Friday, July 17, 2026
Home Blog Page 5516

कोटा में सिटी बस संचालन घोटाला, महापौर ने कंपनी को लगाई फटकार

कोटा। शहर में दौड़ने वाले वाली सिटी बसें वर्कशॉप में जिस हालत में खड़ी थी, उसे देखकर महापौर महेश विजय सहित अधिकारी भी दंग रह गए। जिस कंपनी आर्या ट्रांस सोल्यूशन प्राइवेट लिमिटेड को बसें संचालित करने के लिए दी गई, उसने इन्हें कबाड़ा कर रखा था। कुन्हाड़ी वर्कशॉप में 13 से अधिक बसें खड़ी थी और एक भी ऐसी नहीं थी जो सही हो।

कुछ बसें बिना टायर की पत्थरों पर खड़ी थी तो कुछ के कांच टूटे हुए थे। स्टेपनी एक भी बस की नहीं थी। स्टेपनी की जगह केवल लोहे की रिम ही वहां थी। बसों के रखरखाव संबंधी कोई रजिस्टर वहां नहीं मिला। कर्मचारियों से बार-बार रजिस्टर मांगा, लेकिन उपलब्ध नहीं करवाया गया।

ये हकीकत उस समय सामने आई जब सोमवार को महापौर महेश विजय, पार्षद देवेंद्र चौधरी मामा व ध्रुव राठौर के साथ सिटी बस संचालन में गड़बड़ी होने की शिकायत पर निरीक्षण करने पहुंचे। महापौर जब वहां पहुंचे तो गेट से घुसते ही उन्हें पत्थरों के सहारे खड़ी बिना टायर वाली बस नजर आई। दो बसें ऐसी खड़ी थी, जिनके पुर्जे-पुर्जे निकल चुके थे और वे खटारा स्थिति में हो गई थी।

ये हालत देख उन्हें गुस्सा आ गया। वहां मौजूद कंपनी के प्रतिनिधियों को जमकर फटकार लगाई कि ये बसें चलाने के लिए दी थी या कबाड़ करने के लिए। क्या हालत कर दी इन बसों की। उसके बाद उन्होंने एक-एक करके 34 बसों की जानकारी मांगी। जिसमें काफी कमियां सामने आई। उसके बाद उन्होंने मौके से ही निगम आयुक्त डॉ. विक्रम जिंदल को फोन किया और पूरा घटनाक्रम और बसों की हालत बताई। उन्होंने आयुक्त से कहा कि इनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई जाए तथा इनका ठेका निरस्त किया जाए।

कोई रूट तय नहीं
किस रूट पर कौन सी बस जाएगी, इसका भी पालन नहीं किया जा रहा है। जबकि शर्त में तय था कि बसों पर नंबर डाले जाएंगे और रूट तय किए जाएंगे। उस नंबर की बस निर्धारित रूट पर ही चलेगी। अभी कोई भी बस को किसी भी रूट पर चलाया जा रहा है।

कौन सी बस कितने किमी चली पता नहीं
महापौर ने कंपनी के प्रतिनिधियों से बसों की लॉगबुक मांगी, लेकिन किसी बस की लोग बुक नहीं भरी हुई थी। उन्होंने पूछा कि कौन सी बस कितने किलोमीटर चली तो इसका भी वे कोई जवाब नहीं दे पाए। इसके बाद बसें कब से खड़ी है कब चली थी, किस बस में क्या खराबी है इसके बारे में भी कोई रजिस्टर वहां नहीं मिला। 

वर्कआर्डर 66 लाख रुपए का, बिल 70 लाख का
नगर निगम ने कंपनी को 28 बसें संचालित करने के लिए दी गई थी, लेकिन उनके द्वारा सभी 34 बसें काम में ली जा रही थी। इतना ही नहीं कंपनी को 66 लाख रुपए का वर्कआर्डर दिया गया है और ये 70 लाख रुपए का बिल भेज रहे हैं, जो सरासर गलत है। 

एफआईआर दर्ज करवाएंगे, ठेका खत्म करेंगे
बसों के संचालन और रखरखाव में काफी गड़बड़ियां पाई गई। कंपनी को बसें चलाने के लिए दी गई थी, लेकिन उन्होंने कबाड़ कर दिया। इस संबंध में पूरी रिपोर्ट तैयार कर कार्रवाई की जाएगी। कंपनी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाकर उसका ठेका निरस्त किया जाएगा। – महेश विजय, महापौर 

गड़बड़ियों पर अंकुश लगाने के लिए करें आरटीआई का इस्तेमाल

परिचर्चा : वर्तमान में एक प्रतिशत आबादी भी इस अधिकार का उपयोग नहीं कर रही, आरटीआई से सरकार व सरकारी तंत्र को जनता के प्रति जवाबदेह बनाएं

कोटा। मप्र के राज्य सूचना आयुक्त आत्मदीप ने कहा कि सूचना का अधिकार देश के हर नागरिक का मौलिक अधिकार है। सरकार और सरकारी तंत्र को जनता के प्रति जवाबदेह बनाने और सार्वजनिक क्रियाकलाप में शुचिता व पारदर्शिता लाने के लिए हर नागरिक अपने इस अधिकार का अधिकाधिक उपयोग करें।

