Thursday, June 11, 2026
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Stock Market: सेंसेक्स 395 अंक उछल कर 73900 के पार, निफ्टी 23242 पर बंद

नई दिल्ली। Stock Market Closed : मंगलवार को घरेलू शेयर बाजारों में तेजी देखने को मिली है। 30 संवेदी सूचकांक वाला सेंसेक्स 394 अंक या फिर 0.50 प्रतिशत की बढ़त के साथ 73918.76 अंक पर बंद हुआ है। वहीं, निफ्टी आज सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन को 0.52 प्रतिशत या फिर 119.10 अंक की तेजी के साथ 23242.10 अंक पर बंद हुआ है।

सेंसेक्स की 30 में 18 कंपनियों के शेयरों की कीमतों में आज तेजी दर्ज की गई है। इंडिगो का शेयर 4 प्रतिशत, एसबीआई का स्टॉक 2.13 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुआ है। आईसीआईसीआई बैंक, एक्सिस बैंक, बजाज फाइनेंस के शेयरों का दाम आज बढ़ा हुआ है।

सत्र के दौरान पीएसयू बैंकों के शेयरों में खरीदारी देखने को मिली। एसबीआई और आयशर जैसी कंपनियों के शेयरों के भाव करीब दो फीसदी तक मजबूत हुए हैं। विदेशी निवेशकों (एफआईआई) की बिकवाली के बीच घरेलू निवेशकों (डीआईआई) ने करीब चार लाख करोड़ रुपये के शेयर खरीदे हैं। डॉलर के मुकाबले रुपया 25 पैसे बढ़कर 95.36 (अस्थायी) पर बंद हुआ। बाजार में उतार-चढ़ाव को मापने वाला वोलैटिलिटी इंडेक्स यानी वीआईएक्स मंगलवार को करीब 9% गिरकर 15.56 पर पहुंच गया।

बीएसई का 30 शेयरों वाला बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स 511 अंकों की उछाल के साथ 74035 के लेवल पर खुला। जबकि, एनएसई के 50 शेयरों वाले सूचकांक निफ्टी ने शतक के साथ मंगलवार के कारोबार की शुरुआत की। निफ्टी 136 अंक ऊपर 23259 के लेवल पर खुलने में कामयाब रहा।

मोदी सरकार ने उज्ज्वला योजना के सब्सिडी वाले सिलेंडरों की संख्या 9 से घटाकर 4 की

पांच सिलेंडर घटाने से सालाना सब्सिडी में 1500 रुपये की कमी आएगी

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) के 10.58 करोड़ से अधिक लाभार्थियों के लिए एलपीजी सब्सिडी के नियमों में बड़ा बदलाव किया गया है। सरकार ने हर साल सब्सिडी वाले सिलेंडरों की संख्या 9 से घटाकर 4 कर दी है। ऐसे में करोड़ों महिलाओं को मिलने वाली सालाना सब्सिडी में करीब 1500 रुपये की कमी आएगी।

पहले उज्ज्वला लाभार्थियों को 9 रिफिल पर 300 रुपये प्रति सिलेंडर की सब्सिडी मिलती थी। इससे उन्हें साल भर में 2,700 रुपये का लाभ मिलता था। अब नई व्यवस्था के तहत सिर्फ 4 रिफिल पर 300 रुपये प्रति सिलेंडर की सब्सिडी मिलेगी। यानी कुल वार्षिक लाभ घटकर 1,200 रुपये रह जाएगा।

अब कितने में मिलेगा सिलेंडर
हाल ही में घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत में 29 रुपये की बढ़ोतरी के बाद दिल्ली में 14.2 किलोग्राम वाला सिलेंडर 942 रुपये का हो गया है। उज्ज्वला लाभार्थियों को पहले चार रिफिल पर 300 रुपये की सब्सिडी मिलने के बाद प्रभावी कीमत 642 रुपये प्रति सिलेंडर पड़ेगी। इसके बाद उन्हें बाकी रिफिल मार्केट रेट पर ही खरीदने होंगे।

बता दें वर्ष 2016 में शुरू की गई इस योजना के तहत पहले लाभार्थियों को वर्ष में 12 सिलेंडर सब्सिडी पर मिलते थे। हालांकि, पिछले साल सब्सिडी वाले सिलेंडर की संख्या घटाकर नौ कर गई थी, जिसे अब और भी घटाकर चार कर दिया गया है।

