Thursday, July 9, 2026
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Stock Market: सेंसेक्स 417 अंक गिरकर 76886 पर, निफ्टी 24 हजार के नीचे बंद

नई दिल्ली। Stock Market Closed, April 28, 2026: एशियाई बाजारों से मिलेजुले रुख के बीच भारतीय शेयर बाजार मंगलवार (28 अप्रैल) को गिरावट में बंद हुए। । एक्सिस बैंक में 3% और एचसीएल टेक में 2% की गिरावट आई। 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 416.72 अंक गिरकर 76,886.91 पर बंद हुआ। वहीं, 50 शेयरों वाला एनएसई निफ्टी 97 अंक गिरकर 23,995.70 पर आ गया।

तीस शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) 200 से ज्यादा अंक गिरकर 77,094 पर खुला। सोमवार को यह 77,303 पर बंद हुआ था। कारोबार के दौरान यह 76,741 अंक तक फिसल गया था। अंत में यह 416.72 अंक या 0.54 फीसदी की गिरावट लेकर 76,886.91 पर बंद हुआ।

इसी तरह, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 (Nifty-50) 24,049 पर खुला। जबकि सोमवार को यह 24100 के ऊपर बंद हुआ था। कारोबार के दौरान यह 23,957 अंक के इंट्रा-डे लो तक गया। अंत में 97 अंक या 0.40 प्रतिशत की गिरावट लेकर 23,995 पर बंद हुआ।

टॉप लूजर एन्ड गेनर्स
सेंसेक्स की कंपनियों में एक्सिस बैंक टॉप लूजर रहा। इसमें 2.65 फीसदी की गिरावट आई। एचसीएल टेक, इंडिगो, मारुति, एसबीआई, इंडियन बैंक, हिंदुस्तान यूनिलीवर, अल्ट्रा सीमेंट, इंफोसिस, एशियन पेण्ट और एचडीएफसी बैंक सबसे ज्यादा गिरावट में रहे। दूसरी तरफ, रिलायंस इंडस्ट्रीज, भारती एयरटेल, सन फार्मा और टेक महिंद्रा बढ़त में रहे।

ब्रोडर मार्केट ने प्रमुख इंडेक्स से बेहतर प्रदर्शन किया। निफ्टी मिडकैप और निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स क्रमशः 0.28 प्रतिशत और 0.42 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुए। सेक्टर के आधार पर निफ्टी पीएसयू बैंक और निफ्टी बैंक का सबसे ज्यादा प्रदर्शन कमजोर रहा। जबकि निफ्टी ऑयल एंड गैस और निफ्टी मेटल ने बेहतर प्रदर्शन किया।

नजराना लेना किन्नरों का कानूनी हक नहीं, इलाहाबाद हाई कोर्ट का फैसला

नई दिल्ली। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने ट्रांसजेंडरों (किन्नरों) के पारंपरिक बधाई उपहारों को लेकर दिए एक अहम आदेश में कहा है कि उनके पास ऐसे उपहार या पारंपरिक भेंट (नजराना) लेने का कोई कानूनी अधिकार नहीं है।

रेखा देवी बनाम उत्तर प्रदेश राज्य के केस में 15 अप्रैल को दिए इस महत्वपूर्ण फैसले में न्यायमूर्ति आलोक माथुर और न्यायमूर्ति अमिताभ कुमार राय की खंडपीठ ने किन्नर रेखा देवी द्वारा अन्य किन्नरों द्वारा कथित रूप से अपने ‘क्षेत्रीय अधिकार क्षेत्र’ के अतिक्रमण के खिलाफ सुरक्षा की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया।

वेबसाइट ‘बार एंड बेंच’ की एक रिपोर्ट के मुताबिक इस केस में याचिकाकर्ता ने तर्क दिया था कि इस प्रकार की वसूली कई सालों से हो रही थी। इसे प्रथागत अधिकार का दर्जा प्राप्त था। हालांकि मामले की सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने फैसला सुनाया कि इस तरह की भेंट लेने का कोई कानूनी आधार नहीं है।

न्यायाधीश ने कहा, ‘कानून के अनुसार ही किसी व्यक्ति से धन, कर, शुल्क या उपकर वसूले जा सकते हैं। इस तरह की अनुमति देने वाला कोई वैध या कानूनी आधार नहीं है।’ कोर्ट ने कहा कि इस मामले में याचिकाकर्ता द्वारा मांगे गए ऐसे अधिकार कानून द्वारा मान्यता प्राप्त नहीं हैं। भारत के संविधान के अनुच्छेद 226 के तहत न्यायालय अपने अधिकार का प्रयोग करते हुए, कानून के समर्थन के बिना याचिकाकर्ता के कृत्यों को वैध नहीं ठहरा सकता।’