सोमवार को जार की जिला इकाई द्वारा रेडक्रॉस सोसायटी भवन में ‘हमारे लिये सूचना का अधिकार’ विषय पर परिचर्चा में मुंख्य अतिथि आत्मदीप ने पत्रकारों व नागरिकों से रूबरू होते हुए बताया कि सूचना के अधिकार ने जनता को इतनी ताकत दी कि जिस जानकारी को देने से संसद में सांसद को या विधानसभा में विधायक को इंकार नहीं किया जाता।

वह जानकारी देने से जनता को भी मना नहीं किया जा सकता। इसका उल्लंघन करने वाले अधिकारी या कर्मचारी को दंडित करने के लिए सूचना आयोग को इतनी अधिक और सिविल कोर्ट की शक्तियां प्राप्त है, जितनी अन्य किसी आयोग को नहीं है।

न्याय होते हुए दिखना भी चाहिए
आरटीआई कार्यकर्ता ज्ञानचंद जैन व रविंद्र श्रीवास्तव के सवाल के जवाब में सूचना आयुक्त ने कहा कि न्यायिक व अर्द्ध न्यायिक निर्णयों के बारे में न्यायशास्त्र का सर्वमान्य सिद्धांत है कि न्याय होते हुए दिखना भी चाहिए। फैसलों की भाषा इतनी सरल हो कि एक आम आदमी भी फैसले व उसके आधार को आसानी से समझ सके।

पत्रकार खोजपूर्ण पत्रकारिता के लिए, लोकसेवक अपने साथ हो रहे अन्याय के परिमार्जन के लिए व नागरिक अपनी समस्याओं के निराकरण के लिए आरटीआई का उपयोग कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि देश के नागरिकों को सूचना का महत्वपूर्ण अधिकार दिलाने का श्रेय राजस्थान को है।

भीलवाड़ा जिले के एक गांव से शुरू हुए किसानों व मजदूरों के आंदोलन के देशव्यापी रूप ले लेने से अंततः केंद्र सरकार ने आरटीआई एक्ट लागू किया।

आयोग के फैसलों की पालना अनिवार्य
पत्रकार मनोहर पारीक ने सवाल उठाया कि राज्य आयोग के आदेश के बावजूद भी यूआईटी द्वारा वांछित जानकारी नहीं दी गई। इस पर सूचना आयुक्त ने कहा कि फैसले का पालन नहीं होने पर नागरिकों को आयोग को शिकायत करनी चाहिए। आयोग के आदेश का पालन करना सभी पक्षों के लिए बाध्यकारी है।

आयोग द्वारा दंडित किए जाने के बाद भी लोक सूचना अधिकारी वांछित सूचना देने के लिए बाध्य है। डॉ.कर्नेश गोयल के सवाल के जवाब में सूचना आयुक्त ने कहा कि आरटीआई एक्ट में वहद स्वरूप में तथा व्यक्तिगत व प्रश्नात्मक जानकारी देने का प्रावधान नहीं है।

आरटीआई में जनहित या लोक क्रियाकलाप से जुडी सीमित व आवश्यक जानकारी ही मांगी जानी चाहिए, ताकि विभागों का नियमित कामकाज गैर आनुपातिक रूप से प्रभावित न हो। परिचर्चा की अध्यक्षता वरिष्ठ पत्रकार नरेश विजयवर्गीय ने की। जार जिला ईकाई अध्यक्ष हरिवल्लभ मेघवाल ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया तथा रेडक्रॉस सोसायटी के महासचिव रिछपाल पारीक ने आभार जताया।

व्यापारी वेलफेयर गठन की घोषणा का व्यापार जगत ने किया स्वागत

कोटा। कोटा व्यापार महासंघ के अध्यक्ष क्रांति जैन एवं महासचिव अशोक माहेश्वरी ने मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे द्वारा बजट में  एरोड्रम  सर्किल पर ओवर ब्रिज के लिये 150 करोड़ रुपये दिये जाने की घोषणा का स्वागत किया है। इससे पूरे कोटा शहर के यातायात को राहत मिलेगी

उन्होनें बताया कि बजट में राज्य सरकार द्वारा पहली बार पूरे देश में पहल करते हुये व्यापारी वेलफेयर गठन की घोषणा, कोटा स्टोन पर जीएसटी कम करने की सिफारिश एवं कोटा में वन उपज मण्डी की स्थापना की घोषणा भी स्वागत योग्य है।

इससे वनो की उपज का लाभ मिलेगा और आय के नये स्त्रोत बनेगें। राज्य सरकार के दायरे में आने वाले पेट्रोल एवं डीजल पर टैक्स में कोई रियायत नहीं दिया जाना निराशाजनक हैं।

देश में 81% सीएम करोड़पति, सबसे अमीर आंध्र के चंद्रबाबू

नई दिल्ली। एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (ADR) और नेशनल इलेक्शन वॉच (NEW) ने 31 मुख्यमंत्रियों का एनालिसिस जारी किया। इसमें 28 राज्यों और 2 केंद्र शासित प्रदेशों को शामिल किया गया है। एनालिसिस चुनाव लड़ने से पहले मुख्यमंत्रियों की ओर से दायर एफिडेविट पर आधारित है।

