Saturday, July 18, 2026
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‘मोशन’ के फाउंडर एवं एजुकेटर नितिन विजय आज द ग्रेट इंडियन कपिल शो में

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कोटा। मोशन एजुकेशन के फाउंडर और देश के जाने-माने एजुकेटर नितिन विजय शनिवार रात 8 बजे नेटफ्लिक्स पर प्रसारित होने वाले द ग्रेट इंडियन कपिल शो में नजर आएंगे। इस खास एपिसोड में उनके साथ चर्चित शिक्षक खान सर और अलख पांडेय भी रहेंगे। शिक्षा और हास्य का यह संगम दर्शकों के लिए दिलचस्प रहने वाला है। यह एपिसोड केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि शिक्षा के बदलते परिदृश्य की झलक भी देगा।

मोशन एजुकेशन की डायरेक्टर डॉ. स्वाति विजय ने बताया कि नितिन विजय को शो में विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था। शो की टीम का कॉल शूटिंग से करीब 20 दिन पहले जनवरी में आया था। शूटिंग फरवरी के पहले सप्ताह में मुंबई में हुई।

उन्होंने कहा कि टीम ने अच्छी खासी रिसर्च की थी। पूरा एपिसोड 28 फरवरी को प्रसारित होगा। शो की शुरुआत में होस्ट कपिल शर्मा ने मज़ाकिया अंदाज़ में कहा कि कोटा कचौरी और एनवी सर के लिए मशहूर है। इसके बाद माहौल हल्का-फुल्का होते हुए भी चर्चा शिक्षा, स्टूडेंट्स और पेरेंट्स की ओर बढ़ी।

नितिन विजय ने शो से जुड़े अनुभव साझा करते हुए बताया कि करीब पांच से छह घंटे तक चला यह शूट एक ही टेक में पूरा हुआ। दरअसल, वहां रिटेक नहीं होते, हां, ब्रेक जरूर मिलते हैं। शो की स्क्रिप्ट मुख्य रूप से कलाकारों के लिए होती है, लेकिन बातचीत के दौरान कई संवाद और पंच स्वतः जन्म लेते हैं।

यही शो की असली ताकत है। शूट से पहले वे वेनेटी वैन में थे तभी कपिल शर्मा खुद वहां आकर मिले। दोनों के बीच कोटा की शिक्षा व्यवस्था और छात्रों की मेहनत पर हल्की-फुल्की बातचीत हुई।

गौरतलब है कि कपिल शर्मा का द ग्रेट इंडियन कपिल शो ओटीटी के दिगग्ज प्लेटफॉर्म नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम होता है। इसमें कृष्णा अभिषेक, कीकू शारदा और सुनील ग्रोवर जैसे कई कलाकार एंटरटेनमेंट की फुल डोज देते हैं। अर्चना पूरन सिंह और नवजोत सिंह सिद्धू भी शो में स्पेशल गेस्ट के रूप में दिखाई देते हैं।

जीआर जयपुर एवं WCR, कोटा डीसीए एवं इनविक्सो इंडियंस के बीच सेमीफाइनल आज

कोटा। KPL 2026: जिला क्रिकेट संघ द्वारा कोटा में राष्ट्रीय स्तरीय सीनियर टी-20 क्रिकेट प्रतियोगिता कोटा प्रीमियर लीग 2026 का आयोजन शुक्रवार को भी जारी रहा। प्रतियोगिता के लीग मैचों के अंतिम दिन खेले गए पहले मुकाबले में वीटीसीए नागपुर टीम का सामना जीआर जयपुर से हुआ।

इस मुकाबले में जीआर टीम ने टॉस जीतकर पहले वीटीसीए नागपुर को बल्लेबाजी करने के लिए आमंत्रित किया। पहले बल्लेबाजी करते हुए नागपुर टीम के सलामी बल्लेबाज अध्ययन डागा के 38 गेंद पर चार चौकों और पांच छक्कों की सहायता से खेली गई 66 रन की अर्धशतकीय पारी तथा मध्यक्रम के बल्लेबाज आदित्य आहूजा के 46 रन एवं सत्यम भोयर के 28 रन की सहायता से नौ विकेट के नुकसान पर 190 रन का चुनौतीपूर्ण स्कोर बनाया।