किसे मिलेगी सब्सिडी
सरकार के अनुसार मौजूदा पीएमयूवाई लाभार्थियों को पहले की तरह डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए 300 रुपये प्रति सिलेंडर की सब्सिडी मिलती रहेगी। सब्सिडी सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में भेजी जाएगी।

कौन है पात्र
उज्ज्वला योजना का लाभ पाने के लिए आवेदक 18 वर्ष या उससे अधिक उम्र की महिला हो। गरीब या सरकार द्वारा चिन्हित पात्र परिवार से संबंधित हो। इसके अलावा परिवार में पहले से एलपीजी कनेक्शन नहीं होना चाहिए। आधार कार्ड और बैंक खाता जरूरी है।

इसके अलावा एसईसीसी-2011 सूची में शामिल परिवार, अनुसूचित जाति/जनजाति परिवार, अंत्योदय अन्न योजना (AAY) लाभार्थी, पीएम आवास योजना (ग्रामीण) के लाभार्थी, वनवासी, चाय बागान श्रमिक, द्वीप क्षेत्रों में रहने वाले परिवार और अन्य पात्र गरीब परिवार भी योजना के दायरे में आते हैं।

नया कनेक्शन कैसे लें
नया उज्ज्वला कनेक्शन लेने के लिए पीएमयूवाई पोर्टल पर जाएं। “Apply for New Ujjwala Connection” विकल्प चुनें। इंडेन, भारत गैस या एचपी गैस में से किसी एक वितरक का चयन करें। मोबाइल नंबर या ईमेल से रजिस्ट्रेशन करें। इसके बाद ई-केवाईसी और डॉक्यूमेंट्स वेरिफिकेशन की प्रक्रिया पूरी करें। अप्लाई करते समय जरूरी दस्तावेज की बात करें तो आधार कार्ड, निवास प्रमाण पत्र, बैंक खाते की डिटेल्स, राशन कार्ड या पात्रता संबंधी दस्तावेज और मोबाइल नंबर जरूर पास रखें।

सरकार ने 2023 से अब तक का बैंकों से मांगा गोल्ड लोन का हिसाब, जानिए क्यों

नई दिल्ली। वित्त वर्ष 2025-26 में सोने का आयात 24% बढ़कर $71.9 अरब के नए रेकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। इसे देखने हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से एक साल तक सोना नहीं खरीदने की अपील की थी। इससे विदेशी मुद्रा बचेगी, चालू खाते का घाटा कम होगा और रुपये पर दबाव कम होगा।

सरकार ने हाल में सोने और चांदी पर आयात शुल्क 6% से 15 फीसदी कर दिया था। अब सरकार ने बुलियन बैंकों से गोल्ड मेटल लोन और सोने के बदले लोन के बारे में 2023 से अब तक की सारी जानकारी मांगी है। माना जा रहा है कि सरकार सोने को लेकर आने वाले दिनों में और भी कदम उठा सकती है।

ईटी की एक रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से यह दावा किया गया है कि फाइनेंस मिनिस्ट्री के तहत आने वाले डिपार्टमेंट ऑफ फाइनेंशियल सर्विसेज ने शुक्रवार शाम बैंकों को भेजे गए एक संदेश में गोल्ड मेटल लोन की वैल्यू और वॉल्यूम, ग्राहकों की संख्या, इंटरनेशनल गोल्ड सप्लायर्स, पोर्टफोलियो साइज़, गिरवी रखे गए सोने (कोलेटरल) की मात्रा और उधार लेने वालों की संख्या के बारे में डेटा मांगा है।

एक सीनियर बैंकर ने कहा कि बैंकों को सोमवार तक जानकारी देने को कहा गया था। कुछ मामलों में मंथली आधार पर आंकड़े दिए गए। जून-जुलाई में कारोबार कम रहता है और मई में सोने का इंपोर्ट भी कम हुआ है, इसलिए विकल्पों पर विचार करने का यह अच्छा समय है।

एक अन्य सूत्र ने बताया कि मंत्रालय के बैंकों से संपर्क करने से कुछ समय पहले ही आरबीआई ने उनसे चालू वर्ष के लिए गोल्ड मेटल लोन का अनुमान लगाने को कहा था।

सोना आयात करने वाले बैंक इंटरनेशनल बैंकों से सोना उधार लेकर जूलर्स को लोन पर देते हैं या फिर कंसाइनमेंट का तरीका अपनाते हैं। इसमें लोकल होलसेल खरीदारों की खास मांगों के आधार पर ग्लोबल बैंकों से सीधे पेमेंट करके सोना मंगाया जाता है।