इसके मुताबिक, देश के 81% (25) मुख्यमंत्री करोड़पति हैं। इनमें सबसे ज्यादा अमीर आंध्र प्रदेश के सीएम चंद्रबाबू नायडू (177 करोड़) हैं। सीरियस क्रिमिनल केस सबसे ज्यादा केजरीवाल के खिलाफ दर्ज हैं।


 टॉप 5
मुख्यमंत्री           राज्य      संपत्ति  करोड़ में 
एन चंद्रबाबू    आंध्र प्रदेश            177.48
पेमा खांडू      अरुणाचल प्रदेश    129.57
अमरिंदर सिंह    पंजाब                48.31
के चंद्रशेखर राव    तेलंगाना          15.51
मुकुल संगमा        मेघालय           14.50 

तेलुगु देशम पार्टी चीफ चंद्रबाबू नायडू सबसे अमीर हैं, जिनकी संपत्ति 177 करोड़ रुपए है। इनके अलावा टॉप थ्री में कांग्रेसी मुख्यमंत्री हैं।

कौन कितना अमीर CM?
 एनालिसस में बताया गया है कि देश के चीफ मिनिस्टर्स की औसत संपत्ति 16.18 करोड़ रुपए है। इनमें 81% यानी 25 सीएम करोड़पति हैं।

 त्रिपुरा के सीएम माणिक सरकार ने अपनी संपत्ति सबसे कम बताई है। एफिडेविट के मुताबिक उनके पास 26 लाख की संपत्ति है। 100 करोड़ से ज्यादा संपत्ति वाले 2 सीएम हैं। 10 से 50 करोड़ के बीच 6, 1 से 10 करोड़ के बीच 17 और एक करोड़ के कम संपत्ति वाले 6 मुख्यमंत्री हैं।

क्रिमिनल बैकग्राउंड वाले CM कौन?
– 31 में से 11 यानी 35% मुख्यमंत्रियों ने खुद को क्रिमिनल बैकग्राउंड वाला बताया है। 20 यानी 65% ने एफिडेविट में खुद को साफ छवि वाला बताया।

 8 मुख्यमंत्रियों यानी 26% पर सीरियस क्रिमिनल केस हैं। चंद्रबाबू नायडू, केरल के सीएम पिनाराई विजयन और जम्मू-कश्मीर की महबूबा मुफ्ती पर कोई क्रिमिनल केस नहीं है। महाराष्ट्र के देवेंद्र फडणवीस के खिलाफ 22 क्रिमिनल केस हैं, इनमें से 3 सीरियस हैं। केजरीवाल पर सबसे ज्यादा 4 सीरियस क्रिमिनल केस दर्ज हैं।

पढ़े-लिखे और युवा सीएम कितने?
 31 में से केवल 3 यानी 10% मुख्यमंत्री महिलाएं हैं। देश के सभी सीएम शिक्षित हैं। इनमें केवल एक को डॉक्टरेट की डिग्री मिली है। ग्रेजुएट CMs की तादाद सबसे ज्यादा 12 यानी 39% है।

यंगेस्ट सीएम की बात करें तो ये सभी बीजेपी के हैं। अरुणाचल के पेमा खांडू (35) इस लिस्ट में टॉप पर हैं। सबसे उम्रदराज सीएम पंजाब के अमरिंदर सिंह (74) हैं।

डॉलर की कमजोरी से सोना उछला, चांदी चमकी

नई दिल्ली/कोटा । वैश्विक स्तर पर दोनों कीमती धातुओं में रही तेजी और स्थानीय स्तर पर जेवराती मांग अच्छी रहने से दिल्ली सर्राफा बाजार में सोमवार को सोने की कीमत 50 रुपये बढ़कर 31,200 रुपये 10 ग्राम पर पहुंच गई। वहीं चांदी 150 रुपये उछलकर 39,200 रुपये प्रति किलोग्राम पर के स्तर पर पहुंच गई।

दिल्ली सर्राफा बाजार में सोना 99.9 फीसदी और 99.5 फीसदी शुद्ध 50 रुपये की तेजी के साथ क्रमश: 31,200 रुपये और 31,100 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। आठ ग्राम वाली गिन्नी हालांकि, 24,800 रुपये पर टिकी रही।
औद्योगिक मांग आने से चांदी भी महंगी हो गई।

चांदी तैयार 150 रुपये की बढ़त में 39,2०० रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई। चांदी साप्ताहिक डिलीवरी भी 40 रुपये की तेजी में 37,990 रुपये प्रति किलोग्राम बोली गई। हालांकि, सिक्का लिवाली और बिकवाली गत दिवस के क्रमश: 74 हजार और 75 हजार रुपये प्रति सैकड़ा पर अपरिवर्तित रहे।