जीआर जयपुर टीम की ओर से गेंदबाजी करते हुए रोहित खींचड़ ने तीन विकेट तथा आशीष चोपड़ा, प्रखर शर्मा, हिमांशु सिंह राणा और तनिष कुमावत ने एक-एक विकेट लिया। लक्ष्य का पीछा करने उतरी जीआर जयपुर टीम ने शानदार खेल का प्रदर्शन किया परंतु अंतिम ओवर में टीम लक्ष्य से एक रन दूर रह गई।

टीम की ओर से शानदार बल्लेबाजी करते हुए रोहित खींचड़ ने शानदार गेंदबाजी करने के बाद बल्लेबाजी में जौहर दिखाते हुए 38 गेंद पर दो चौके और पांच छक्कों की सहायता से 63 रन की शानदार पारी खेली जबकि रोहन राजभर ने 28 गेंद पर पांच चौकों और चार छक्कों की सहायता से 60 रन तथा हर्ष यादव ने 31 रन बनाए।

वीटीसीए टीम की ओर से गेंदबाजी करते हुए अशित सिंह ने दो विकेट तथा दीपेश और अगम सिंह ने एक-एक विकेट लिया। वीटीसीए नागपुर टीम ने यह मुकाबला एक रन से जीत लिया परंतु नेट रन रेट के आधार पर तीसरे स्थान पर रहते हुए प्रतियोगिता से बाहर हो गई। इस मैच में अध्ययन डागा प्लेयर ऑफ द मैच रहे।

दिन के दूसरे मैच में सौलफील जयपुर बनाम इनविक्सो इंडियन नोएडा के मध्य खेले गए मैच में सौलफील टीम ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए 163 रन बनाए। टीम की ओर से बल्लेबाजी करते हुए शिवांग ने 54 गेंद पर चार चौकों और नौ छक्कों की सहायता से 90 रन बनाए जबकि भवानी सुथार ने 32 रन और मितेश जांगिड़ ने 19 रन बनाए।

इनविक्सो टीम की ओर से गेंदबाजी करते हुए समी उल हक ने दो विकेट जबकि पुनीत, हिमांशु, सुमित भाटी और अनुज प्रेम राजपूत ने एक-एक विकेट लिया। लक्ष्य का पीछा करने उतरी इनविक्सो टीम ने 18.5 ओवर में 7 विकेट के नुकसान पर 165 रन बनाकर यह मैच जीत लिया तथा प्रतियोगिता के सेमीफाइनल में स्थान पक्का कर लिया।

टीम की ओर से बल्लेबाजी करते हुए मनीष ने 24 गेंद पर एक चौके और छह छक्के की सहायता से शानदार 50 रन बनाए जबकि राहुल खंडेलवाल ने 48 रन और अनुज प्रेम राजपूत ने 17 रनों का योगदान किया। सौलफील टीम की ओर से गेंदबाजी करते हुए स्वप्निल चौधरी और कुतुबुद्दीन ने तीन-तीन विकेट अपने नाम किए। इस मैच में मनीष प्लेयर ऑफ द मैच रहे।

खेले गए मैच के दौरान दर्शकों में से आकाश सिंह सिसोदिया, अंशु दुबे और शादाब अहमद ने कैच पड़कर 1100-1100 रुपए के नगद इनाम जीते। प्रतियोगिता के मेचों के दौरान मुख्य अतिथि कोटा नागरिक सहकारी बैंक के अध्यक्ष तथा रेड क्रॉस सोसाइटी के प्रदेश अध्यक्ष राजेश कृष्ण बिरला थे।