गोल्ड मेटल लोन को साल 1998 में एक्सपोर्टर्स के लिए शुरू किया गया था। बाद में जूलर्स को भी यह सुविधा दी गई। साल 2013 में इसे एक महीने के लिए रोक दिया गया था। बैंक गोल्ड मेटल लोन के एंड यूज पर कड़ी नजर रखते हैं।

कैसे कम होगा इम्पोर्ट?
एक सूत्र ने कहा कि भले ही कोई बड़ा फैसला न लिया जाए, लेकिन इंडस्ट्री ने सप्लाई बनाए रखते हुए आयात को कम करने के तरीके सुझाए हैं। एक बुलियन इंडस्ट्री एसोसिएशन ने सुझाव दिया है कि गोल्ड मेटल लोन के लिए नया सोना इंपोर्ट करने के बजाय बैंक रिफाइन किए गए बार का इस्तेमाल गोल्ड मेटल लोन के लिए कर सकते हैं। इंडस्ट्री के एक सूत्र ने कहा कि गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ETF) इम्पोर्टेड सोना खरीदने के बजाय रिफाइंड बार खरीद सकते हैं। इससे इम्पोर्ट कम होगा।

OnePlus की N Series के नए 5G फोन 20 हजार रुपये से कम में होंगे लॉन्च

नई दिल्ली। OnePlus को आमतौर पर प्रीमियम और मिड-रेंज स्मार्टफोन ब्रांड के तौर पर जाना जाता है। कंपनी के फ्लैगशिप फोन लाखों यूजर्स की पसंद हैं, वहीं Nord सीरीज ने भी मिड-रेंज मार्केट में अच्छी पहचान बनाई है। लेकिन अब लगता है कि OnePlus अपनी स्ट्रेटेजी में बड़ा बदलाव करने जा रहा है।

स्मार्टप्रिक्स की एक नई रिपोर्ट के अनुसार कंपनी भारत में एक नई स्मार्टफोन सीरीज लॉन्च करने की तैयारी कर रही है, जिसे N Series नाम दिया जा सकता है। सबसे दिलचस्प बात यह है कि इस नई सीरीज के स्मार्टफोन 20,000 रुपये से कम कीमत में लॉन्च हो सकते हैं।

अगर ऐसा होता है तो यह OnePlus की अब तक की सबसे किफायती स्मार्टफोन सीरीज होगी। इससे उन ग्राहकों को भी OnePlus फोन का एक्सपीरियंस मिल सकेगा जो बजट की वजह से कंपनी के फोन नहीं खरीद पाते थे। फिलहाल कंपनी की ओर से कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।

OnePlus एक बिल्कुल नई स्मार्टफोन लाइनअप पर काम कर रहा है। यह सीरीज Nord ब्रांडिंग से अलग हो सकती है और इसे N Series के नाम से पेश किया जा सकता है। कहा जा रहा है कि कंपनी केवल एक फोन नहीं बल्कि कई मॉडल लॉन्च करने की तैयारी में है, ताकि अलग-अलग बजट वाले ग्राहकों को टारगेट किया जा सके।

अब तक OnePlus के सबसे सस्ते फोन्स Nord CE सीरीज के तहत आते रहे हैं। लेकिन इनकी कीमत भी 20 हजार रुपये से ऊपर पहुंच चुकी है। ऐसे में N Series कंपनी के लिए एक नए ग्राहक तक पहुंचने का जरिया बन सकती है।

जुलाई में हो सकती है लॉन्चिंग
लीक्स के मुताबिक OnePlus इस नई सीरीज को भारत में जुलाई 2026 के दौरान लॉन्च कर सकता है। हालांकि लॉन्च डेट को लेकर अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। आने वाले दिनों में कंपनी की तरफ से टीजर और अन्य जानकारियां सामने आ सकती हैं। पिछले कुछ वर्षों में स्मार्टफोन बाजार में काफी बदलाव आया है। Redmi, Realme, Poco, Lava, Motorola और Samsung जैसे ब्रांड 15,000 से 20,000 रुपये की रेंज में दमदार फीचर्स वाले फोन लॉन्च कर रहे हैं। N Series के जरिए कंपनी इस गैप को भरने की कोशिश कर सकती है।

N Series Nord सीरीज से होगी अलग
नई N Series आने का मतलब यह नहीं है कि Nord सीरीज बंद हो जाएगी। रिपोर्ट्स के अनुसार Nord और Nord CE सीरीज मिड-रेंज सेगमेंट में बनी रहेंगी, जबकि N Series एंट्री-लेवल और बजट ग्राहकों को टारगेट करेगी। इस तरह OnePlus के पास हर बजट के लिए अलग स्मार्टफोन पोर्टफोलियो होगा।