दुनिया की अन्य प्रमुख मुद्राओं की तुलना में डॉलर के कमजोर पड़ने से वैश्विक स्तर पर सोने के भाव बढ़े हैं। लंदन का सोना हाजिर 6.20 डॉलर चमककर 1,322.05 डॉलर प्रति औंस के भाव बिका। अप्रैल का अमेरिकी सोना वायदा भी 8.4 डॉलर की तेजी में 1,324.10 डॉलर प्रति औंस बोला गया।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी हाजिर भी 0.1० डॉलर की बढ़त में 16.42 डॉलर प्रति औंस पर बोली गई। बाजार विशेषज्ञों ने बताया कि वैश्विक तेजी और घरेलू स्तर पर वैवाहिक मांग रहने से दोनों कीमती धातुओं में तेजी दर्ज की गई।

विशेषज्ञों का कहना है कि जब डॉलर की कीमत में गिरावट आती है तो अन्य मुद्राओं में सोने का आयात सस्ता हो जाता है जिससे इसकी मांग बढ़ जाती है और कीमतों में इजाफा हो जाता है।

कोटा सर्राफा 
चांदी 39000 रुपये प्रति किलोग्राम।
सोना केटबरी 31100 रुपये प्रति दस ग्राम, सोना 36280 रुपये प्रति तोला। 
सोना शुद्ध 31250 रुपये प्रति दस ग्राम, सोना 36450 रुपये प्रति तोला।

गोल्ड ETF में लगातार बिकवाली, निवेशकों ने 110 करोड़ निकाले

0

नई दिल्ली। निवेश के लिहाज से गोल्ड एक्सचेंज-ट्रेडेड फंड्स (गोल्ड ईटीएफ) की चमक लगातार फीकी पड़ती जा रही है। नये साल के पहले महीने यानी जनवरी में निवेशकों ने गोल्ड ईटीएफ से 110 करोड़ की निकासी की। इसी के साथ चालू वित्त वर्ष के पहले 10 महीने में निवेशकों ने इससे 679 करोड़ रुपए निकाल लिये।

कमजोर रिटर्न के चलते निवेशकों ने निकासी की। एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फंड्स इन इंडिया (एम्फी) के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, समीक्षाधीन अवधि में गोल्ड फंड प्रबंधन के तहत परिसंपत्ति (एयूएम) 15 प्रतिशत से अधिक गिरकर 4,906 करोड़ रुपए रह गयी, जो कि पिछले साल इसी अवधि में 5,670 करोड़ रुपए थी।

पिछले चार वित्त वर्षों से गोल्ड ईटीएफ में निवेशकों की ठंडी प्रतिक्रिया मिल रही है। निवेशकों ने गोल्ड ईटीएफ से 2016-17 में 775 करोड़, 2015-16 में 903 करोड़, 2014-15 में 1,475 करोड़ और 2013-14 में 2,293 करोड़ रुपए की निकासी की।

ईएलएसएस में रुझान बढ़ा
एक तरफ जहां गोल्ड ईटीएफ में सुस्ती का रुख रहा, वहीं इक्विटी और इक्विटी लिंक्ड सेविंग स्कीम (ईएलएसएस) में निवेशकों का रुझान बढ़ा। 2017-18 के पहले 10 महीने में निवेशकों ने इसमें 1.5 लाख करोड़ रुपए का निवेश किया, जिसमें से 15,000 करोड़ रुपए से अधिक का निवेश अकेले जनवरी महीने में किया गया।

एम्फी के आंकड़े के मुताबिक, जनवरी में 14 गोल्ड ईटीएफ से 110 करोड़ की निकासी की गयी जबकि 2016-17 के इसी महीने में 35 करोड़ की निकासी हुयी थी। दिसंबर में कुल 58 करोड़ की निकासी की गयी।

पॉजिटिव संकेतों से सेंसेक्स 295 अंक बढ़ा, निफ्टी 10500 के ऊपर बंद

 नई दिल्ली। बाजार में जारी गिरावट पर सोमवार को ब्रेक लग गया है। एशियाई बाजारों से मिले पॉजिटिव संकेतों से सेंसेक्स 295 अंक बढ़कर 34,300 अंक पर औऱ निफ्टी 85 अंक चढ़कर 10,540 अंक पर बंद हुआ। बैंकिंग, ऑटो, फार्मा, मेटल और रियल्टी शेयरों में खरीददारी से बाजार को सपोर्ट मिला। हालांकि सेक्टोरल इंडेक्स में आईटी और पीएसयू बैंक में कमजोरी दिखी।

निफ्टी पर 33 स्टॉक्स बढ़े
– बढ़त के साथ कारोबार में निफ्टी50 में शामिल 33 स्टॉक्स में तेजी देखने को मिली। वहीं 17 स्टॉक्स गिरावट के साथ बंद हुए। सबसे ज्यादा तेजी टाटा स्टील में 4.14 फीसदी दर्ज की गई। इसके अलावा अरविंदो फार्मा 2.97%, यूपीएल 2.85%, यस बैंक 2.81%, इंडसइंड बैंक 2.80%, पावरग्रिड 2.48%, ल्यूपिन 2.29% तक बढ़े।
– गिरनेवाले शेयरों में एचसीएल टेक, एसबीआई, बीपीसीएल, भारती इंफ्राटेल, टेक महिंद्रा, हिंदुस्तान पेट्रोलियम, अंबुजा सीमेंट, इंफोसिस 2.49-0.73 फीसदी तक गिरे।