आज के मैच
कोटा जिला क्रिकेट संघ के अध्यक्ष एवं प्रतियोगिता के आयोजन प्रभारी मनोज कुमार शर्मा ने बताया कि प्रतियोगिता के पहले सेमीफाईनल मुकाबले में डब्ल्यूसीआर जबलपुर बनाम जीआर जयपुर एवं दूसरे सेमीफाईनल मुकाबले में इनविक्सो इंडियंस नोयडा बनाम कोटा डीसीए के मध्य मैच खेला जाएगा।

कोटा महोत्सव के आयोजन को सफल बनाने वाली सहयोगी संस्थाओं का किया सम्मान

ऐसे आयोजन के माध्यम से हाड़ोती पर्यटन की दिशा में आगे बढ़ रहा है-अशोक माहेश्वरी

कोटा। जिला प्रशासन एवं पर्यटन विभाग द्वारा 21 व 22 फरवरी को आयोजित कोटा महोत्सव की भव्य सफलता के बाद शुक्रवार को जिला कलेक्टर पीयूष समारिया के मुख्य आतिथ्य में कोटा महोत्सव के आयोजन में भागीदारी निभाने वाले प्रशासनिक अधिकारियों, व्यापारिक एवं औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधियो को एक समारोह में प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।

अतिरिक्त जिला कलेक्टर सीलिंग कृष्णा शुक्ला ने बताया कि यह आयोजन सियाम ऑडिटोरियम में आयोजित किया गया। इस आयोजन को सफल बनाने में कोटा व्यापार महासंघ, होटल फेडरेशन आफ राजस्थान कोटा डिवीजन, कोटा ग्रेन एण्ड सीड्स मर्चेंट्स एसोसिएशन, कोटा मोटर व्हीकल डीलर्स एसोसियेशन, पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन सहित 70 से अधिक संस्थाओं, मीडिया कर्मियों एवं इन्फ्लुएंस का सहयोग रहा। इतना ही नहीं यहां के प्रतिभावान कलाकारों द्वारा भी इस आयोजन में मनमोहक प्रस्तुतियां देकर जो भव्यता प्रदान की, उनको सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर जिला कलेक्टर पीयूष समारिया ने कहा कि इस आयोजन के माध्यम से हमने हमारी संस्कृति, समृद्धि और हमारी स्थानीय प्रतिभाओं के कलाकारों को आगे बढ़ाने के लिए उनकी भागीदारी रखी, जिससे उन्हें प्रोत्साहन मिला। साथ ही हाड़ोती के पर्यटन विकास को लेकर चल रही मुहिम को भी इसे बल मिलेगा।

होटल फेडरेशन आफ राजस्थान कोटा डिवीजन के अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी एवं महासचिव संदीप पाडिया ने बताया कि कोटा महोत्सव के बाद वे हाड़ोती को पर्यटन के मानचित्र पर निरंतर आगे की ओर ले जा रहे हैं।

कोटा हाड़ोती ट्रैवल मार्ट एवं कोटा महोत्सव के भव्य एवं सफल ऐतिहासिक आयोजन के बाद आने वाले पर्यटक सीजन में वे हाड़ोती के पर्यटन को नई ऊंचाइयां प्रदान करने में सफल होंगे। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार की भागीदारी एवं मीडिया का इस आयोजन में भरपूर सहयोग मिला है। इससे जन-जन ने पूरी उमंग-उत्साह से अपनी भागीदारी निभाई है।

माहेश्वरी ने कहा कि वर्ष के अंतिम माह में कोटा हाड़ोती ट्रेवल मार्ट और कोटा महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। वे राज्य सरकार से मांग करेंगे कि कोटा महोत्सव का आयोजन भी अन्य महोत्सव के आयोजन की तरह पर्यटन के कैलेंडर वर्ष में शामिल किया जाए।

उन्होंने प्रशासन से कोटा हाड़ोती ट्रेवल मार्ट का भी चार दिवसीय आयोजन किए जाने की अपील की है। ताकि इस आयोजन में कोटा के अलावा बूंदी, बांरा एवं झालावाड़ को भी एक-एक दिन की भागीदारी मिल सके। बाहर से आने वाले टूर ऑपरेटर्स को पूरी हाड़ोती का भ्रमण करवाया जा सके।

