडिया में 1.90 फीसदी, आईओसी में 1.62 फीसदी और एशियन पेंट्स में 1.55 फीसदी की तेजी रही।

ये हैं टॉप लूजर
सेंसेक्स में जेट एयरवेज में 7.62 फीसदी, रिलायंस कैपिटल में 5.84 फीसदी, आरकॉम में 4.94 फीसदी, रेन इंडस्ट्रीज में 3.91 फीसदी और इलाहाबाद बैंक में 2.99 फीसदी की गिरावट रही। निफ्टी में टाटा मोटर्स में 1.21 फीसदी, इंफोसिस में 0.76 फीसदी, भारती एयरटेल में 0.26 फीसदी, इंडियाबुल्स हाउसिंग फाइनेंस में 0.21 फीसदी और टाटा स्टील में 0.21 फीसदी की गिरावट रही।

निफ्टी ने पहली बार 11,800 का स्तर छुआ, सेंसेक्स में 400 अकों की बढ़त

नई दिल्ली। भारतीय शेयर बाजार के दोनों प्रमुख संवेदी सूचकांक, सेंसेक्स और निफ्टी 1% मजबूत हो गए। 31 मार्च को खत्म हुए पिछले वित्त वर्ष की आखिरी तिमाही के लिए कंपनियां अच्छे नतीजे पेश कर रही हैं। साथ ही, इस वर्ष मॉनसून के अनुकूल रहने, विदेशी निवेश में बढ़ोतरी, व्यापार के सकारात्मक आंकड़े और टेक्निकल इंडिकेटर्स के दम पर बाजार ने यह तेजी हासिल की।

नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) के 50 शेयरों का सूचकांक निफ्टी इतिहास में पहली बार 11,800 का स्तर छू लिया और 1.59 मिनट पर यह 11,800.33 अंक पर आ गया था। हालांकि, 2:14 बजे निफ्टी में और मजबूती आई और यह 115.30 अंक (0.99%) की तेजी के साथ 11,807.85 के सर्वोच्च स्तर को छू लिया।

इससे पहले निफ्टी का रेकॉर्ड 11,761 अकों का था। इससे पहले, 2:39 बजे बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) के 31 शेयरों का संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 449.03 अंक (1.15%) मजबूत होकर 39,354.87 पहुंच चुका था। आइए शेयर बाजार में आई इस तेजी के कुछ प्रमुख कारकों पर नजर डालते हैं…

मॉनसून की भविष्यवाणी
भारतीय मौसम विभाग ने हाल-फिलहाल में मॉनसून के सामान्य रहने की भविष्यवाणी की जिससे दलाल स्ट्रीट स्काइमेट की मॉनसूनी सीजन में सामान्य से कम बारिश के अनुमान से चिंतित था। मौसम विभाग ने सोमवार को कहा कि इस वर्ष देश में लगभग सामान्य मॉनसूनी बारिश होगी जो कृषि क्षेत्र के लिए फायदेमंद साबित होगी।

विदेशी निवेश
विदेशी संस्थागत निवेशकों द्वारा भारत में निवेश की स्थिति दुरुस्त होने के कारण भी बाजार को बल मिला है। विदेशी संस्थागत निवेशक इस वर्ष 15 अप्रैल तक भारतीय शेयर बाजारों में 65,000 करोड़ रुपये निवेश कर चुके हैं।

व्यापार के आंकड़े
दवाइयों, रसायन और अभियांत्रिकी (फार्मा, केमिकल और इंजिनियरिंग) क्षेत्रों में वृद्धि के दम पर मार्च महीने में भारत का निर्यात 11 प्रतिशत की तेजी के साथ 5 महीने के उच्च स्तर पर पहुंच गया। इस आंकड़े ने वित्त वर्ष 2018-19 में भारत का कुल निर्यात बढ़कर 331.02 अरब डॉलर तक पहुंच गया।

मार्च में भारत ने 32.55 अरब डॉलर का मर्चेंडाइज एक्सपोर्ट किया जो मार्च 2018 में 29.32 अरब डॉलर का था। आयात-निर्यात के लिहाज से अक्टूबर के बाद मार्च का महीना सर्वोत्तम रहा जब भारत का निर्यात 17.86 बढ़ा जबकि आयात महज 1.44 प्रतिशत ही बढ़ा। इस वजह से मार्च में व्यापार घाटा घटकर 10.89 अरब डॉलर पर आ गया जो पिछले वर्ष मार्च में 13.51 अरब डॉलर का था।

