इंदौर। सोयाबीन प्रोसेसर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सोपा) के अनुसार चालू खरीफ सीजन में 20 जुलाई तक राष्ट्रीय स्तर पर सोयाबीन का कुल उत्पादन क्षेत्र 111.08 लाख हेक्टेयर पर पहुंचा जो केन्द्रीय कृषि मंत्रालय के आंकड़े 108.48 लाख हेक्टेयर से ज्यादा है।
दिलचस्प तथ्य यह है कि सोपा ने इस वर्ष सोयाबीन का उत्पादन क्षेत्र मध्य प्रदेश में 51.38 लाख हेक्टेयर, राजस्थान में 8.55 लाख हेक्टेयर, तेलंगाना में 1.36 लाख हेक्टेयर तथा गुजरात में 2.49 लाख हेक्टेयर पर पहुंचने का अनुमान लगाया है जो सरकारी आंकड़े के बराबर ही है।
लेकिन महाराष्ट्र, कर्नाटक और छत्तीसगढ़ के बिजाई क्षेत्र के आंकड़े में अंतर है। सोपा के मुताबिक सोयाबीन का बिजाई क्षेत्र महाराष्ट्र में 42.45 लाख हेक्टेयर, कर्नाटक में 3.56 लाख हेक्टेयर और छत्तीसगढ़ में 18 हजार हेक्टेयर पर पहुंच गया है
जबकि दूसरी ओर केन्द्रीय कृषि मंत्रालय ने जो आंकड़ा जारी किया है उससे पता चलता है कि सोयाबीन का क्षेत्रफल महाराष्ट्र में 40.13 लाख हेक्टेयर, कर्नाटक में 3.33 लाख हेक्टेयर तथा छत्तीसगढ़ में 13 हजार हेक्टेयर पर ही पहुंचा है।
देश के अन्य राज्यों में 1.12 लाख हेक्टेयर में सोयाबीन की बिजाई हुई है। बिजाई की प्रक्रिया अब बिल्कुल अंतिम चरण में पहुंच गई है जिससे रकबे में सीमित सुधार ही संभव हो सकेगा।