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने फैसले देते हुए यह भी कहा कि किसी नागरिक को केवल उतनी ही कर, उपकर या शुल्क का भुगतान करने का निर्देश दिया जा सकता है, जिसे कानून के अनुसार उससे वैध रूप से वसूला जा सकता है। कोर्ट ने याचिका में की गई प्रार्थना को अस्वीकार कर दिया और कहा कि इस प्रकार धन की वसूली को किसी भी तरह से वैध नहीं ठहराया जा सकता।

हाई कोर्ट ने कहा कि यदि याचिकाकर्ता के प्रति किसी प्रकार की नरमी बरती जाती है, तो संभव है कि कई अन्य व्यक्ति या गिरोह सक्रिय हों और व्यक्तियों से जबरन अवैध वसूली कर रहे हों। इस प्रकार की अवैध वसूली को देश में कानून द्वारा कभी भी मान्यता नहीं दी गई है। यह भारतीय न्याय संहिता के तहत एक अपराध है।

इस मामले में अधिवक्ता संगीता वर्मा ने कोर्ट में याचिकाकर्ता का पक्ष रखा। कोर्ट को यह बताया गया था कि याचिकाकर्ता गोंडा जिले के किन्नर समुदाय से संबंध रखता है। वह लंबे समय से एक विशेष क्षेत्र में बकाया वसूलने के अपने पारंपरिक अधिकार का प्रयोग करता आ रहा है। याचिकाकर्ता के वकील ने कोर्ट में बताया कि गोंडा जिले में इसी तरह के किन्नर समुदाय के कुछ और लोग भी रहते हैं जो बधाई का काम करते हैं। वे एक-दूसरे के क्षेत्राधिकार का अतिक्रमण कर रहे हैं, जिसके चलते समुदाय के सदस्यों के बीच शत्रुता और हिंसा पैदा हो रही है।

इस मामले में याचिकाकर्ता ने हिंसा के भय के बिना बधाई का काम जारी रखने को अपना मौलिक अधिकारों बताते हुए उसकी रक्षा के लिए भारत के संविधान के अनुच्छेद 14, 19 और 21 के तहत संरक्षण का दावा किया था। याचिका में बधाई के लिए क्षेत्रों के सीमांकन का निर्देश देने की भी मांग की गई थी।

नहीं किया जा सकता इस प्रथा का संरक्षण
इस याचिका पर सुनवाई के बाद दिए फैसले में हाई कोर्ट ने कहा कि चूंकि बधाई वसूलने का कोई कानूनी अधिकार नहीं है, इसलिए इस प्रथा का संरक्षण नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने ट्रांसजेंडर संरक्षण कानून में हाल ही में हुए परिवर्तनों पर भी ध्यान दिया।

कोर्ट ने कहा- ‘हमने पाया है कि ट्रांसजेंडर व्यक्ति (अधिकार संरक्षण) अधिनियम, 2019 के प्रावधानों के अनुसार भी ऐसे किसी अधिकार के संरक्षण की मांग नहीं की गई है, हालांकि उक्त अधिनियम में ट्रांसजेंडर व्यक्ति को अपना लिंग निर्धारित करने का अधिकार दिया गया है। भारत की संसद में 2026 का एक नया विधेयक विचाराधीन है, जो किसी व्यक्ति के लिंग निर्धारण के संबंध में 2019 के अधिनियम से काफी भिन्न है।’

चांदी के भाव 5000 रुपये से अधिक गिरे; सोना भी हुआ सस्ता, जानिए आज के भाव

नई दिल्ली। Gold Silver Price Today : शादियों के सीजन में बड़ी खबर सोने-चांदी के भाव को लकर आ रही है। आज सर्राफा बाजारों में सोना-चांदी के रेट में भारी गिरावट है। 28 अप्रैल को 24 कैरेट गोल्ड का भाव 1629 रुपये सस्ता हो गया है। आज यह 159557 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया है। चांदी 5381 रुपये सस्ती होकर 238339 रुपये प्रति किलो पर आ गई है।

आईबीजेए के मुताबिक आज 10 ग्राम 22 कैरेट गोल्ड के भाव 1492 रुपये सस्ता होकर 136994 रुपये पर आ गया है। इस पर 3 प्रतिशत जीएसटी नहीं लगा है। जीएसटी समेत यह 141103 रुपये का पड़ेगा। 18 कैरेट गोल्ड का रेट भी आज 1222 टूटकर बिना जीएसटी 112168 रुपये हो गया है। जीएसटी के साथ इसका भाव 115533 रुपये हो जाएगा।