होटल फेडरेशन आफ राजस्थान कोटा डिवीजन के अध्यक्ष एवं कोटा व्यापार महासंघ के महासचिव अशोक माहेश्वरी ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, जिला प्रशासन एवं पर्यटन विभाग द्वारा इस आयोजन को भव्यता प्रदान कर, नए स्वरूप में पेश करने पर हार्दिक आभार प्रकट किया है। लोकसभा अध्यक्ष के प्रयासों से हाड़ोती का चहुंमुखी विकास होगा। खासकर पर्यटन के क्षेत्र में हाड़ोती में नए आयाम स्थापित होंगे।

इस अवसर पर कोटा व्यापार महासंघ एवं होटल फेडरेशन आफ राजस्थान कोटा डिवीजन द्वारा जिला कलेक्टर पीयूष समारिया, अतिरिक्त जिला कलेक्टर सीलिंग कृष्णा शुक्ला, पर्यटन विभाग के उपनिदेशक विकास पांडे एवं सहायक निदेशक संदीप श्रीवास्तव को भी प्रतीक चिन्ह एवं सेवीनियर देकर सम्मानित किया गया।

यूजीसी के नए नियमों के विरोध में सर्व समाज ने प्रशासन को सौंपा ज्ञापन

होलिका दहन पर प्रतीकात्मक पुतला दहन का निर्णय, नीतिगत पुनर्विचार की मांग

कोटा। समता आंदोलन समिति के नेतृत्व में सर्व समाज के प्रतिनिधियों ने शुक्रवार को यूजीसी के नए नियमों के विरोध में मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन एडीएम सिटी अनिल सिंघल को सौंपा। ज्ञापन में नियमों को “काला कानून” बताते हुए इन्हें निरस्त करने की मांग की गई।

इससे पूर्व भगवान बजरंगबली के समक्ष द्वीप प्रज्वलित कर हनुमान चालीसा से प्रारंभ कर कलेक्ट्रेट परिसर में समिति के लोगो ने धरना दिया। इस अवसर पर सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि होलिका दहन के अवसर पर नए कोटा एवं पुराने कोटा क्षेत्र में यूजीसी के नए नियमों के विरोध में प्रतीकात्मक रूप से पुतला दहन किया जाएगा। मंच संचालन समता आंदोलन जिला महामंत्री रासबिहारी पारीक ने किया।

ज्ञापन के माध्यम से यूजीसी के नए नियमों में “एनी कास्ट/कास्ट न्यूट्रल” शब्दावली शामिल करने, प्रत्येक शिकायत के साथ शपथ-पत्र (हलफनामा) अनिवार्य करने, बालिकाओं को छोड़कर अन्य मामलों में शिकायतकर्ता की पहचान उजागर करने, जाति आधारित नियमों, कानूनों एवं लाभकारी योजनाओं को निलंबित करने तथा भारत के प्रत्येक नागरिक के साथ जातीय आधार पर भेदभाव न किए जाने की मांग उठाई गई।

बैठक की अध्यक्षता करते हुए समता आंदोलन के संभागीय अध्यक्ष डॉ. अनिल शर्मा ने कहा कि अब समय आ गया है कि विभिन्न सामाजिक मंचों से आरक्षण नीति, एट्रोसिटी एक्ट तथा यूजीसी के नए नियमों जैसे विषयों पर खुलकर चर्चा की जाए। उन्होंने कहा कि इन प्रावधानों के दूरगामी प्रभावों को समाज के समक्ष तथ्यात्मक रूप से रखा जाना आवश्यक है, ताकि आमजन इनके प्रभावों से अवगत हो सकें।

अन्य वक्ताओं ने एक स्वर में कहा, “लोकतंत्र में असहमति दर्ज कराना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है। यदि किसी नीति या कानून से समाज के किसी वर्ग में असंतोष है, तो उसे शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से व्यक्त किया जाना चाहिए। हमारा उद्देश्य किसी वर्ग विशेष के प्रति विरोध नहीं, बल्कि नीतिगत पुनर्विचार की मांग है।”

