जन विश्वास अधिनियम-2026: जानिए किस नियम के उल्लंघन पर कितना जुर्माना

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कोटा। Jan Vishwas Adhiniyam-2026: रेल यात्रियों को नियमों के प्रति जागरूक बनाने तथा रेलवे अधिनियम के संशोधित प्रावधानों की जानकारी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से पश्चिम मध्य रेलवे, कोटा मंडल द्वारा विशेष जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है।

अभियान के अंतर्गत यात्रियों को यह बताया जा रहा है कि रेलवे नियमों के विभिन्न उल्लंघनों पर कितना अर्थदंड निर्धारित किया गया है तथा जन विश्वास (उपबंधों में संशोधन) अधिनियम, 2026 के लागू होने से मामूली मामलों में न्यायालयीन प्रक्रिया के स्थान पर त्वरित अर्थदंड व्यवस्था का लाभ मिलेगा।

वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ जैन ने बताया कि जन विश्वास (उपबंधों में संशोधन) अधिनियम, 2026 के तहत रेलवे अधिनियम, 1989 की धारा 137 एवं 138 सहित अन्य संबंधित धाराओं में संशोधन किया गया है। इस अधिनियम का उद्देश्य छोटे एवं सामान्य नियम उल्लंघनों को आपराधिक मुकदमों की श्रेणी से बाहर लाकर त्वरित अर्थदंड व्यवस्था के माध्यम से उनका निस्तारण करना है। इससे यात्रियों को अनावश्यक न्यायालयीन प्रक्रिया से राहत मिलेगी, जबकि गंभीर अथवा बार-बार होने वाले उल्लंघनों में पूर्व की भांति न्यायालयीन कार्रवाई एवं कारावास का प्रावधान यथावत लागू रहेगा।

विभिन्न नियम उल्लंघनों पर निर्धारित अर्थदंड
• बिना टिकट अथवा निर्धारित दूरी से अधिक यात्रा (धारा 137/138) – न्यूनतम ₹500।
• ट्रेन अथवा रेलवे परिसर में धूम्रपान – ₹2,000 (अर्थदंड का भुगतान नहीं करने पर ₹5,000 तक)।
• नशे की अवस्था में अभद्र व्यवहार – ₹1,000 (पुनरावृत्ति पर ₹5,000 तक अथवा 6 माह का कारावास)।
• महिला आरक्षित डिब्बे अथवा बर्थ में पुरुष का अनधिकृत प्रवेश – ₹2,500 (न्यायालय द्वारा ₹5,000 तक)।
• रेलवे परिसर में गंदगी फैलाना अथवा रेल संपत्ति को नुकसान पहुंचाना – ₹2,000।
• बिना लाइसेंस फेरी लगाना अथवा भीख मांगना – ₹2,000 तक।
• रेल कर्मचारियों के कार्य में बाधा उत्पन्न करना – ₹2,500 तक अथवा 3 माह का कारावास।
• खतरनाक अथवा आपत्तिजनक सामान लेकर यात्रा करना – ₹10,000 तक।

कोटा मंडल में 131 मामलों में हुई कार्रवाई
वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक ने बताया कि 20 जून से 14 जुलाई 2026 तक कोटा मंडल में चलाए गए विशेष जन-जागरूकता एवं प्रवर्तन अभियान के दौरान कुल 131 मामलों में कार्रवाई करते हुए ₹74,500 का अर्थदंड अधिरोपित किया गया।

इस अवधि में भरतपुर पोस्ट में सर्वाधिक 24 मामलों में ₹13,500, कोटा पोस्ट में 18 मामलों में ₹10,500, रामगंज मंडी में 16 मामलों में ₹8,000, बाज़ पोस्ट में 13 मामलों में ₹8,000, भवानी मंडी में 13 मामलों में ₹6,500, गंगापुर सिटी में 10 मामलों में ₹5,000, शामगढ़ में 9 मामलों में ₹6,000, न्यू कोटा एवं सवाई माधोपुर में 7-7 मामलों में ₹3,500-₹3,500, बयाना में 4 मामलों में ₹5,000, हिण्डौन एवं गंगापुर टाउन में 4-4 मामलों में ₹2,000-₹2,000, तथा जवाहर लाल क्रॉसिंग एवं लाखेरी में 1-1 मामले में ₹500-₹500 का अर्थदंड अधिरोपित किया गया।

रेल प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे सदैव वैध टिकट लेकर यात्रा करें, रेलवे के नियमों एवं संशोधित प्रावधानों का पालन करें तथा सुरक्षित, स्वच्छ और अनुशासित रेल यात्रा सुनिश्चित करने में अपना सहयोग प्रदान करें।