फिच ने चालू वित्त वर्ष के लिए इण्डिया की GDP ग्रोथ का अनुमान घटाकर 6.4% किया

नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव का असर अब भारत की अर्थव्यवस्था पर भी दिखने लगा है। रेटिंग एजेंसी फिच ने चालू वित्त वर्ष (FY27) के लिए भारत की जीडीपी ग्रोथ का अनुमान 6.7% से घटाकर 6.4% कर दिया है।

फिच का कहना है कि जंग की वजह से तेल और ईंधन महंगे हो रहे हैं। इससे लोगों की जेब पर दबाव बढ़ेगा, खर्च कम होगा और अर्थव्यवस्था की रफ्तार धीमी पड़ सकती है। एजेंसी के मुताबिक इसका सबसे ज्यादा असर सितंबर और दिसंबर तिमाही में देखने को मिल सकता है।

फिच ने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था की सबसे बड़ी ताकत घरेलू मांग बनी रहेगी, लेकिन बढ़ती महंगाई लोगों की असली कमाई को कम कर देगी। यानी सैलरी भले वही रहे, लेकिन खर्च बढ़ने से खरीदारी की ताकत घट जाएगी।

दिलचस्प बात यह है कि पिछले हफ्ते RBI ने भी FY27 के लिए ग्रोथ का अनुमान घटाकर 6.6% कर दिया था और महंगाई का अनुमान बढ़ाकर 5.1% कर दिया था। फिच के मुताबिक हाल के हफ्तों में पेट्रोल-डीजल और दूसरे ईंधनों की कीमतों में 4-5% तक बढ़ोतरी हुई है। इससे आम लोगों का बजट प्रभावित हो सकता है।

हालांकि एजेंसी को उम्मीद है कि FY28 में हालात कुछ बेहतर होंगे। अगर तेल की कीमतों का दबाव कम हुआ और निवेश व खपत बढ़ी, तो भारत की ग्रोथ 6.7% तक पहुंच सकती है। सिर्फ भारत ही नहीं, पूरी दुनिया पर भी तेल संकट का असर पड़ रहा है। फिच ने 2026 के लिए वैश्विक आर्थिक विकास दर का अनुमान घटाकर 2.4% कर दिया है। एजेंसी ने ब्रेंट क्रूड ऑयल का औसत भाव भी बढ़ाकर 87 डॉलर प्रति बैरल कर दिया है। मार्च में इसका अनुमान 70 डॉलर प्रति बैरल था।

महंगाई को लेकर भी फिच ने चेतावनी दी है। एजेंसी का मानना है कि साल के आखिर तक खुदरा महंगाई बढ़कर 5.3% तक पहुंच सकती है। कमजोर मानसून और कई इलाकों में पड़ रही भीषण गर्मी भी कीमतों को ऊपर धकेल सकती है।

फिच का यह भी मानना है कि बढ़ती महंगाई को देखते हुए RBI इस साल एक बार ब्याज दर बढ़ा सकता है। फिलहाल रेपो रेट 5.25% पर है, जो बढ़कर 5.5% हो सकती है। हालांकि रुपये को लेकर एजेंसी ज्यादा चिंतित नहीं है। फिच का अनुमान है कि इस वित्त वर्ष में रुपये में बड़ी गिरावट नहीं आएगी और डॉलर के मुकाबले इसकी औसत कीमत 97.50 रुपये के आसपास रह सकती है।

फायरिंग केस में खान सर की गिरफ्तारी पर रोक, कोर्ट से अंतरिम राहत

नई दिल्ली। Khan Sir Arrest Stay : पटना कोर्ट ने कोचिंग फायरिंग केस में फैजल खान उर्फ खान सर की गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगा दी है। जिला जज की अदालत ने सोमवार को खान सर की अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई के बाद फैसला रिजर्व कर लिया था, जो आ गया है।

अदालत ने खान सर के मामले की केस डायरी के साथ-साथ उनका आपराधिक इतिहास पुलिस से पेश करने कहा है और अब इस पर अगली सुनवाई 30 जून को होगी। किसी भी कोर्ट में आम तौर पर जमानत की अर्जी दायर होने पर पुलिस से केस डायरी और आरोपी की क्रिमिनल हिस्ट्री मांगी जाती है। खान सर को अग्रिम जमानत नहीं मिली है, लेकिन गिरफ्तारी पर रोक लगने से उनकी चिंता और मुश्किलें दोनों कम हो गई हैं।