वक्ताओं ने यह भी कहा कि संबंधित प्रावधान सामान्य वर्ग के मौलिक अधिकारों—अनुच्छेद 14, 15(1) एवं 21—पर प्रभाव डाल सकते हैं और समाज में जातिगत विभाजन की आशंका उत्पन्न कर सकते हैं। इन नियमों से सामाजिक संतुलन प्रभावित हो सकता है और व्यापक पुनर्विचार की आवश्यकता है।

इन प्रतिनिधियों ने किए हस्ताक्षर
ज्ञापन पर समता आंदोलन समिति से डॉ. अनिल शर्मा एवं गोपाल शर्मा, ब्राह्मण समाज से राजेंद्र गौत्तम एवं रामस्वरूप शर्मा, कायस्थ समाज से निमिष सक्सेना, जैन समाज से प्रकाश बज, वैश्य समाज से हुकुम मंगल तथा राजपूत समाज से निर्भय सिंह ने हस्ताक्षर कर प्रशासन को सौंपा।

माधवी मंच ने मनाया भव्य फाग उत्सव, बरसाने की लठमार होली खेली

कोटा। अग्रवाल सेवा संस्था झालावाड़ रोड के माधवी मंच द्वारा बरसाने की सुप्रसिद्ध लठमार होली के अवसर पर एक भव्य फाग उत्सव का आयोजन किया गया। इस उत्सव में परंपरा, भक्ति और उल्लास का अनूठा संगम देखने को मिला।

मंच की मुख्य संयोजिका शीलू जैन ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान सभी महिला सदस्य नंदगांव के ग्वालों और बरसाने की गोपियों के पारंपरिक वेश में नजर आईं। सदस्यों ने फाग गीतों की मधुर धुनों पर झूमते हुए फूलों की होली खेली और लठमार होली की प्राचीन परंपरा को जीवंत कर पूरे वातावरण को आनंदमयी बना दिया।

उत्सव के आकर्षणों की जानकारी देते हुए उपमुख्य संयोजिका अंशु मित्तल ने बताया कि कार्यक्रम में सुनीता गोयल (जोली) एवं सोनल गोयल ने राधा-कृष्ण का मनमोहक रूप धारण कर शानदार मयूर नृत्य प्रस्तुत किया। जिसने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। इसके अतिरिक्त, सामूहिक नृत्य और विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में आकर्षक बना दिया। आयोजन के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली सभी प्रतिभागियों को संस्था की ओर से सम्मानित भी किया गया।

भक्ति के इस सफर को आगे बढ़ाते हुए कार्यक्रम संयोजिका संगीता गर्ग ने भावपूर्ण फाग गीतों की प्रस्तुति दी। जिससे कार्यक्रम स्थल पर मथुरा-वृंदावन की गलियों जैसा माहौल निर्मित हो गया।

इस सफल आयोजन की सुव्यवस्थित व्यवस्था का उत्तरदायित्व संयोजिका सोनल गुप्ता, अंजना अग्रवाल एवं आशा अग्रवाल ने समस्त कार्यकारिणी सदस्यों के सहयोग से बखूबी निभाया।

कोटा-खाटू श्यामजी रींगस मार्ग होली एक्सप्रेस स्पेशल ट्रैन का अंतिम फेरा 4 मार्च को

यह गाड़ी लाखेरी, इन्द्रगढ़ सुमेरगंज मंडी एवं सवाई माधोपुर स्टेशनों से होकर गुजरेगी

कोटा। होली पर्व एवं खाटू श्याम जी दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए संचालित कोटा–खाटू श्याम जी (रींगस मार्ग)–कोटा होली एक्सप्रेस स्पेशल ट्रेन का एक फेरा संपन्न हो चुका है। इस विशेष ट्रेन का अगला एवं अंतिम निर्धारित फेरा दिनांक 04 मार्च 2026 को कोटा से संचालित किया जाएगा।

वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ जैन ने बताया कि गाड़ी संख्या 09807 (कोटा–राशिदपुर खोरी) 4 मार्च बुधवार को कोटा स्टेशन से रात्रि 21.55 बजे प्रस्थान करेगी।

यह ट्रेन 22.38 बजे लाखेरी, 22.50 बजे इन्द्रगढ़ सुमेरगंज मंडी, अगले दिन 00.05 बजे सवाई माधोपुर, 02.02 बजे दुर्गापुरा, 02.30 बजे जयपुर, 02.50 बजे देहर का बालाजी, 03.13 बजे चौमूं सामोद, 03.40 बजे रींगस एवं 04.30 बजे सीकर पर ठहराव लेते हुए प्रातः 05.20 बजे राशिदपुर खोरी पहुंचेगी। रींगस स्टेशन खाटू श्याम जी के लिए निकटतम प्रमुख रेलवे स्टेशन है, जहां से सड़क मार्ग द्वारा खाटू धाम पहुंचा जा सकता है।

इसी प्रकार वापसी में गाड़ी संख्या 09808 (राशिदपुर खोरी–कोटा) 5 मार्च गुरुवार को प्रातः 06.55 बजे राशिदपुर खोरी से प्रस्थान करेगी। यह ट्रेन 07.10 बजे सीकर, 08.00 बजे रींगस, 08.36 बजे चौमूं सामोद, 09.40 बजे देहर का बालाजी, 10.00 बजे जयपुर, 10.22 बजे दुर्गापुरा, 13.45 बजे सवाई माधोपुर, 14.38 बजे इन्द्रगढ़ सुमेरगंज मंडी एवं 14.50 बजे लाखेरी पर ठहराव लेते हुए अपराह्न 15.55 बजे कोटा पहुंचेगी।

यह गाड़ी दोनों दिशाओं में कोटा, लाखेरी, इन्द्रगढ़ सुमेरगंज मंडी, सवाई माधोपुर, दुर्गापुरा, जयपुर, देहर का बालाजी, चौमूं सामोद, रींगस एवं सीकर स्टेशनों पर ठहराव लेकर गंतव्य तक जाएगी।

इस विशेष ट्रेन में 04 सामान्य श्रेणी, 07 शयनयान श्रेणी, 05 वातानुकूलित तृतीय श्रेणी, 01 वातानुकूलित तृतीय इकोनॉमी श्रेणी, 02 वातानुकूलित द्वितीय श्रेणी तथा 01 वातानुकूलित द्वितीय सह प्रथम श्रेणी के डिब्बे सहित कुल 22 डिब्बे लगाए गए हैं।

रेल प्रशासन ने यात्रियों से खाटू श्याम जी के दर्शन हेतु इस अंतिम फेरे का लाभ उठाने की अपील की है। यात्री समय रहते अपना आरक्षण सुनिश्चित करें।

ईदगाह–भरतपुर पैसेंजर ट्रेनें अस्थायी रूप से निरस्त
कोटा मंडल के भरतपुर स्टेशन से संचालित गाड़ी संख्या 51907/51908 तथा 51909/51910 ईदगाह–भरतपुर पैसेंजर रेलसेवाएं 1 मार्च से आगामी आदेश तक अस्थायी रूप से निरस्त रहेंगी।

Kota Mandi: लिवाली कमजोर रहने से कोटा मंडी में सोयाबीन और सरसों में मंदी रही

कोटा। Kota Mandi Price Today: भामाशाह अनाज मंडी में शुक्रवार को मिलर्स की लिवाली कमजोर रहने से सोयाबीन 50 रुपये और सरसों 100 रुपये मंदी रही। मंडी में सभी कृषि जिंसों की मिलाकर करीब सवा लाख कट्टे और लहसुन की 3500 कट्टे की आवक रही। मंडी में जिंसों के भाव रुपये प्रति क्विंटल इस प्रकार रहे-

