रोटरी क्लब कोटा ने की नए सत्र शुरुआत, वर्ष भर चलेंगे रक्त जागृति और जनसेवा अभियान
कोटा। समाज सेवा की 67 वर्षों की गौरवशाली परंपरा को आगे बढ़ाते हुए रोटरी क्लब कोटा ने वर्ष 2026-27 के नए सत्र का विधिवत् पूजन के साथ भव्य शुभारंभ किया।
नवनियुक्त अध्यक्ष लक्ष्मण सिंह खींची एवं सचिव मुकेश चौधरी ने अपनी नई टीम के साथ गुरुवार को पौधारोपण कर आधिकारिक रूप से पदभार ग्रहण करेंगे। रोटरी टीम ने बुधवार को मीडिया से बात करते हुए इस गौरवमयी वर्ष को समाजहित में समर्पित करने की बात कही। साथ ही, आगामी वर्षभर की कई महत्वाकांक्षी सेवा योजनाओं की घोषणा भी की।
अध्यक्ष लक्ष्मण सिंह खींची ने बताया कि क्लब हमेशा से ही कोटा की जनता के स्वास्थ्य और शिक्षा के लिए अग्रणी रहा है। इसी क्रम में जेके लोन अस्पताल के निकू-पीकू वार्ड, न्यू मेडिकल कॉलेज के फिजियोथेरेपी सेंटर और देवनारायण रोटरी पब्लिक स्कूल जैसी स्थायी परियोजनाएं निरंतर संचालित रहेंगी। इसके साथ ही, गोबरिया बावड़ी स्थित मानव सेवा हॉस्पिटल में क्लब द्वारा स्थापित छह डायलिसिस मशीनों के जरिए जरूरतमंद मरीजों को निशुल्क डायलिसिस सेवा दी जाती रहेगी।
निवर्तमान अध्यक्ष मनोज सोनी ने बताया कि शिक्षा के क्षेत्र में क्लब द्वारा संचालित प्रकल्प देवनारायण रोटरी पब्लिक स्कूल में न्यूनतम शुल्क पर गुणवत्तापूर्ण अंग्रेजी माध्यम की शिक्षा दी जा रही है। स्कूल को कक्षा 10वीं तक क्रमोन्नत करने के लिए केडीए के सहयोग से एक और मंजिल बनवाने तथा बच्चों के लिए खेल मैदान तैयार करवाने का आग्रह किया गया है।
’रक्त जागृति अभियान’ और स्कूलों में स्वास्थ्य चेतना: सचिव मुकेश चौधरी ने बताया कि इस वर्ष क्लब का सबसे प्रमुख संकल्प “रक्त जागृति अभियान” रहेगा। इसके तहत नियमित रक्तदान शिविरों के साथ-साथ युवाओं और आमजन को रक्तदान के महत्व के प्रति जागरूक करने के लिए व्यापक जनसंपर्क कार्यक्रम चलाए जाएंगे।
फास्ट फूड और जंक फूड से होने वाले नुकसान: क्लब के प्रवक्ता संजय गोयल ने जानकारी दी कि सरकारी विद्यालयों में विशेष अभियान चलाकर बच्चों को फास्ट फूड और जंक फूड से होने वाले गंभीर नुकसानों के प्रति जागरूक किया जाएगा। साथ ही विद्यार्थियों के लिए शुगर व नेत्र जांच शिविर, और नेत्रदान व अंगदान विषय पर कार्यशालाएं भी आयोजित की जाएंगी। इसके अतिरिक्त, बालिकाओं की सुविधा के लिए विद्यालयों में सेनेटरी पैड, शौचालय निर्माण और वाटर कूलर की व्यवस्था की जाएगी।
महिला सशक्तिकरण और सस्टेनेबल पर्यावरण संरक्षण: कोषाध्यक्ष घनश्याम मूंदड़ा ने बताया कि इस वर्ष पर्यावरण संरक्षण के तहत केवल पौधे लगाने तक सीमित न रहकर, उनके पूर्ण रूप से विकसित होने तक नियमित देखभाल और ट्री-गार्ड द्वारा संरक्षण सुनिश्चित किया जाएगा। महिला सशक्तिकरण की दिशा में कदम बढ़ाते हुए, क्लब द्वारा वर्तमान में संचालित सिलाई और कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्रों की क्षमता 100 महिलाओं से बढ़ाकर 150 महिलाओं तक की जाएगी। साथ ही प्रति माह विशेष कार्यक्रम जैसे कैंसर जागरूकता, स्त्री रोग परामर्श, गर्भ संस्कार शिविर और स्वास्थ्य सेमिनार आयोजित किए जाएंगे।
10 हजार दिव्यांगों को राहत : सार्जेंट अनुपम शर्मा ने ‘संबल 3’ अभियान की जानकारी देते हुए बताया कि हाडौती क्षेत्र के गांव-गांव और ढाणी-ढाणी जाकर मेडिकल स्टोर्स और पंचायतों के माध्यम से एक विशाल शिविर का प्रचार किया जाएगा। इस महाशिविर का लक्ष्य 10,000 दिव्यांगों को उनकी आवश्यकतानुसार कृत्रिम हाथ-पैर (जयपुर फुट), कैलिपर्स, बैसाखी, व्हीलचेयर, ट्राई-साइकिल और सुनने की मशीनें पूरी तरह निशुल्क प्रदान करना है।
रोटरी इंटरनेशनल की 50 लाख की ग्रांट: इसके अलावा बड़े स्तर पर मेडिकल कैंप भी लगाए जाएंगे। क्लब ट्रेनर मुकेश व्यास ने बताया कि सुरक्षित और विश्वस्तरीय रक्त उपलब्धता के लिए रोटरी क्लब कोटा इंटरनेशनल से 40 से 50 लाख रुपये की ग्रांट लाने का प्रयास कर रहा है।
इसके माध्यम से कोटा ब्लड बैंक सोसाइटी के सहयोग से अत्याधुनिक इलेक्ट्रोफेरिस उपकरण और स्वचालित एलिसा रीडर मशीन लगाई जाएगी, जिससे रक्त की आनुवंशिक बीमारियों की शुरुआती जांच त्वरित गति से हो सकेगी। थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों को सुरक्षित रक्त मुहैया कराने के लिए एक उच्च क्षमता का रक्त संग्रहण शीतयंत्र (कोल्ड स्टोरेज) भी दिया जाएगा।