सर्राफा बजारों में आज 23 कैरेट गोल्ड की कीमत 1623 रुपये गिरकर 148958 रुपये पर पहुंच गई है। जबकि, 14 कैरेट गोल्ड की कीमत 953 रुपये कम होकर 87491 रुपये प्रति 10 ग्राम है। आईबीजेए दिन में दो बार रेट जारी करता है। एक बार दोपहर 12 या सवा 12 बजे के करीब दूसरा 5 बजे के आसपास। अभी यह रेट दोपहर सवा 12 बजे वाला है।

IBJA रेट के मुताबिक अब सोना सर्राफा मार्केट के अपने ऑल टाइम हाई 176121 से 26564 रुपये सस्ता हो गया है। जबकि, चांदी के भाव में ऑल टाइम हाई से 1447594 रुपये की गिरावट दर्ज की गई है। अगर युद्ध के बीच की बात करें तो सोना अबतक 9540 रुपये और चांदी 29561 रुपये गिर चुकी है।

क्यों गिरे सोने-चांदी के दाम
युद्ध के बीच सर्राफा बाजार में सोने-चांदी गिरती की कीमतों के कारणों के बारे में केडिया कमोडिटिज के प्रेसीडेंट अजय केडिया ने बताया कि बाजार नियामकों ने सोने के कारोबार में मार्जिन की दरें बढ़ा दी हैं, जिसका सीधा असर छोटे निवेशकों पर पड़ा है। ऊंची मार्जिन के चलते सट्टेबाजी करने वालों की संख्या में कमी आई है। कीमतों में अब नरमी है।

एसएसआई एसोसिएशन के शपथग्रह में हुई कोटा के औद्योगिक विकास पर चर्चा

कोटा। एसएसआई एसोसियेशन के वर्ष 2026-27 के नवनिर्वाचित गवर्निंग बोर्ड का भव्य ‘इंस्टालेशन सेरेमनी’ बूंदी रोड स्थित एकरिसॉर्ट में संपन्न हुई। जिसमें संगठन की एकता के साथ कोटा के औद्योगिक परिदृश्य में सहयोग और विकास पर विस्तार से चर्चा हुई। कार्यक्रम में कोटा के औद्योगिक जगत से जुड़े 1000 से अधिक उद्यमी और गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।

​समारोह के मुख्य अतिथि डीसीएम श्रीराम कोटा के कार्यकारी निदेशक विनू मेहता थे। नवनिर्वाचित टीम को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाने के उपरांत अपने संबोधन में मेहता ने सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों को बड़े उद्योगों की रीढ़ बताया। उन्होंने एसएसआई सदस्यों को डीसीएम श्रीराम में ‘इंडस्ट्रियल विजिट’ के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि बड़े उद्योगों और एमएसएमई के बीच बेहतर तालमेल के लिए वेंडर डेवलपमेंट प्रोग्राम समय की मांग है। इससे न केवल गुणवत्ता में सुधार होगा, बल्कि स्थानीय आपूर्ति श्रृंखला भी सशक्त होगी।

​संस्था के फाउंडर प्रेसिडेंट गोविंद राम मित्तल ने राज्य सरकार की नीतियों की सराहना करते हुए कहा कि वर्तमान में एमएसएमई सेक्टर के लिए नई योजनाएं निवेश के द्वार खोल रही हैं। इसी विजन को आगे बढ़ाते हुए नवनियुक्त अध्यक्ष दीपक मेहता ने अपने स्वीकृति भाषण में आगामी कार्यकाल की प्राथमिकताओं को रेखांकित किया। ‘

​संस्था के सचिव समीर सूद ने पूर्व अध्यक्षों के मार्गदर्शन की महत्ता बताई, तो वहीं कोषाध्यक्ष राहुल जैन ने जानकारी दी कि संस्था की सक्रियता को देखते हुए 100 से अधिक नए सदस्यता आवेदन प्राप्त हुए हैं। प्रोजेक्ट चेयरमैन कपिल जैन ने शहर से दूर होने के बावजूद भारी संख्या में सदस्यों की उपस्थिति को आयोजन की सफलता का पैमाना बताया।

