नई दिल्ली। India-UK Trade Deal: भारत और ब्रिटेन के बीच हुई नई ट्रेड डील को लेकर सरकार ने नए नियम जारी कर दिए हैं। ये नियम 15 जुलाई से लागू होने जा रहे हैं। अब ब्रिटेन से कार मंगवाने वाली कंपनियों को सस्ते टैक्स का फायदा उठाने के लिए सरकार से मंजूरी लेनी होगी।
इस समझौते के तहत, ब्रिटेन से आने वाली चुनिंदा कारों पर लगने वाला भारी-भरकम टैक्स, जो अभी 110% तक जाता है, उसे घटाकर सिर्फ 10% तक कर दिया जाएगा। इससे विदेशी कारें भारतीय बाजार में काफी सस्ती हो जाएंगी और लोगों के पास प्रीमियम गाड़ियों के ज्यादा विकल्प होंगे।
अब देना होगा सिर्फ 10% तक
नए नियमों के मुताबिक, अगले 15 सालों में ब्रिटेन से करीब 3.78 लाख कारों को कम टैक्स पर भारत लाया जा सकेगा। योजना के पहले साल के लिए 20,000 कारों का कोटा तय किया गया है। इसमें बड़े इंजन वाली लग्जरी कारों पर टैक्स 110% से घटाकर सीधे 30% कर दिया गया है। वहीं, कुछ मध्यम श्रेणी की कारों पर भी टैक्स में कटौती की गई है।
यह फायदा सिर्फ कार बनाने वाली कंपनियां या उनके अधिकृत डीलर ही उठा पाएंगे। सरकार ने साफ कहा है कि टैक्स में जो बचत होगी, उसका सीधा फायदा कार खरीदने वाले ग्राहकों को मिलना चाहिए ताकि उन्हें गाड़ियां कम कीमत पर मिलें।
टाटा, महिंद्रा जैसी घरेलू कंपनियों का भी रखा ख्याल
भारतीय बाजार और टाटा-महिंद्रा जैसी घरेलू कंपनियों को नुकसान न हो, इसके लिए सरकार ने एक खास शर्त रखी है। लगभग 42 लाख रुपये से कम कीमत वाली कारों पर कोई छूट नहीं दी गई है, यानी आम आदमी की बजट वाली कारों पर देसी कंपनियों का ही दबदबा रहेगा। इसके अलावा, इलेक्ट्रिक और हाइब्रिड कारों पर भी अभी 5 साल तक कोई राहत नहीं मिलेगी। महंगी इलेक्ट्रिक कारों पर टैक्स में छूट छठे साल से मिलनी शुरू होगी। इस तरह सरकार ने विदेशी कारों के लिए रास्ता भी खोल दिया है और अपनी भारतीय कंपनियों के बिजनेस को भी सुरक्षित रखा है।