टेक्निकल इंडिकेटर
आईसीआईसीआई डायरेक्ट ने कहा कि निफ्टी ने टेक्निकल चार्ट पर ‘गोल्डन क्रॉस’ बनाया है जिससे मार्केट के प्रति सकारात्मक रुख बना है। ICICI डायरेक्ट ने वित्त वर्ष 2020 के लिए अपना निफ्टी टारगेट बढ़ाकर 12,800 से 13,000 कर दिया है। गौरतलब है कि चार्ट्स पर गोल्ड क्रॉस तभी बनता है जब कोई स्टॉक या इंडेक्स का 50 दिन का शॉर्ट टर्म मूविंग ऐवरेज उसके 200 दिनों के मूविंग ऐवरेज से आगे निकल जाता है।

गोल्डन क्रॉस बनने का मतलब है कि मार्केट में जबर्दस्त तेजी के संकेत हैं, खासकर तब जब उस खास वक्त में जबर्दस्त ट्रेडिंग वॉल्युम देखा जाए। 15 मार्च को निफ्टी का 50 दिनों के मूविंग ऐवरेज 10,890 था जो उसे 200 दिनों के मूविंग ऐवरेज 10,889 से ज्यादा था।

आईसीआईसीआई डायरेक्ट ने सोमवार को जारी एक नोट में कहा, ‘निफ्टी के 50 शेयरों में आधे (25) शेयरों ने 73 प्रतिशत के कलेक्टिव वेटेज के साथ पहले ही गोल्डन क्रॉसओवर बना लिया था। इससे मार्केट की आंतरिक मजबूती का अंदाजा लगता है।’

वैश्विक तेजी
विदेशी बाजारों में तेजी से भी मंगलवार को भारतीय शेयर बाजारों में कारोबार को तेजी मिली। पिछले सप्ताह चीन ने एक्सपोर्ट और बैंकिंग सेक्टर के मजबूत आंकड़े जारिए किए जिससे ज्यादातर एशियाई शेयर बाजारों में तेजी बनी हुई है। निक्केई 0.72 प्रतिशत की तेजी से 22,242 पर जबकि हैंग सेंग और शंघाई शेयर बाजारों में क्रमशः 0.66 प्रतिशत और 1.45 प्रतिशत की उछाल के साथ कारोबार हो रहा था।

कंपनियों के अच्छे तिमाही नतीजे
31 मार्च, 2019 को खत्म हुए पिछले वित्त वर्ष की आखिरी और चौथी तिमाही के नतीजे आने लगे हैं। इन्फर्मेशन टेक्नॉलजी (आईटी) सेक्टर की दो बड़ी कंपनियों टाटा कंस्लटंसी सर्विसेजी (टीसीएस) और इन्फोसिस ने शुक्रवार को बेहतरीन नतीजे पेश किए जिससे इस अर्निंग सीजन की अच्छी शुरुआत हुई। भारतीय बाजार के प्रति निवेशकों का भरोसा इससे भी बढ़ा है।

गूगल और ऐपल से TikTok ऐप डिलीट करना होगा, सरकार ने कहा

बेंगलुरु ।केंद्र सरकार ने गूगल और ऐपल से कहा है कि वे अपने ऐप स्टोर्स से पॉप्युलर चाइनीज शॉर्ट-विडियो मोबाइल ऐप्लीकेशन TikTok को हटा लें। यह जानकारी इस मामले से जुड़े दो लोगों ने दी है। सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को मद्रास हाई कोर्ट की तरफ से इस ऐप पर लगाई गई पाबंदी पर स्टे देने से इनकार कर दिया था और इसके बाद मिनिस्ट्री ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स ऐंड इंफॉर्मेशन टेक्नॉलजी ने यह कदम उठाया है।

सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अगुवाई वाली बेंच ने इस मामले की सुनवाई की अगली तारीख 22 अप्रैल रखी है, क्योंकि मद्रास हाई कोर्ट 16 अप्रैल को इस मामले की सुनवाई कर सकता है। घटनाक्रम की जानकारी रखने वाले दोनों लोगों ने बताया कि मिनिस्ट्री ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स ऐंड इंफॉर्मेशन टेक्नॉलजी का ऑर्डर इस ऐप के और डाउनलोड्स को रोकने में मदद करेगा। लेकिन, जिन लोगों ने पहले ही TikTok ऐप को डाउनलोड कर रखा है, वह अपने स्मार्टफोन पर इसका इस्तेमाल कर पाएंगे।

एक व्यक्ति ने बताया, ‘हाई कोर्ट ने सरकार से TikTok ऐप्लीकेशन के डाउनलोड्स को रोकने के लिए कहा है। मिनिस्ट्री, Google और Apple को अपने ऐप स्टोर से ऐप को डिलीट करने को कहकर इसे सुनिश्चित कर रहा है। अब यह कंपनियों पर है कि वह ऐसा करें या ऑर्डर के खिलाफ अपील करें।’ मद्रास हाई कोर्ट की मदुरै बेंच ने 3 अप्रैल को एक ऑर्डर पास करके सरकार को निर्देश दिया था कि TikTok ऐप के डाउनलोड्स को रोका जाए। कोर्ट ने कहा था कि यह चाइनीज ऐप बच्चों के लिए खतरनाक है।