​अंत में प्रेस समन्वयक संजय गोयल ने भविष्य की बड़ी योजना का खुलासा करते हुए बताया कि अगले माह कोटा, बूंदी, बारां और झालावाड़ के एमएसएमई के लिए एक विशाल बिजनेस कॉन्क्लेव आयोजित किया जाएगा।

देहदान के संकल्प से चिकित्सा शिक्षा को मिला संबल, दंपत्ति ने की पहल

कोटा। चिकित्सा शिक्षा और शोध कार्य को सशक्त बनाने की दिशा में एक सराहनीय पहल करते हुए श्री महर्षि दधीचि छात्रावास समिति, कोटा द्वारा न्यू मेडिकल कॉलेज के एनाटॉमी विभाग को देहदान के संकल्प पत्र सौंपे गए।

समिति के अध्यक्ष रविन्द्र जोशी ने बताया कि यह संकल्प पत्र विभागाध्यक्ष डॉ. प्रतिमा जायसवाल एवं डॉ. शिव राठौर को सौंपे गए, जिसमें दाधीच समाज के डॉ. प्रभाकर व्यास की भी महत्वपूर्ण उपस्थिति रही।

इस अवसर पर समिति के उपाध्यक्ष कौशल किशोर, कोषाध्यक्ष सुनील कुमार शर्मा तथा मीडिया प्रभारी अमित दाधीच सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे। सौंपे गए संकल्प पत्र देहदानी दंपत्ति ओम प्रकाश मित्तल (71) एवं उनकी पत्नी अंजना मित्तल के हैं, जिन्होंने समाज के सामने एक अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया है।

समिति के मुख्य सलाहकार नरेन्द्र मोहन दाधीच ने बताया कि पूर्व में महेन्द्र दाधीच द्वारा भरे गए देहदान संकल्प पत्र की खबर से प्रेरित होकर यह दंपत्ति भी इस पुनीत कार्य के लिए आगे आया। अध्यक्ष रविन्द्र दाधीच ने बताया कि समिति ने अभी तक 2 देहदान कोटा एवं बूंदी से करवाएं है तो 4 लोगो ने देहदान का संकल्प पत्र मेडिकल कॉलेज को सौपे है।

डॉ. प्रतिमा जायसवाल ने कहा कि देहदान ‘महादान’ है, जो चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान में अत्यंत उपयोगी सिद्ध होता है। इससे भविष्य के चिकित्सकों को अध्ययन में सहायता मिलती है और अप्रत्यक्ष रूप से अनेक लोगों को जीवनदान मिलने की संभावनाएं बढ़ती हैं।

प्राचीन जैन तीर्थों, मंदिरों एवं ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण को लेकर समाज एकजुट

कोटा। प्राचीन जैन तीर्थों, मंदिरों एवं ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण हेतु समर्पित श्री भारतवर्षीय दिगम्बर जैन तीर्थ संरक्षिणी महासभा के तत्वावधान में 27 अप्रैल को जैन धरोहर दिवस विज्ञान नगर स्थित जैन मंदिर में श्रद्धा और जागरूकता के वातावरण में आयोजित किया गया।

संरक्षक राजमल पाटौदी ने बताया कि प्रात 9 बजे मंगलाचरण से कार्यक्रम प्रारंभ हुआ। कार्यक्रम में मंदिर एवं मूर्ति संरक्षण हेतु राजकुमार चांदवाड़, ईश्वर सोनी एवं निखलेश सेठी द्वारा आर्थिक सहयोग भी प्रदान किया गया। संचालन पी के हरसोरा ने किया।

स्वागत भाषण में पुरातत्व संयोजक जे.के. जैन ने बताया कि महासभा विगत 125 वर्षों से निरंतर इस दिशा में कार्यरत है। उन्होंने देवली क्षेत्र में जिन बिम्बों के संरक्षण हेतु महासभा एवं समाज के संयुक्त प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि इस वर्ष देशभर में 600 स्थानों पर जैन धरोहर दिवस मनाया जा रहा है। साथ ही पूर्व अध्यक्ष निर्मल कुमार सेठी को विनम्र विन्याजलि अर्पित की गई।

परम संरक्षक विमल जैन नांता ने समाज की एकजुटता पर बल देते हुए मंदिरों एवं मूर्तियों के संरक्षण में सक्रिय सहयोग का आह्वान किया। सकल दिगम्बर जैन समाज के महामंत्री पदम बड़ला ने कहा कि जैन मंदिरों की सुरक्षा ही समाज की सुरक्षा है और इसे पवित्र दायित्व बताया।