बता दें कि 2 जून की रात पटना में खान सर के कोचिंग सेंटर खान ग्लोबल स्टडीज पर कुछ लोगों ने हमला कर दिया था, जिसके आरोप में ज्ञान बिंदु कोचिंग के मालिक रौशन आनंद सर जेल में बंद हैं।

हमले के दौरान खान सर के दो गार्ड द्वारा हवाई फायरिंग का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने दोनों गार्ड को अरेस्ट कर जेल भेज दिया था और बाद में खान सर पर भी मुकदमा दर्ज कर लिया था। तब से खान सर पुलिस की पहुंच से दूर रहकर गिरफ्तारी से न्यायिक राहत के इंतजार में थे।

खान सर के कहने पर ही गार्ड ने चलाई गोली; FIR में गैर जमानती धारा; कोर्ट ना रोके तो अरेस्ट तय

अदालत ने खान सर पर पुलिस द्वारा किसी भी तरह की दंडात्मक कार्रवाई करने पर रोक लगाई है। इसका व्यावहारिक मतलब यह हुआ कि खान सर की गिरफ्तारी पर फिलहाल कोर्ट से रोक लग गई है। अदालत ने पुलिस से कहा है कि वो खान सर का आपराधिक इतिहास और इस केस की डायरी भी कोर्ट में पेश करे। खान सर की अग्रिम जमानत अर्जी पर अब अगली सुनवाई 30 जून को होगी।

पुलिस ने हत्या का प्रयास और आर्म्स ऐक्ट की धाराओं के तहत खान सर पर मुकदमा दर्ज किया था। इसके बाद से खान सर गायब थे। खान सर को पकड़ने पुलिस कोचिंग सेंटर भी गई थी, लेकिन वहां मिले नहीं। त

ब से इस तरह की अटकलें थीं कि खान सर वकील के जरिए अग्रिम जमानत याचिका दायर कर सकते हैं या कोई उपाय ना दिखे तो सीधे कोर्ट में सरेंडर कर सकते हैं। सोमवार को खान सर की जमानत याचिका पर सुनवाई के बाद अदालत ने अपन फैसला सुरक्षित रख लिया था। अब खान सर को अदालत से बड़ी राहत मिल गई है।

JOSAA: सीट अलॉटमेंट राउंड 1 का रिजल्ट जारी, 3790वीं रैंक वाले को मिली IIT कानपुर

नई दिल्ली। बीटेक में दाखिले के लिए जोसा काउंसलिंग 2026 का मॉक सीट अलॉटमेंट राउंड 1 का रिजल्ट जारी हो गया है। आईआईटी, एनआईटी और ट्रिपल आईटी में दाखिले के लिए तगड़ी डिमांड देखने को मिली है।

जोसा काउंसलिंग के पहले राउंड के मॉक अलॉटमेंट में 168615 अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया और 2 करोड़ से अधिक सीटों और कॉलेज के चॉइस फिलिंग किए गए। रिपोर्ट्स के मुताबिक एक छात्र को जईई एडवांस्ड की ऑल इंडिया रैंक 3790 पर आईआईटी कानपुर में बीटेक केमिकल इंजीनियरिंग ब्रांच मिल गई है।

वहीं आईआईटी कानपुर से आर्टिफिशिल इंटेलिजेंस (एआई) बीटेक की ब्रांच 4955 पर भी नहीं मिली है। हालांकि इस रैंक पर एआई बीटेक की ब्रांच आईआईटी जोधपुर में मिल गई है। आपको बता दें कि देश के 23 आईआईटी, आईआईईएसटी शिबपुर, 31 एनआईटी, 26 ट्रिपल आईटी और 56 जीएफटीआई सहित कुल 138 इंजीनियरिंग संस्थानों में वर्ष 2026-27 के दाखिले जोसा काउंसलिंग से होंगे। इस बार आईआईएससी बेंगलुरु में दाखिला जोसा काउंसलिंग से होगा। जोसा काउंसलिंग कुल छह राउंड में होगी जिसमें 5 सामान्य राउंड होंगे और एक एडिश्नल राउंड होगा।

10 जून को मॉक अलॉटमेंट-2 का परिणाम जारी होगा
उम्मीदवारों को संभावित सीट नतीजों को समझने और सोच-समझकर फैसले लेने में मदद करने के लिए बाद में दूसरा मॉक अलॉटमेंट भी जारी किया जाएगा। इसके बाद चॉइसेज के क्रम को बदलने के लिए 11 जून तक का समय है।