मिडकैप-स्मॉलकैप शेयरों में अच्छी बढ़त
– सोमवार के कारोबार में लार्जकैप शेयरों के साथ-साथ मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में अच्छी बढ़त देखने को मिली। बीएसई का मिडकैप इंडेक्स 1.31 फीसदी बढ़कर 16852 अंक पर बंद हुआ। मिडकैप शेयरों में 3एम इंडिया, आईडीबीआई, अमारा राजा बैट्रीज, आरपावर, वक्रांगी, इंडियन बैंक, एलटीआई, आईजीएल, एबीएफआरएल, डालमिया भारत, श्रीराम सिटी यूनिन फाइनें और रैमको सीमेंट 3.65-15.40 फीसदी तक बढ़े।
– वहीं बीएसई के स्मॉलकैप इंडेक्स में 1.60 फीसदी की तेजी दर्ज की गई।

आईटी-पीएसयू बैंक इंडेक्स में रही गिरावट
– सेक्टोरल इंडेक्स में सिर्फ आईटी और पीएसयू बैंक इंडेक्स में गिरावट रही। हालांकि बैंक निफ्टी इंडेक्स 0.93 फीसदी बढ़कर 25,701.60 अंक पर बंद हुआ। इसके अलावा निफ्टी ऑटो 1.16 फीसदी, निफ्टी एफएमसीजी 0.44 फीसदी, निफ्टी मेटल 1.07 फीसदी, निफ्टी फार्मा 1.27 फीसदी और निफ्टी रियल्टी इंडेक्स 1.69 फीसदी तक बढ़े।
– वहीं बीएसई के कंज्यूमर डुरेबल्स, कैपिटल गुड्स, ऑयल एंड गैस और पावर इंडेक्स में तेजी रही।

FPI ने 7 ट्रेडिंग सेशन में निकाले 3800 करोड़ रु
फॉरेन पोर्टफोलियो इन्वेस्टर्स (एफपीआई) ने भारतीय शेयर बाजार से सिर्फ 7 ट्रेडिंग सेशन में 3,800 करोड़ रुपए की निकासी की है। एफपीआई की ओर से की गई निकासी की वजह ग्लोबल सेल ऑफ रही। डाटा के मुताबिक, जनवरी महीने में एफपीआई ने शेयर बाजार में 13,780 करोड़ रुपए निवेश किए थे।

सिंगापुर स्टॉक एक्सचेंज 8% टूटा
– मार्केट रेग्युलेटर सेबी ने विदेश से चलने वाले किसी भी स्टॉक एक्सचेंज को इंडियन स्टॉक मार्केट से डाटा देने पर रोक लगा दी है। इस खबर से सोमवार के कारोबार में सिंगापुर स्टॉक एक्सचेंज 8 फीसदी टूट गया है।

ONGC को Q3 में हुआ 5015 करोड़ का मुनाफा, स्टॉक 3.6% बढ़ा
– फाइनेंशियल ईयर 2018 की तीसरी तिमाही में ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉर्पोरेशन लिमिटेड (ओएनजीसी) का मुनाफा 15.2 फीसदी बढ़कर 5014.67 करोड़ रुपए हुआ। पिछले साल समान अवधि में कंपनी को 4352.33 करोड़ रुपए का मुनाफा हुआ था। तीसरी तिमाही में मुनाफे में बढ़ोतरी से कारोबार में स्टॉक्स में 3 फीसदी से ज्यादा की तेजी दर्ज की गई। बीएसई पर स्टॉक 3.60 फीसदी चढ़कर 194.50 रुपए के भाव पर पहुंच गया।

एस्टर डीएम हेल्थकेयर का IPO खुला
– एस्टर डीएम हेल्थकेयर का इनिशल पब्लिक ऑफर (आईपीओ) आज से सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है। कंपनी ने आईपीओ का प्राइस बैंड 180-190 रुपए प्रति शेयर तय किया है। आईपीओ 15 फरवरी को बंद होगा। भारत और मिडिल ईस्ट में अस्पतालों का संचालन करने वाली कंपनी ने आईपीए के अपर प्राइस बैंड 190 रुपए प्रति शेयर भाव से 1,54,75,843 शेयर्स एंकर इन्वेस्टर्स को आवंटित किए हैं। कंपनी ने एंकर इन्वेस्टर्स से 294 करोड़ रुपए जुटाए हैं।

Q3 नतीजे के बाद SBI 4% तक टूटा
– देश के सबसे बड़े पीएसयू बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया को फाइनेंशियल ईयर 2018 की तीसरी तिमाही में 2416 करोड़ का घाटा हुआ है। कमजोर नतीजे से सोमवार के कारोबार में एसबीआई के स्टॉक्स 4 फीसदी तक टूट गए। बीएसई पर स्टॉक 3.84 फीसदी गिरकर स्टॉक 285 रुपए निचले स्तर पर आ गया।