निखलेश सेठी ने सुझाव दिया कि 18 मई, अंतरराष्ट्रीय संग्रहालय दिवस के अवसर पर कोटा संग्रहालय में संरक्षित प्राचीन मूर्तियों को समाज के समक्ष प्रदर्शित कर उनकी जानकारी दी जानी चाहिए।

मुख्य वक्ता आर.के. जैन ने बिलासगढ़, अटरू एवं शेरगढ़ क्षेत्रों में स्थित हजारों वर्ष प्राचीन मूर्तियों का उल्लेख करते हुए बताया कि वर्ष 2025 में इन्हें पुरातत्व विभाग के संरक्षण में लिया गया है।

महासभा के अध्यक्ष नरेश पांड्य एवं महामंत्री राकेश चपलमन ने जानकारी दी कि कार्यक्रम में श्री आदिनाथ जैन मंदिर, बालिता द्वारा शेरगढ़ से प्राप्त अतिप्राचीन मूलनायक भगवान पार्श्वनाथ की प्रतिमा विराजित करने पर सम्मान किया गया। साथ ही श्री पंचायत बघेरवाल महावीरजी नेमीश्वर, टिपटा गढ़ पैलेस को प्राचीनता के बावजूद नियमित पूजन-अर्चन बनाए रखने हेतु सम्मानित किया गया।

संरक्षक राजमल पाटौदी ने अपने संबोधन में कहा कि महासभा की यह शाखा लंबे समय से प्राचीन जैन तीर्थों, मंदिरों, मूर्तियों एवं ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण, सर्वेक्षण, जीर्णोद्धार एवं संवर्धन में सक्रिय भूमिका निभा रही है, जिससे आने वाली पीढ़ियां इस समृद्ध धार्मिक विरासत से लाभान्वित हो सकें।

इस अवसर पर चित्र अनावरण का सौभाग्य श्रवण कुमार बड़जात्या को तथा दीप प्रज्वलन संजय पांड्या द्वारा किया गया। कार्यक्रम में संरक्षक राजमल पाटौदी, पुरातत्व संयोजक जे.के. जैन, महासभा अध्यक्ष नरेश पांड्य, महामंत्री राकेश चपलमन, कार्याध्यक्ष राजेन्द्र गोधा, कोषाध्यक्ष जीवंधर सोगानी,मनोज जैसवाल,सुरेश हरसोरा,तारा चंद बडला, जिनेंद्र जैन (जज साहब), पंकज सेठी, अशोक पहाडिया सहित सकल दिगम्बर जैन समाज के अनेक गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।

NEET UG: नीट यूजी 2026 का एडमिट कार्ड जारी, 3 मई को होगा इम्तिहान

नई दिल्ली। आखिरकार खत्म हो गया है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा, नीट यूजी 2026 का एडमिट कार्ड आधिकारिक तौर पर जारी कर दिया है। इस साल 3 मई को होने वाले इस महा-इम्तिहान के लिए 22 लाख से भी ज्यादा उम्मीदवारों ने अपना रजिस्ट्रेशन कराया है।

आधिकारिक वेबसाइट neet.nta.nic.in पर जाकर छात्र अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं। एडमिट कार्ड के आते ही अब अंतिम दौर की तैयारियों ने भी रफ्तार पकड़ ली है। इम्तिहान का थोड़ा प्रेशर तो है, लेकिन साथ ही अपने सपनों को सच करने की एक नई उम्मीद भी है।

1:30 बजे के बाद नहीं मिलेगी एंट्री
परीक्षा के दिन वक्त की पाबंदी का सबसे ज्यादा ख्याल रखना होगा। यह परीक्षा एक ही पाली (शिफ्ट) में दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक चलेगी। लेकिन ध्यान देने वाली बात यह है कि उम्मीदवारों को परीक्षा शुरू होने से काफी पहले पहुंचना होगा।

  • एंट्री का समय: सेंटर्स पर छात्रों की एंट्री सुबह 11 बजे से ही शुरू हो जाएगी।
  • अंतिम प्रवेश: दोपहर 1:30 बजे तक ही छात्रों को अंदर जाने की इजाजत मिलेगी। इसके बाद किसी भी हाल में एंट्री नहीं दी जाएगी।

मतलब बिल्कुल साफ है कि परीक्षा शुरू होने से ठीक एक घंटा पहले गेट हमेशा के लिए बंद कर दिए जाएंगे। इसलिए बेहतर यही होगा कि आप ट्रैफिक जाम या किसी और आखिरी मिनट की परेशानी से बचने के लिए समय से पहले ही अपने सेंटर पर पहुंच जाएं। सुरक्षा और बिना किसी झंझट के परीक्षा कराने के मकसद से एनटीए ने इस बार नियमों को काफी सख्त रखा है।

एग्जाम हॉल के अंदर किन बातों का रखें ख्याल?