गेहूं 2275 से 2350, ज्वार शंकर 1700 से 2300, ज्वार सफेद 2800 से 5000, बाजरा 1800 से 2050, मक्का लाल 1400 से 1550, मक्का सफेद 1600 से 2200, जौ 2000 से 2300 रुपये प्रति क्विंटल।

धान सुगन्धा 2800 से 3201, धान (1509) 3400 से 4100, धान (1847) 3200 से 3701, धान (1718-1885) 3900 से 4350, धान (पूसा-1) 3600 से 4200, धान (1401-1846) 3800 से 4250, धान दागी 1500 से 3500 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन 4000 से 5301, सरसों 5200 से 6300, अलसी 6000 से 6700, तिल्ली 7000 से 8500 रुपये प्रति क्विंटल। मूंग 6000 से 6900, उड़द 4500 से 8200, चना देशी 4700 से 5001, चना मौसमी 4700 से 5000, चना पेप्सी 4800 से 5001, चना डंकी 3500 से 4700, चना काबुली 5500 से 7500, नया चना 4500 से 5000 रुपये प्रति क्विंटल।

नया लहसुन 3300 से 7500, मैथी 4000 से 5200, धनिया बादामी 7500 से 9300, धनिया ईगल 9200 से 9800, धनिया नया गीला 6700 से 9500, धनिया रंगदार 10000 से 13000 रुपये प्रति क्विंटल।

Wheat Price: रिकॉर्ड उत्पादन से गेहूं के भाव एमएसपी से नीचे आने की आशंका

नई दिल्ली। Wheat Price: अगले कुछ सप्ताहों में 2026 के रबी मार्केटिंग सीजन के दौरान राष्ट्रीय स्तर पर नए गेहूं की जोरदार आपूर्ति शुरू होने वाली है। जबकि केंद्रीय पूल एवं खुले बाजार में इस महत्वपूर्ण खाद्यान्न का भाव घटकर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) से नीचे आ सकता है। चालू रबी सीजन के दौरान गेहूं का शानदार घरेलू उत्पादन होने की उम्मीद है।

केंद्र सरकार ने गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 160 रूपए बढ़ाकर 2585 रूपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया है जबकि अधिकांश व्यापारियों एवं उत्पादकों का मानना है कि आपूर्ति के पीक सीजन में इसका मंडी भाव घटकर इस समर्थन मूल्य से 300-400 रूपए प्रति क्विंटल तक नीचे आ सकता है।

2024-25 के रबी सीजन में 1179 लाख टन गेहूं के रिकार्ड उत्पादन का सरकारी अकड़ा सामने आया था जबकि 2025-26 सीजन के लिए 1190 लाख टन के उत्पादन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है अप्रैल से नए गेहूं की जोरदार आवक शुरू हो जाएगी जो कमोबेश जून तक जारी रहेगी।

इस अवधि में यदि मंडी भाव नीचे रहता है तो सरकारी एजेंसी को किसानो से अत्यंत विशाल मात्रा में इसकी खरीद करने के लिए विवश होना पड़ेगा। सरकार की अनिश्चितता नीति से व्यापारी दुविधा में है क्योंकि गेहूं पर कभी भी स्टॉक सीमा लागू कर दी जाती है। इसे देखते हुए व्यापारी /स्टॉकिस्ट भी इस बार किसानो से गेहूं खरीदने में काफी सावधानी दिखा सकते है।

Red Chilli Price: पैदावार घटने से लालमिर्च की कीमतों में तेजी की संभावना

गुंटूर। Red Chilli Price: भारतीय मसाला बाजार में फ़िलहाल मिश्रित माहौल देखा जा रहा है। लालमिर्च के उत्पादन में 35-40 प्रतिशत की जोरदार गिरावट आने की आशंका व्यक्त की जा रही है जिससे इसकी आपूर्ति एवं उपलब्धता की स्थिति जटिल (टाईट) रहने की सम्भावना है।