एरोड्राम सर्किल पर जाम से मिलेगी निजात, बजट में 150 करोड़ की घोषणा

कोटा। शहर में यातायात समस्या के निस्तारण के लिए एरोड्राम सर्किल पर 150 करोड़ रुपए की लागत से फ्लाईओवर बनाए जाने के प्रस्ताव को राज्य सरकार ने बजट घोषणाओं में शामिल किया है। वित्त मंत्री ने अपने बजट भाषण की इसका ऐलान किया। यह फ्लाईओवर घोड़े वाले बाबा सर्किल के पास से शुरू होगा और डीसीएम रोड की ओर समाप्त होगा।

कृषि महाविद्यालय की सौगात
कोटा में कृषि विश्वविवद्यालय की स्थापना पांच साल पहले चुकी है, लेकिन यहां एक भी कृषि महाविद्यालय नहीं खुल पाया है। इस बार बजट में सरकार ने कोटा में राजकीय कृषि महाविद्यालय खोले जाने की घोषण कर दी है।

अब स्नातक स्तर की पढ़ाई के लिए हाड़ौती के विद्यार्थियों को दूसरे शहरों में कृषि की पढ़ाई के लिए जाना नहीं पड़ेगा। कोटा में ही उन्हें यह सुविधा मिल सकेगी। इसके अलावा बजट में मेडिकल कॉलेज कोटा में ड्यूल इमेजिंग सिस्टम और बूंदी झालीजी का बराना पेयजल परियोजना की घोषणा की है।

वसुंधरा के बजट में किसे क्या मिला, आइये जाने ?

जयपुर। राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने सोमवार को बजट पेश किया। बजट में किसानों, युवाओं और गरीबों के लिए बड़े ऐलान किए गए। वसुंधरा सरकार ने 8 महीने के भीतर 1 लाख सरकारी नौकरियों और किसानों का 50 हजार रुपए तक का कर्ज माफ करने की घोषणा की। फाइनेंस पोर्टफोलियो संभालने वाली वसुंधरा के बजट में इसी साल होने वाले विधानसभा चुनावों का असर दिखाई दिया।

1) किसान
– वसुंधरा ने बजट भाषण में किसानों का 50 हजार रुपए तक का कर्ज करने की घोषणा की। लघु और सीमांत किसानों के लिए की गई इस घोषणा से राज्य सरकार पर 8 हजार करोड़ रुपए का भार पड़ेगा। कर्ज में सितंबर 2017 तक का ब्याज भी माफ कर दिया गया। किसान कर्ज राहत आयोग बनाया गया है, यहां किसान मेरिट के आधार पर कर्ज माफी के लिए संपर्क कर सकते हैं।
– सरसों और चने की सरकारी खरीद के लिए 500 करोड़ रुपए अलॉट किए गए। कोटड़ा, सलूम्बर और गोगुन्दा में वन उपज मंडी खोली जाएगी। कोटा, अलवर में एग्रीकल्चर कॉलेज खोली जाएगी। इलेक्ट्रिसिटी के लिए 2 लाख नए एग्रीकल्चर कनेक्शन दिए जाएंगे। कुल 7 लाख नए इलेक्ट्रिसिटी कनेक्शन दिए जाएंगे।

2) गरीब
– घर की रजिस्ट्री पर छूट दी जाएगी। EWS के मकान पर 2% ब्याज की बजाय 1% ड्यूटी लगेगी। भैरो सिंह शेखावत अंत्योदय रोजगार योजना की शुरुआत की जाएगी। राज्यभर में 1000 नए अन्नपूर्णा भंडार खोले जाएंगे। सुंदर सिंह भंडारी EBC स्वरोजगार योजना लागू होगी। 50,000 परिवारों को 50,000 तक का कर्ज दिया जाएगा। हर जिले में कलेक्टर ऑफिस में अन्नपूर्णा रसोई खोली जाएगी।

3) युवा-बेरोजगार
– शिक्षा विभाग में 77,000, गृह विभाग में 5718, प्रशासनिक सुधार विभाग में 11,923 और स्वास्थ्य विभाग में 6976 पोस्ट समेत कुल 1,08,000 पोस्ट्स पर दिसंबर 2018 से पहले भर्तियां होंगी। अगले साल तक 75,000 पोस्ट के लिए नई विज्ञप्ति जारी की जाएगी। 1000 नर्सिंग कर्मियों को भर्ती किया जाएगा।
– राजकीय ITI को डिजिटल इंडिया योजना से जोड़ा जाएगा। झुंझुनूं राज्य क्रीड़ा संस्थान के लिए 31 करोड़ रुपए अलॉट किए गए। देश की पहली स्किल यूनिवर्सिटी बनाई जाएगी।

4) महिला
– महिला कर्मचारियों को 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों के देखभाल लिए 2 वर्ष की मिलेगी छुट्टी। आंगनबाड़ी वर्कर्स का मानदेय बढ़ाया जाएगा। मुख्यमंत्री सक्षम योजना से 5 लाख लड़कियों को फायदा पहुंचाने का लक्ष्य।

5) बुजुर्ग
– बजट में 80 साल से ऊपर के लोगों को रोडवेज बसों में मुफ्त यात्रा का ऐलान किया गया। इन बुजुर्गों के साथ एक व्यक्ति को आधे किराये में बसों में यात्रा की छूट दी गई है। इसके अलावा शहीद सैनिकों के आश्रितों अब 20 लाख के स्थान पर 25 लाख नकद दिया जाएगा।