  • इम्तिहान पूरी तरह से पेन और पेपर मोड (ऑफलाइन) में होगा। जब आपको परीक्षा कक्ष के अंदर प्रश्न पत्र मिले, तो जल्दबाजी बिल्कुल न करें।
  • सबसे पहले यह जरूर चेक कर लें कि वो उसी भाषा (अंग्रेजी, हिंदी या क्षेत्रीय भाषा) में है, जिसे आपने फॉर्म भरते वक्त चुना था।
  • तसल्ली करने के बाद ही पेपर हल करना शुरू करें।
  • इसके अलावा, ओएमआर (OMR) शीट भरते वक्त बेहद सावधानी बरतें।
  • अपना रोल नंबर, पेपर का कोड, प्रश्न पत्र नंबर और बाकी सारी अपनी निजी जानकारी बहुत ही इत्मीनान के साथ भरें।
  • ओएमआर में हुई एक छोटी सी गलती आपकी सालों की मेहनत पर पानी फेर सकती है।

परीक्षा का पैटर्न और नेगेटिव मार्किंग
चलिए अब बात करते हैं पेपर के पैटर्न और मार्किंग स्कीम की। इस इम्तिहान में कुल 180 बहुविकल्पीय (ऑब्जेक्टिव) सवाल पूछे जाएंगे।

  • विषयवार सवाल: फिजिक्स के 45, केमिस्ट्री के 45 और बायोलॉजी (बॉटनी और जूलॉजी मिलाकर) के 90 सवाल होंगे।
  • कुल अंक: यह पूरा पेपर 720 अंकों का होगा।
  • मार्किंग स्कीम: हर सही जवाब पर आपको 4 नंबर मिलेंगे, लेकिन अगर आपने कोई जवाब गलत दिया, तो नेगेटिव मार्किंग के तहत 1 नंबर काट लिया जाएगा।

इसी नीट यूजी के स्कोर के आधार पर ही देश भर में एमबीबीएस, बीडीएस, बीएएमएस, बीएचएमएस, बीयूएमएस, बीएसएमएस और बीएससी नर्सिंग जैसे अहम मेडिकल कोर्सेज में दाखिला दिया जाता है।

आखिरी वक्त में छात्रों को यही सलाह है कि नया कुछ पढ़ने के बजाय अपने रिवीजन पर ज्यादा जोर दें। एडमिट कार्ड का स्पष्ट प्रिंट आउट निकाल लें और उसमें दिए गए सभी निर्देशों को कम से कम दो बार जरूर पढ़ लें। एग्जाम सेंटर पर अपना एडमिट कार्ड, पासपोर्ट साइज फोटो और एक वैलिड आईडी प्रूफ साथ ले जाना बिल्कुल न भूलें। खुद पर भरोसा रखें और बिना किसी घबराहट के अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें।

सरकार कर रही पेट्रोल-डीजल और एलपीजी में मिलावट, कहां गया मिलावट खोरी कानून


पेट्रोल में एथनॉल, डीजल में आइसोब्यूटाइल और एलपीजी में डाइमिथाइल ईथर की मिलावट

नई दिल्ली। पश्चिम एशिया तनाव के बीच ऊर्जा सुरक्षा बढ़ाने और आयात पर निर्भरता कम करने के लिए सरकार ने ब्लेंडेड डीजल और कमर्शियल LPG की शुरुआत की दिशा में अहम कदम उठाए हैं। एक तरफ तो सरकार मिलावट रोकने के लिए व्यापारियों और पेट्रोल पम्पों पर कार्रवाई करती है।

अब सरकार खुद ही पेट्रोल और डीजल में मिलावट कर रही है। अब रही सही असर एलपीजी में डीएमई मिलाने की बात कह रही है। जब खुद ही सरकार मिलावट करेगी तो मुनाफे के लिए मिलावट करने वाले ट्रेडर्स को कैसे रोकेगी। जनता के लिए कानून है और सरकार के लिए नहीं। पता चला है कि भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) इन ईंधनों के लिए गुणवत्ता मानकों को अंतिम रूप देने में जुटा है।

BIS उन मानकों को अंतिम रूप दे रहा है, जिनके तहत डीजल में 10% आइसोब्यूटाइल अल्कोहल (IBA) मिलाया जाएगा। IBA एक ज्वलनशील लिक्विड है, जो आमतौर पर अनाजों से बनता है। रिफाइनरियों और ट्रांसपोर्ट इंडस्ट्रीज से मिले सुझावों के आधार पर ये मानक तैयार किए जा रहे हैं।

