छोटे कोचिंग संस्थानों का उत्पीड़न बंद हो, सीलिंग की कार्रवाई न्यायसंगत नहीं

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हाड़ौती संभाग कोचिंग समिति का शपथग्रहण एवं शिक्षक सम्मान समारोह सम्पन्न

​कोटा। हाड़ौती संभाग कोचिंग समिति (रजि.) की नवगठित संभागीय और जिला कार्यकारिणी का भव्य शपथ ग्रहण समारोह तलवंडी स्थित एक स्थानीय होटल में गरिमापूर्ण माहौल में आयोजित किया गया।

समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में कोटा दक्षिण विधायक संदीप शर्मा, रेडक्रॉस सोसायटी के अध्यक्ष राजेश बिरला, प्रख्यात शिक्षाविद मनोज जैन तथा रेलवे परामर्शदात्री समिति के सदस्य व किसान नेता आशीष मेहता उपस्थित रहे।

कार्यक्रम की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष ओम मेहता ने की। इस दौरान नवगठित कार्यकारिणी के पदाधिकारियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई गई और शिक्षा क्षेत्र के विकास का संकल्प लिया गया।

​समारोह को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि विधायक संदीप शर्मा ने कहा कि कोटा को शिक्षा नगरी बनाने में छोटे और मंझोले कोचिंग संस्थानों का योगदान अतुलनीय है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि वे निजी शिक्षण संस्थानों की जायज समस्याओं को सरकार और प्रशासन के समक्ष पूरी मजबूती से उठाएंगे।

रेडक्रॉस सोसायटी के अध्यक्ष राजेश बिरला ने कहा कि कोटा की पहचान यहाँ के समर्पित शिक्षकों से है। उन्होंने संस्थानों से विद्यार्थियों को तनावमुक्त माहौल देने की अपील की। शिक्षाविद मनोज जैन ने आधुनिक दौर में कोचिंग के बदलते स्वरूप और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। किसान नेता आशीष मेहता ने कहा कि कोचिंग उद्योग से कोटा के हजारों परिवारों की आजीविका जुड़ी है, इसलिए इस क्षेत्र का संरक्षण बेहद जरूरी है।

फायर एनओसी के नाम पर उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं
​कार्यक्रम के दौरान समिति की संरक्षक सोनिया राठौड़ ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर तीखे सवाल उठाए। उन्होंने अपने संबोधन में दो टूक कहा कि प्रशासन फायर एनओसी के नाम पर छोटे और मंझोले कोचिंग संस्थानों को परेशान करना तुरंत बंद करे। सुरक्षा के मानक जरूरी हैं, लेकिन नियमों की आड़ में छोटे व्यवसायियों को डराना और उनका उत्पीड़न करना कहीं से भी उचित नहीं है। समिति इस प्रकार के प्रशासनिक रवैये का पुरजोर विरोध करती है।

​छोटे संस्थानों में दो गेट का नियम अव्यावहारिक
​संरक्षक बुद्धि प्रकाश शर्मा ने कोचिंग संस्थानों पर की जा रही सीलिंग की कार्रवाई पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि एक छोटे से कोचिंग संस्थान या कमरों में संचालित होने वाले सेंटर में दो निकास द्वार (गेट) निकालने की अनिवार्यता पूरी तरह से अव्यावहारिक और अन्यायसंगत है। व्यावहारिक दिक्कतों को समझे बिना की जा रही सीलिंग की कार्रवाई से कोचिंग संचालकों में भारी भय और रोष व्याप्त है। समारोह में उपस्थित सभी सदस्यों और पदाधिकारियों ने प्रशासन की इस एकतरफा सीलिंग की कार्रवाई के खिलाफ एक सुर में विरोध जताया और इसमें तुरंत सुधार की मांग की।

राष्ट्र निर्माता शिक्षकों का हुआ सम्मान
​समारोह के अंतिम चरण में शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले स्थानीय शिक्षकों और शिक्षाविदों का समिति की ओर से स्मृति चिह्न भेंट कर भावभीना सम्मान किया गया। समिति के अध्यक्ष ओम मेहता ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह संगठन छोटे कोचिंग संचालकों के हितों की रक्षा के लिए सदैव तत्पर रहेगा। उन्होंने सभी सदस्यों से एकजुट रहने का आह्वान किया ताकि किसी भी अन्याय के खिलाफ मजबूती से आवाज उठाई जा सके।

इनकी रही उपस्थिति
समारोह में संभागीय संरक्षक बुद्धि प्रकाश शर्मा, सोनिया राठौर, वरिष्ठ उपाध्यक्ष दिलीप कुमावत, महासचिव आरके जांगिड़, कोषाध्यक्ष प्रदीप धाकड़, जिला कार्यकारिणी संरक्षक धनेश विजयवर्गीय, अध्यक्ष जितेंद्र पारेता, वरिष्ठ उपाध्यक्ष नौलक मीणा, उपाध्यक्ष रवि राठौर, महासचिव नीरज मेहता, कोषाध्यक्ष नरेश नागर, सलाहकार एसएल नागर, प्रवक्ता विशाल उपाध्याय, सचिव आरवी प्रजापति, संगठन मंत्री संदीप मालव, सह संगठन मंत्री हरि गुर्जर, कार्यकारिणी सदस्य शुभम सिंघल, कमल सुमन, सचिव हेमराज सुमन, संगठन मंत्री मयंक भाटिया, जिला प्रवक्ता वीरेंद्र शर्मा, सह संगठन मंत्री सहगिल हुसैन, प्रचार मंत्री पंकज जैन, सूचना प्रभारी दशरथ नरूका, कार्यकारिणी सदस्य चेतन जैन, धर्मेंद्र प्रजापति उपास्थित रहे।