सीएम वसुंधरा ने खोला राहतों एवं घोषणाओं का पिटारा, कोई नया कर नहीं

0

जयपुर। मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे वित्त वर्ष 2018-19 के लिए अपनी सरकार का 1.69 लाख करोड़ का बजट पेश  पेश किया। यह सरकार का पांचवा अंतिम बजट है। दो घंटे 11 मिनट के अपने बजट भाषण में राजे ने आम आदमी को कार भार में राहत दी है। सीएम ने हर सेक्टर में राहत दी। बजट में कोई भी नया कर नहीं लगाया गया है।

वहीं किसानों को 50 हजार तक के कर्ज माफी की घोषणा की है। इसी साल राज्य में विधानसभा चुनाव होने हैं इसलिए माना जा रहा था कि यह बजट लोकलुभावन हो सकता है। बजट पेश करने के बाद सदन की कार्यवाही 14 फरवरी तक के लिए स्थगित कर दी गई। जानिए और इस बारे में …

सीएम ने बजट भाषण की शुरुआत शेर पढ़कर की
मंजिलें बड़ी जिद्दी होती हैं
हासिल कहां नसीब से होती है
वहां तूफान भी हार जाते हैं
जहां कश्तियां जिद पर होती हैं

बजट की प्रमुख बातें
– हर तबके का विकास करना हमारा लक्ष्य
– मुख्यमंत्री सक्षम योजना से 5 लाख बालिकाओं का फायदा
– सभी विधानसभा क्षेत्रों में सड़कों का निर्माण होगा
– 80 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों को रोडवेज में फ्री सफर। अटेंडेंट को 50 फीसदी रियायत।
– सभी विधानसभा क्षेत्रों में सड़कों का निर्माण होगा।
– नाबार्ड योजना के तहत काम किए जाएंगे।
– नई रेल लाइन जोड़ने की योजना शुरू की जा रही है। यह पश्चिमी राजस्थान के विकास के लिए वरदान।
– जैसलमेर आर बाड़मेर को मुंद्रा पोर्ट से जोड़ा जाएगा।
– ड्राइविंग लाइसेंस, व्हीकल रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया होगी पेपरलैस।
– 13 लाख से ज्यादा युवाओं को रोजगार, स्वरोजगार के अवसर।
– देश में पहली स्किल यूनिवर्सिटी की स्थापना।
– दिल्ली जाने वालों के लिए बनेगा अंडरपास।
– जयपुर के रामनिवास बाग में बनेगा अंडरपास।
– पुराने जयपुर की लौटेगी रौनिक।
– डार्क जोन वाले जिलों को नदी परियोजना से जोड़ा जाएगा, इसमें दौसा, करौली, सवाई माधोपुर जैसे जिले शामिल।
– अकलेरा में नाली के लिए 10 करोड़।
– द्रव्यवती नदी के रूप का होगा कायाकल्प।

कांग्रेस का हंगामा
बजट भाषण के बीच विपक्ष और सत्ता पक्ष में तीखी बहस हो गई। विपक्षी सदस्य किसानों को कर्ज माफी पर हल्ला मचाने लगे। कांग्रेसी सदस्य व निर्दलीय हनुमान बेनिवाल जोर-जोर से बोलने लगे। इस पर विधानसभा अध्यक्ष कैलाश मेघवाल को हस्तक्षेप करना पड़ा तब विपक्षी सदस्य शांत हुए।

बजट भाषण के बीच में राजे ने फिर शेर पढ़ा
मैं किसी से बेहतर करूं क्या फर्क पड़ता है
मैं किसी का बेहतर करूं बहुत फर्क पड़ता है।