15 जून 2026 तक यह मानक जारी होने की उम्मीद है। BIS की टीम स्अेक होल्डर्स के साथ लगातार बैठकें कर रही है। आयातित क्रूड पर निर्भरता घटेगी और किसानों व ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नया बाजार मिल सकता है।

सरकार ने कमर्शियल उपयोग के लिए DME (डाइमिथाइल ईथर) मिले LPG के मानकों को भी अंतिम रूप दे दिया है। DME प्राकृतिक गैस, कोयला और बायोमास से बनाया जा सकता है। इसके नोटिफिकेशन की संभावित तिथि 15 मई 2026 है। इस दिन संशोधित मानक जारी करने की संभावना है।

घरेलू LPG सिलेंडरों में अभी मिश्रण नहीं किया जाएगा। यह केवल होटल, रेस्टोरेंट, उद्योगों जैसे कमर्शियल यूजर के लिए होगा। अधिकारियों के अनुसार, DME मिश्रण घरेलू खाना पकाने के लिए फिलहाल उपयुक्त नहीं है।

ब्लेंडेड डीजल के मसौदा मानक (Draft Standard) को भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन (BPCL) के डॉ. भारत नेवलकर की अगुवाई वाले वर्किंग ग्रुप ने तैयार किया है। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने फ्यूल कैरेक्टराइजेशन स्टडी किए, जिसके बाद और सैंपल टेस्ट किए गए। अंतिम अधिसूचना से पहले मानकों का ड्राफ्ट सार्वजनिक सुझावों के लिए जारी किया जाएगा।

बता दें ऑटोमोटिव को छोड़कर घरेलू, कमर्शियल, इंडस्ट्रियल इस्तेमाल के लिए भारत के पास पहले से LPG मिश्रण के लिए एक मानक मौजूद है, लेकिन इसे लागू नहीं किया गया था। अब सरकार ने इसे केवल कमर्शियल इस्तेमाल के लिए प्राथमिकता देते हुए संशोधन का फैसला किया है।

पश्चिम एशिया संकट का असर
28 अप्रैल 2026 तक होर्मुज स्ट्रेट पर कोई बड़ी बातचीत नहीं हुई है। होर्मुज स्ट्रेट बंद होने से एशियाई देशों का तेल-गैस आयात ठप है। भारत, चीन, जापान रूस-वेनेजुएला-अफ्रीका से नए सौदे कर रहे हैं। एशियाई देश अपने भंडार पर तीन-चार महीने चल सकते हैं, उसके बाद स्थिति गंभीर हो जाएगी। ऐसे में सरकारें ऊर्जा संकट से निपटने के लिए तरह-तरह के उपाय कर रहीं हैं। भारत की यह तैयारी भी इसी संकट से निपटने के लिए हो रही है।

Stock Market: तेजी पर ब्रेक; सेंसेक्स 208 अंक नीचे खुला, निफ्टी भी लाल

नई दिल्ली। Stock Market, 28 April 2026 : घरेलू शेयर मार्केट की शुरुआत आज मंगलवार को लाल निशान के साथ हुई। बीएसई का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 208 अंकों के नुकसान के साथ 77094 के लेवल पर खुला। जबकि, एनएसई का 50 स्टॉक्स वाला बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 42 अंक टूटकर 24049 के लेवल पर खुला।

ग्लोबल मार्केट के संकेत

एशियन मार्केट
एशियाई बाजारों में मिलाजुला कारोबार हुआ। जापान का निक्केई 225 0.49 प्रतिशत गिर गया, जबकि टॉपिक्स 0.23 प्रतिशत प्राप्त हुआ। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 0.1 प्रतिशत बढ़ा, जबकि कोस्डैक 0.92 प्रतिशत गिर गया। हांगकांग हैंग सेंग इंडेक्स फ्यूचर्स ने कम खुलने का संकेत दिया।

गिफ्ट निफ्टी टुडे
गिफ्ट निफ्टी 24,051 के आसपास कारोबार कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले बंद भाव से करीब 69 अंकों की छूट है, जो भारतीय शेयर बाजार सूचकांकों के लिए नकारात्मक शुरुआत का संकेत देता है।