जोसा काउंसलिंग के पहले तीन राउंड की अहम तिथियां

  • 8 जून, 2026 : उम्मीदवारों द्वारा भरी गई चॉइस के आधार पर मॉक सीट आवंटन-1 ।
  • 10 जून, 2026 : मॉक सीट आवंटन-2 ; उम्मीदवार अपनी चॉइस लॉक कर सकते हैं।
  • 11 जून, 2026 : रजिस्ट्रेशन और चॉइस फिलिंग समाप्त (चॉइस अपने आप लॉक हो जाएंगी); सीट स्वीकृति शुल्क का पूर्व-भुगतान और दस्तावेज प्री-अपलोड समाप्त।
  • 12 जून, 2026: JoSAA द्वारा डेटा का मिलान और सत्यापन।

राउंड 1:

  • 13 जून, 2026 (10:00): पहले राउंड का सीट अलॉटमेंट रिजल्ट जारी होगी
  • 13 जून से 26 जून, 2026 (17:00 तक): ऑनलाइन रिपोर्टिंग (फीस भुगतान, दस्तावेज अपलोड)।
  • 26 जून, 2026 (17:00 तक): फीस भुगतान की अंतिम तिथि (राउंड 1)।
  • 29 जून, 2026 (13:00 तक): भुगतान के प्रयास करने वाले उम्मीदवारों के लिए फीस भुगतान संबंधी समस्याओं का समाधान।

राउंड 2: 30 जून, 2026 (17:00): सीट अलॉटमेंट रिजल्ट

  • 30 जून से 3 जुलाई, 2026 (17:00 तक): ऑनलाइन रिपोर्टिंग (फीस भुगतान, दस्तावेज अपलोड, प्रश्नों के उत्तर)।
  • 1 जुलाई (10:00) से 3 जुलाई, 2026 (17:00 तक): सीट वापस लेने / सीट आवंटन प्रक्रिया से बाहर निकलने की शुरुआत।
  • 3 जुलाई, 2026 (17:00 तक): फीस भुगतान की अंतिम तिथि (राउंड 2)।
  • 4 जुलाई, 2026 (17:00 तक): फीस भुगतान संबंधी समस्याओं का समाधान (राउंड 2)।

राउंड 3:

6 जुलाई, 2026 (17:00): थर्ड सीट अलॉटमेंट रिजल्ट (राउंड 3)।

  • 6 जुलाई से 8 जुलाई, 2026 (17:00 तक): ऑनलाइन रिपोर्टिंग (फीस भुगतान, दस्तावेज अपलोड )।
  • 7 जुलाई (10:00) से 8 जुलाई, 2026 (17:00 तक): सीट वापस लेने / एग्जिट प्रक्रिया की शुरुआत (राउंड 3)।
  • 8 जुलाई, 2026 (17:00 तक): फीस भुगतान की अंतिम तिथि (राउंड 3)।
  • 9 जुलाई, 2026 (17:00 तक): फीस समस्याओं का समाधान; निकासी और अन्य प्रश्नों का उत्तर देने का अंतिम दिन।

आवश्यक दस्तावेज, कर लें ये डॉक्यूमेंट तैयार
जोसा काउंसिलिंग में सीट आवंटन के बाद विद्यार्थियों को ऑनलाइन रिपोर्टिंग में 10वीं, 12वीं की अंकतालिका, जेईई मेन/एडवांस्ड एडमिट कार्ड, कैटेगरी सर्टिफिकेट, कैंसिल चैक की फॉटोकॉपी, मेडिकल सर्टिफिकेट आदि स्कैन कर अपलोड करने होंगे। ईडब्ल्यूएस एवं ओबीसी के विद्यार्थियों को एक अप्रैल 2026 के बाद का कैटेगरी सर्टिफिकेट देना होगा।

Market: पश्चिम एशिया में शांति की उम्मीद में सेंसेक्स 500 अंक से अधिक उछलकर खुला

नई दिल्ली। Stock Market Opened: पश्चिम एशिया में शांति की उम्मीद में आज एशियाई बाजार में तेजी आई है। इसका असर घरेलू शेयर बाजार पर भी दिख रहा है। बीएसई का 30 शेयरों वाला बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स 511 अंकों की उछाल के साथ 74035 के लेवल पर खुला।

जबकि, एनएसई के 50 शेयरों वाले सूचकांक निफ्टी ने शतक के साथ मंगलवार के कारोबार की शुरुआत की। निफ्टी 136 अंक ऊपर 23259 के लेवल पर खुलने में कामयाब रहा। शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स में 350 अंक से अधिक तेजी आई है।