बजट में यह हुई घोषणाएं
– किसानों को दी राहत। 50 हजार तक कर्ज माफी की घोषणा, इससे सरकार पर पड़ेगा वित्तीय भार।
– एससी एसटी के किसानों को भी दी बड़ी राहत।
– हर जिले में एक गौशाला को 50 लाख का अनुदान।
– पांचना, टोडी सरगर नदियों को जोड़ा जाएगा।
– राजस्थान कृषक ऋण राहत आयोग का गठन।
– विमानों की इमरजेंसी लैंडिंग के लिए योजना, हाइवे पर हो सकेगी लैंडिंग। सड़कों को प्लेन उतारने के हिसाब से बनाया जाएगा।
– ऊंटनी दूध प्रसंकरण का जयपुर में एक प्लांट स्थापित होगा।
– महिला मानदेय कर्मियों का मानदेय बढ़ाया।
– महिलाओ के लिए मेंस्ट्रुअल हाइजीन योजना का शुभारंभ।
– अन्नपूर्णा भंडार के जरिए सेनेट्री पेड्स होंगे वितरित। सेनेट्री पैड्स के लिए 76 करोड़ की योजना।
– 100 नर्सिंग टीचर्स की भर्ती की घोषणा।
– जिला चिकित्सालयों में रूफटॉप सोलर प्लांट्स स्थापित होंगे।
– एसएमएस अस्पताल को ट्रोमा सेंटर्स से जोड़े जाने की योजना।
– प्रदेश में 28 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की सौगात।
– जयपुर के एसएमएस में 6 करोड़ की लागत से कैथ लैब की घोषणा।
– बीकानेर में भी 6 करोड़ की लागत से नवीन कीथ लैअ की घोषणा।
– अजमेर में भी 6 करोड़ की लागत से नवीन कीथ लैअ की घोषणा।
– राजकीय आयुर्वेद में नए पाठ्यक्रम की घोषणा।
– कोटा में नया कृषि कॉलेज खोलने की घोषणा।
– प्रदेश में आठ नई आईआईटी खुलेंगे।
– क्रिकेटर कमलेश नागरकोटि की भूमिका पर गर्व।
– झंझुनू : राज्य क्रीड़ा संस्थान के माध्यम से युवाओं को मिलेगा लाभ।
– खेल भवन की घोषणा। इस बजट में तीन करोड़ का प्रावधान।
– भैरोंसिंह आंत्योदय योजना की घोषणा। एससी-एसटी ईबीसी के लिए।
– जगतपुरा शूटिंग रेंज बनेगी अंतरराष्ट्रीय।
– रतनगढ़, चूरू में इंडोर स्टेडियम बनेगा।
– जगतपुरा शूटिंग रेंज के लिए इलेक्ट्रॉनिक टारगेट आएंगे।
– सुंदर सिंह भंडारी ईबीसी योजना।
– झंझुनू राज्य क्रीड़ा संस्थान के लिए 31 करोड़ रुपए।
– जिन किसानों के यहां बिजली नहीं उन्हें सोलर लैंप मिलेंगे।
– मां बाड़ी केंद्रों मे नए गैस कनेक्शन।
– स्वीमिंग पूल के लिए डेढ़ करोड़ और देने की घोषणा।
– भामाशाह कार्ड धारकों को एक लाख तक का बीमा होगा।
– चाइल्ड केयर लीव की घोषणा।
– जनजातीय क्षेत्रों में पांच खेल छात्रावास बनेंगे।
– 85 फीसदी से ज्यादा अंक वाली छात्राओं को स्कूटी दी जाएगी।
– महिला कर्मचारियों को छोटे बच्चों की देखभाल के लिए 2 साल की छुट्‌टी।
– 80 हजार पुलिसकर्मियों का मैस भत्ता बढ़ा।
– जयपुर में चलेगी 40 इलेक्ट्रिक बसें।
– रोजगार सृजन के लिए 192 करोड़ की मार्जिन सब्सिडी मनी।
– सचिवालय में ग्रीन बिल्डिंग बनाई जाएगी।
– 9127 ग्राम पंचायतें हो चुकीं ओडीएफ।
– राजस्थान के छह जिले ओडीएफ।
– अन्नपूर्णा रसोई योजना के लिए 340 करोड़ का प्रावधान।
– जिलों में पीपीपी मोड पर कृषि महाविद्यालय खुलेंगे।
– गौशालाओं का चारा अनुदान तीन से बढ़ाकर छह माह होगा।
– नगरपालिका क्षेत्रों में सड़कों का होगा निर्माण।
– हर जिला कलेक्ट्री कार्यालय में होगी अन्नपूर्णा वैन।
– कोटा शहर के एयरोड्राम सर्किल पर जाम की समस्या से मिलेगी निजात।
– शहीद सैनिकों के परिजनों को 25 लाख की मदद।
– 7 सिविल न्यायाधीश सिविल कोर्ट स्थापति होंगे।
– 19 स्मारकों के लिए अब 33 करोड़ का व्यय।
– द्रव्यवती कॉरिडोर बनेगा वाईफाई युक्त।
– पुलिस के नकारा वाहन हटाए जाएंगे।
– जयपुर मेट्रो के लिए अलग से दो कोर्ट बनेंगे।
– पुलिस बनेगी हाईटैक, 91 करोड़ व्यय होंगे।
– कुल 35 नए न्यायालय खोले जाएंगे।
– बांदीकुई, सांभ्ररलेक के कोर्ट अपग्रेड।
– पत्रकार साहित्य कल्याण कोष से एक लाख की सहायता।
– व्यापारिक कल्याण बोर्ड की घोषणा।
– गरीबों के आवास की रजिस्ट्री पर छूट।
– ईडब्ल्यूएस के मकान पर दो के बजाए एक प्रतिशत ही लगेगी ड्यूटी।
– एलआईजी के मकान पर 3.5 प्रतिशत के बजाए अब दो प्रतिशत ही लगेगी ड्यूटी।
– 30 वर्ष की लीज पर पंजीयन शुल्क में 20 फीसदी छूट।
– कोटा स्टोन पर जीएसटी कम करने के लिए राज्य सरकार प्रयासरत।
– बजरी खनन के लिए छोटे साइज के पट्‌टे।
– कुछ इलाकों में खनन रॉयल्टी खत्म।
– वेस्ट मार्बल खंडों पर रॉयल्टी माफ।
– प्रस्तावों में नहीं लगाया गया कोई भी नया कर।
दो घंटे 11 मिनट के बजट भाषण का अंत भी वसुंधरा राजे ने शेर पढ़कर की। इसके बाद सदन की कार्यवाही 14 फरवरी तक के लिए स्थगित कर दी गई।