वॉल स्ट्रीट
अमेरिकी शेयर बाजार सोमवार को मिश्रित बंद हुए। डॉऊ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 62.67 अंक या 0.13 प्रतिशत गिरकर 49,168.04 पर आ गया, जबकि एसएंडपी 500 8.85 अंक या 0.12 प्रतिशत बढ़कर 7,173.93 पर पहुंच गया। नैस्डैक कंपोजिट 50.50 अंक या 0.20 प्रतिशत बढ़कर 24,887.10 पर बंद हुआ।

कच्चे तेल की कीमतें
शेयर मार्केट की चाल पर कच्चे तेल की कीमतों का असर देखने को मिल सकता है। जून के लिए ब्रेंट क्रूड वायदा 0.95 प्रतिशत बढ़कर 109.23 डॉलर प्रति बैरल हो गया, जबकि जून के लिए यूएस वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई) क्रूड 0.92 प्रतिशत बढ़कर 97.29 डॉलर हो गया।

जयपुर में ग्रेट इंडियन ट्रेवल बाजार में हाड़ौती के पर्यटन स्थलों का प्रचार-प्रसार

होटल फेडरशन ने पर्यटन मंत्री को जनवरी में प्रस्तावित कोटा हाड़ोती ट्रैवल मार्ट का प्रस्ताव सौंपा

कोटा। जयपुर के सीतापुरा रीको इंडस्ट्रियल एरिया स्थित JECC में आयोजित “ग्रेट इंडियन ट्रेवल बाजार” का उद्घाटन सोमवार को राज्य की उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री दिया कुमारी द्वारा किया गया।

इस अवसर पर होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान के अध्यक्ष हुसैन खान, सचिव रणविजय सिंह, कोटा डिवीजन के अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी एवं सवाई माधोपुर के अध्यक्ष हाजी अहतशामुद्दीन ने उनका स्वागत किया। साथ ही, जनवरी 2027 में कोटा में प्रस्तावित “कोटा हाड़ौती ट्रेवल मार्ट के आयोजन का प्रस्ताव एवं बारां में पर्यटन कार्यालय स्थापित करने संबंधी ज्ञापन भी सौंपा गया।

होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान, कोटा डिवीजन के अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी ने बताया कि कोटा हाड़ौती ट्रेवल मार्ट 2026 की ऐतिहासिक सफलता के बाद हाड़ौती क्षेत्र में पर्यटकों की संख्या में निरंतर वृद्धि हो रही है। उन्होंने कहा कि इस आयोजन को प्रतिवर्ष कोटा में आयोजित किया जाना अत्यंत आवश्यक है, जिससे हाड़ौती पर्यटन को निरंतर गति मिल सके।

साथ ही वर्तमान में बारां जिले में पर्यटन विभाग का कोई स्थायी कार्यालय स्थापित नहीं है, जिसके कारण इन सभी महत्वपूर्ण स्थलों का समुचित विकास, संरक्षण एवं प्रचार-प्रसार नहीं हो पा रहा है। पर्यटकों को आवश्यक मार्गदर्शन, सूचना एवं सुविधाएँ उपलब्ध कराने में भी कठिनाई आती है ।

“ग्रेट इंडियन ट्रेवल बाजार” के अवलोकन के दौरान होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान के अध्यक्ष हुसैन खान एवं कोटा डिवीजन के अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी एवं उनकी टीम ने देशभर से आए टूर ऑपरेटर्स तथा 52 देशों से आए लगभग 220 विदेशी टूर ऑपरेटर्स से संपर्क कर हाड़ौती के पर्यटन स्थलों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया।

इसके साथ ही, देशभर से आए लगभग 200 स्टॉल्स पर जाकर जनवरी 2027 में प्रस्तावित “कोटा हाड़ौती ट्रेवल मार्ट” के भव्य आयोजन की जानकारी दी गई तथा सहभागिता हेतु आमंत्रित किया गया।

इस ट्रेवल बाजार में देश के लगभग 20 राज्यों के पर्यटन विभागों की भव्य स्टॉल्स लगाई गई थीं, जिनमें दिल्ली, तमिलनाडु, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, गोवा, ओडिशा, पंजाब, केरल, असम सहित कई राज्यों की सहभागिता रही।

माहेश्वरी ने बताया कि इस अवसर पर सभी प्रतिभागियों को हाड़ौती के पर्यटन स्थलों की विस्तृत जानकारी युक्त स्मारिका (Souvenir) एवं फोल्डर वितरित किए गए। आगंतुकों ने हाड़ौती के पर्यटन स्थलों को बेहद खूबसूरत और उभरते हुए पर्यटन गंतव्य के रूप में सराहा।