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी50 इंडेक्स 100 अंक ऊपर कारोबार कर रहा है। इस बीच रुपया डॉलर के मुकाबले 0.25% ऊपर 95.4650 पर खुला। पिछले सत्र में यह 95.7075 पर बंद हुआ था।

सुबह 9.23 बजे सेंसेक्स 357.82 अंक यानी 0.49% तेजी के साथ 73,882.08 अंक पर ट्रेड कर रहा था। निफ्टी भी 113.95 अंक यानी 0.49% ऊपर 23,236.95 अंक पर पहुंच गया।

सभी सेक्टर्स में तेजी दिख रही है। सेंसेक्स के 30 में से 29 शेयर तेजी के साथ खुले। इंडिगो और ट्रेंट में एक फीसदी से अधिक तेजी रही। इसके अलावा बजाज फाइनेंस, इटरनल, आईसीआईसीआई बैंक, टीसीएस, भारती एयरटेल, महिंद्रा एंड महिंद्रा, एशियन पेंट्स, एक्सिस बैंक, लार्सन एंड टुब्रो और आईटीसी में अच्छी तेजी रही। दूसरी ओर केवल अल्ट्राटेक सीमेंट का शेयर मामूली गिरावट के साथ खुला।

निफ्टी में ट्रेंट, इंटरग्लोब एविएशन और ग्रासिम इंडस्ट्रीज में सबसे ज्यादा तेजी रही। ब्रॉडर मार्केट्स में निफ्टी मिडकैप में 0.83 फीसदी तेजी आई है जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 0.63 फीसदी तेजी के साथ काम कर रहा है। सेक्टरवाइज देखें तो निफ्टी रियल्टी, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज और निफ्टी बैंक में तेजी आई है। दूसरी ओर निफ्टी आईटी में गिरावट आई है।

ग्लोबल मार्केट के संकेत

एशियाई बाजार
वॉल स्ट्रीट पर टेक मार्केट में रातोंरात बढ़त के बाद एशियाई बाजारों में मंगलवार को तेजी रही। जापान का निक्केई 225 0.1% बढ़ा, जबकि टॉपिक्स 0.27% बढ़ा। दक्षिण कोरिया के कोस्पी में 3.31% की तेजी आई, जबकि कोस्डैक ने 4% की छलांग लगाई। हांगकांग हैंग सेंग इंडेक्स फ्यूचर्स ने कम खुलने का संकेत दिया।

वॉल स्ट्रीट का हाल
अमेरिकी शेयर बाजार सोमवार को मिश्रित रूप से समाप्त हुआ, जिसमें शॉर्ट-कवरिंग के बीच चिप निर्माताओं में लाभ हुआ। डॉऊ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 80 अंक या 0.16% गिरकर 50,786 पर आ गया, जबकि एसएंडपी 500 21 अंक या 0.30% बढ़कर 7,405 पर पहुंच गया। नैस्डैक कंपोजिट 220 अंक या 0.86% बढ़कर 25,929 पर बंद हुआ।

अमेरिका-ईरान तनाव पर नजर
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निवेशकों की निगाहें अमेरिका-ईरान और इजरायल से जुड़े घटनाक्रमों पर टिकी हैं। ताजा रिपोर्टों के मुताबिक ईरान और इजरायल ने हमले रोकने पर सहमति जताई है, हालांकि तेहरान ने चेतावनी दी है कि यदि लेबनान में हिजबुल्लाह पर हमले जारी रहे तो वह फिर सैन्य कार्रवाई कर सकता है।

माया रूपी संसार में रहें, पर जीवन की नाव में माया को न आने दें

धरणीधर गार्डन में श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन

​कोटा। श्री धरणीधर जन सेवा संस्थान एवं समस्त धाकड़ समाज, कोटा के संयुक्त तत्वावधान में विनोबाभावे नगर स्थित श्री धरणीधर गार्डन में सात दिवसीय भव्य ‘श्रीमद्भागवत कथा एवं रासलीला महोत्सव’ का आयोजन किया जा रहा है।

कथा के द्वितीय दिवस पर श्रद्धालु भक्तों को कथा का रसपान कराते हुए सुप्रसिद्ध प्रवचन सेवक पं. हरिओम बनेठ वाले ने जीवन और मृत्यु के गूढ़ रहस्यों को अत्यंत सरल रूप में समझाया।

