बिकवाली से निवेशकों को चंद मिनटों में करीब 4 लाख करोड़ रुपये का नुकसान
नई दिल्ली। Stock Market Update: पश्चिम एशिया में संकट के गहराने के कारण दुनियाभर के शेयर बाजारों में गिरावट आई है। इसका असर घरेलू शेयर बाजार में भी देखने को मिल रहा है। लगातार पांचवें दिन आज शेयर बाजार गिरावट के साथ खुला है।
बेंचमार्क सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी 50 लगभग 1 प्रतिशत तक लुढ़क गए। बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स करीब 800 अंक से अधिक यानी 1% टूटकर 75,535 के दिन के निचले स्तर पर पहुंच गया।
वहीं निफ्टी 50 ने 250 अंक यानी 1% गिरकर 23,619 का दिन का निचला स्तर छुआ। यह गिरावट बाजार के सभी हिस्सों में देखी गई। निफ्टी मिडकैप 100 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 सूचकांक भी लगभग 1 प्रतिशत नीचे बंद हुए।
इस भारी बिकवाली से निवेशकों को चंद मिनटों में करीब 4 लाख करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। बीएसई पर लिस्टेड कंपनियों का कुल मार्केट कैप पिछले सत्र के लगभग 477 लाख करोड़ रुपये से घटकर 473 लाख करोड़ रुपये पर आ गया।
शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स में 500 अंक से ज्यादा गिरावट आई है जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 इंडेक्स भी 23,700 के करीब पहुंच गया। सुबह 9.20 बजे सेंसेक्स 502.78 अंक यानी 0.66% गिरावट के साथ 75,888.61 अंक पर ट्रेड कर रहा था।
निफ्टी भी 124.75 अंक यानी 0.52% फिसलकर 23,744.85 अंक पर आ गया। इस बीच डॉलर के मुकाबले आज रुपया 0.06% कमजोर होकर 96.63 पर खुला। पिछले सत्र में यह 96.5725 पर बंद हुआ था।
सेंसेक्स के 30 में से 29 शेयर गिरावट के साथ खुले। इन्फोसिस में सबसे ज्यादा गिरावट रही। इसके अलावा भारती एयरटेल, इटरनल, इंडिगो, टाटा स्टील, बजाज फाइनेंस, अल्ट्राटेक सीमेंट, बजाज फिनसर्व, एचडीएफसी बैंक, एशियन बैंक, मारुति, लार्सन एंड टुब्रो, ट्रेंट और अडानी पोर्ट्स में भी उल्लेखनीय गिरावट आई है। दूसरी ओर केवल एचसीएल टेक का शेयर तेजी के साथ खुला।
शेयर बाजार के लिए ग्लोबल मार्केट के संकेत
एशियाई बाजार : कच्चे तेल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंचने से एशियाई बाजारों में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई। जापान का निक्केई 225 2.85 प्रतिशत गिर गया, जबकि टॉपिक्स 1.35 प्रतिशत गिर गया। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 2.91 प्रतिशत फिसल गया, जबकि कोस्डैक 2.64 प्रतिशत गिर गया। हांगकांग के हैंग सेंग इंडेक्स फ्यूचर्स ने कम खुलने का संकेत दिया।
गिफ्ट निफ्टी टुडे: गिफ्ट निफ्टी 23,705 के आसपास कारोबार कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले बंद भाव से करीब 169 अंकों की छूट है। यह भारतीय शेयर मार्केट के सूचकांकों के लिए गैप-डाउन शुरुआत का संकेत देता है।
अमेरिका-ईरान युद्ध: अमेरिकी सेना ने कहा है कि उसने ईरान पर अपने ताजा हमलों को पूरा कर लिया है, जो अमेरिकी हमलों की लगातार 13वीं रात है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार, हमलों की नवीनतम लहर दो घंटे से अधिक समय तक चली।
ट्रंप टैरिफ: अमेरिका ने धारा 301 के तहत कई देशों पर 10 प्रतिशत और 12.5 प्रतिशत के नए टैरिफ स्लैब की घोषणा की, जिसमें भारत को कम 10 प्रतिशत टैरिफ श्रेणी में रखा गया है। अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (यूएसटीआर) ने 60 देशों पर 10 प्रतिशत से 12.5 प्रतिशत तक टैरिफ की घोषणा की है।
जापान की मुद्रास्फीति: जापान की मुख्य मुद्रास्फीति जून में बढ़ी, लेकिन लगातार पांचवें महीने के लिए केंद्रीय बैंक के 2 प्रतिशत लक्ष्य से नीचे रही। मुख्य उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) एक साल पहले की तुलना में जून में 1.6 प्रतिशत बढ़ा, जो औसत बाजार की अपेक्षा से मेल खाता है और मई में 1.4 प्रतिशत की वृद्धि से तेज हो रहा है।
कच्चे तेल की कीमतें: क्रूड ऑयल की कीमतों में साप्ताहिक तेजी देखने को मिली। ब्रेंट 7 प्रतिशत बढ़कर 100 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गया और गुरुवार को डब्ल्यूटीआई 6.2 प्रतिशत बढ़ गया।