दूसरी ओर गत वर्ष कीमतों में सुधार आने से इस बार हल्दी का उत्पादन बेहतर होने की उम्मीद है। इसके अलावा अदरक (सौंठ) के निर्यात बाजार में अनिश्चितता एवं उतार-चढ़ाव की स्थिति देखी जा रही है क्योंकि चीन इसके वैश्विक निर्यात बाजार पर लगातार अपनी पकड़ मजबूत कर रहा है।

भारत दुनिया में लालमिर्च का सबसे प्रमुख उत्पादक एवं निर्यातक देश है जहां इसका औसत वार्षिक उत्पादन 20 लाख टन के आसपास होता है। लेकिन चालू सीजन (2025-26) के दौरान इसके उत्पादन में 35-40 प्रतिशत तक की भारी गिरावट आने की सम्भावना है।

क्योंकि एक तो आंध्र प्रदेश, तेलंगाना एवं कर्नाटक जैसे शीर्ष उत्पादक राज्यों में इसका बिजाई क्षेत्र घट गया और दूसरे मौसम की हालत भी फसल के लिए पूरी तरह अनुकूल नहीं रही। लालमिर्च की बिजाई भी अक्टूबर-नवम्बर के लिए पूरी तरह अनुकुल नहीं रही।

लालमिर्च की बिजाई भी अक्टूबर-नवम्बर तक हल्की रही। कुछ क्षेत्रों में पहली बिजाई वाली फसल क्षतिग्रस्त हो गयी। अब इसकी तुड़ाई-तैयारी आरम्भ हो गयी है मगर मंडियों में आवक उम्मीद से कम हो रही है। इससे हाजिर मंडियों में स्थिति जटिल देखी जा रही है।

हालांकि लालमिर्च का पिछला बकाया स्टॉक गत वर्ष की तुलना में इस बार 8-10 प्रतिशत ऊंचा बताया जा रहा है लेकिन व्यापार विश्लेषकों का कहना है कि इसकी वास्तविक उपलब्धता में 25-30 प्रतिशत की कमी आ सकती है।

पिछले साल ऊंचे स्टॉक के कारण आरंभिक महीनों में लालमिर्च का भाव नरम पड़ गया था। लेकिन उसके बाद जनवरी 2026तक यह मजबूत बना रहा। लालमिर्च की निर्यात मांग नियमित रूप से मजबूत बनी रही और चीन इसका प्रमुख खरीदार बना रहा।

सेंसेक्स 961 अंक लुढ़ककर 81300 के नीचे बंद, निवेशकों के 4.91 करोड़ रुपये स्‍वाहा

नई दिल्ली। Stock Market Closed: हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन यानी शुक्रवार को शेयर बाजार बड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ। बेंचमार्क सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी में एक प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट हुई।

30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 961.42 अंक या 1.17 प्रतिशत गिरकर 81,287.19 पर बंद हुआ। 50 शेयरों वाला एनएसई निफ्टी 317.90 अंक या 1.25 प्रतिशत गिरकर 25,178.65 पर बंद हुआ।

आईटी शेयरों में बढ़त के बावजूद बैंकिंग, ऑटो और एफएमसीजी जैसे सेक्टरों में बिकवाली से बाजार दबाव में आ गया। इंडेक्स हैवीवेट एचडीएफसी बैंक, आईसीआईसीआई बैंक और रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों कमजोरी का भी बाजार पर नेगेटिव असर पड़ा। वहीं, अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ रहे तनाव की वजह से निवेशक सतर्क रुख अपना रहे हैं और बीच-बीच में मुनाफा वसूली कर रहे हैं।

बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) 82,246 अंक पर लगभग सपाट खुला। लेकिन खुलते ही इसमें गिरावट देखी गई। कारोबार के अंत में बिकवाली हावी हो गई और यह 961.42 अंक या 1.17 प्रतिशत की गिरावट लेकर 81,287.19 पर बंद हुआ।

इसी तरह, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 (Nifty-50) भी गिरावट के साथ 25,459 पर खुला। खुलते ही यह 25,400 के नीचे फिसल गया। अंत में 317.90 अंक या 1.25 फीसदी की गिरावट के साथ 25,178.65 पर बंद हुआ।