मार्केट एनालिसिस फर्म सेंसर टॉवर के मुताबिक, पहली तिमाही में App Store और Google Play Store में TikTok दुनिया भर में तीसरा सबसे ज्यादा इंस्टॉल किया जाने वाला ऐप रहा। पिछली तिमाही में भी इसकी रैंकिंग इतनी ही थी। TikTok ने मार्च तिमाही में 18.8 करोड़ नए यूजर जोड़े, जिसमें भारत की हिस्सेदारी 8.86 करोड़ यूजर्स की रही। पिछले साल के डेटा के मुताबिक, ऐप के 50 करोड़ यूजर बेस में भारत की हिस्सेदारी 39 फीसदी से ज्यादा है।

45 करोड़ लोगों को मिलेगा नया यूनिक नंबर, जानिए क्यों

नई दिल्ली। आधार नंबर जैसा एक और बड़ा सरकारी कार्यक्रम शुरू होने जा रहा है। आधार की तरह ही एक नए यूनिक नंबर की शुरुआत की जा रही है। यह यूनिक नंबर देश के लगभग 45 करोड़ लोगों को दिए जाएंगे। यह काम देशव्यापी स्तर पर किया जाएगा। नई सरकार के गठन के तुरंत बाद यह काम आरंभ हो जाएगा। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश में श्रम मंत्रालय की देखरेख में इस काम को अंजाम दिया जाएगा।

आधार की तरह ही नया यूनिक नंबर देश के असंगठित क्षेत्रों में काम करने वालों के लिए होगा। श्रम मंत्रालय के एक अनुमान के मुताबिक अभी देश में असंगठित क्षेत्र में काम करने वालों की संख्या 45 करोड़ से अधिक है। मतलब ये वो लोग हैं जिन्हें सरकारी सामाजिक सुरक्षा योजना का कोई लाभ नहीं मिलता।

कुछ समय पहले सुप्रीम कोर्ट ने श्रम मंत्रालय को असंगठित क्षेत्र के कामगारों के पंजीयन करने का निर्देश दिया था। अभी देश में ऐसा कोई आंकड़ा नहीं है जो हमें असंगठित क्षेत्र में काम करने वालों की सटीक जानकारी दे सके और उन कामगारों का ब्योरा दे सके।

39 हजार पार खुला सेंसेक्स, निफ्टी 11,700 के पार

नई दिल्ली। बैंकिंग और मेटल सेक्टर के शेयरों में छाई लिवाली के दम पर भारतीय शेयर बाजार एक दिन पहले की तेजी को बरकरार रखते हुए मंगलवार 16 अप्रैल 2019 को बढ़त के साथ खुले। बंबई स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों का संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 173 अंकों की तेजी के साथ 39,078 अंकों पर और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का 50 शेयरों का संवेदी सूचकांक निफ्टी 51 अंकों की तेजी के साथ 11,741 अंकों पर खुला।

सुबह 9.26 बजे सेंसेक्स 209 अंकों की तेजी के साथ 39,115 अंकों पर और निफ्टी 57 अंकों की तेजी के साथ 11,747 अंकों पर कारोबार कर रहे हैं।सेंसेक्स में शुरुआती कारोबार में बैंकिंग सेक्टर के शेयरों में लिवाली का माहौल बना हुआ है। सुबह 9.27 बजे बैंकिंग सेक्टर 299 अंकों की तेजी के साथ 34,112 अंकों पर कारोबार कर रहा है।

आईसीआईसीआई बैंक के शेयर सबसे ज्यादा 2.79 फीसदी की तेजी के साथ कारोबार कर रहे हैं। सेंसेक्स में रियल्टी सेक्टर को छोड़कर अन्य सभी सेक्टोरियल इंडेक्स बढ़त के साथ कारोबार कर रहे हैं। निफ्टी में भी सभी सेक्टरों में तेजी का माहौल बना हुआ है।

इन शेयरों में तेजी का माहौल
शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स में स्पाइसजेट, टाटा स्टील, दीपक फर्टिलाइजर, पीसी ज्वैलर्स, इंडोस्टार में तेजी का माहौल है। निफ्टी में टाटा मोटर्स, टीसीएस, कोल इंडिया, टाटा स्टील, कोटक बैंक में तेजी का माहौल है।

इन शेयरों में मंदी का माहौल
शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स में आरकॉम, जेट एयरवेज, वक्रांगी, बलरामपुर चीनी मिल्स, अडानी पावर में मंदी का माहौल है। निफ्टी में इंफोसिस, भारती इंफ्राटेल, सनफार्मा, गेल, यस बैंक में मंदी का माहौल है।