​द्वितीय दिवस की कथा का सार प्रस्तुत करते हुए महाराज ने कहा कि प्रत्येक मनुष्य को इस नश्वर संसार के बंधनों से मुक्त होने का प्रयास करना चाहिए। यदि हम रति भर भी संसार में लिप्त रहे और मौत आ गई, तो अंत समय में हमारा मन जिसमें अटका रहेगा।

उसे पाने के लिए हमें दोबारा इस मृत्युलोक में जन्म लेना पड़ेगा। इसलिए मौत आने से पहले ही इंसान को सावधान होकर सबसे परे (मोह-मुक्त) हो जाना चाहिए।

​उन्होंने जीवन का एक अनुपम सूत्र देते हुए कहा कि हमारी जीवन रूपी नाव भले ही माया (संसार) के पानी में रहे, लेकिन उस जीवन की नाव के भीतर माया का पानी नहीं घुसना चाहिए। तभी जीवन सुरक्षित पार लगेगा।

​कथावाचक ने व्यावहारिक जीवन दर्शन समझाते हुए कहा कि यदि गृहस्थी को ठीक से चलाना है, तो एक निश्चित समय सारणी बनाएं। सुबह समय से उठकर सबसे पहले भगवान को समय दें, फिर माता-पिता, बेटा-बेटी और अपने काम-धंधे व परिवार को समय दें।

उन्होंने भक्तों को नियम दिया कि दिन में एक बार पास के मंदिर जरूर जाएं और घर के ठाकुर जी के तीन बार दर्शन करें। वर्ष में चार कथाएं सुनें। मंदिर और कथा में जाकर भगवान की नजरों में रोज आएं।

​महाराज जी ने कलयुग की महिमा गाते हुए कहा कि भवसागर से पार उतरने के लिए कलयुग से श्रेष्ठ कोई युग नहीं है। यहाँ कठिन जतन या तप की अग्नि की आवश्यकता नहीं है, बल्कि भगवान का नाम ही तरने के लिए काफी है।

​संस्थान के कोषाध्यक्ष महावीर नागर अंथेड़ा ने बताया कि प्रतिदिन दोपहर 12 बजे से अपराह्न 3 बजे तक संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा में अमृत वर्षा हो रही है।

वहीं, प्रतिदिन रात्रि को वृंदावन के ख्यातिप्राप्त कलाकार हरिवल्लभ शर्मा ‘छोटे ठाकुर’ महाराज के निर्देशन में दिव्य रासलीला का मंचन किया जा रहा है। जिसमें भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं और महारास के सजीव प्रसंगों को देखकर भक्त भावविभोर हो रहे हैं।

युवाओं को नेतृत्व प्रशिक्षण से मिलती है सफलता की नई दिशा: सीए प्रीतम

कोटा। युवा नेतृत्व, व्यक्तित्व विकास एवं सामाजिक सेवा के क्षेत्र में सक्रिय जेसीआई कोटा अचीवर्स की अर्द्ध वार्षिक जनरल बोर्ड मीटिंग उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुई। 21 से 31 वर्ष आयु वर्ग के युवाओं की इस संस्था की बैठक में सदस्यों की उल्लेखनीय भागीदारी रही तथा आगामी योजनाओं पर व्यापक विचार-विमर्श किया गया।

बैठक की अध्यक्षता करते हुए अध्यक्ष अक्षत बाबरिया जैन ने संस्था द्वारा गत छह माह में संचालित गतिविधियों एवं उपलब्धियों का विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि संगठन ने एचआईवी प्रभावित बच्चों सहित जरूरतमंद परिवारों को राशन वितरण, भीषण गर्मी के दौरान सड़क एवं फुटपाथ पर कार्यरत वेंडरों को स्टील की पानी की बोतलों का वितरण तथा अन्य अनेक जनसेवा प्रकल्प सफलतापूर्वक संचालित किए हैं।

उन्होंने बताया कि आगामी दिनों में होने वाली राजस्थान जेसीआई मिडकॉन कॉन्फ्रेंस में जेसीआई कोटा अचीवर्स के 25 सदस्य भाग लेंगे, जहां उन्हें नेतृत्व विकास एवं व्यक्तित्व निर्माण से संबंधित विभिन्न प्रशिक्षण प्राप्त होंगे। उन्होंने आगामी छह माह में आयोजित किए जाने वाले समाजसेवी एवं कौशल विकास कार्यक्रमों के लिए सदस्यों से सुझाव भी आमंत्रित किए।

सचिव प्रीत लड्डा ने संगठन की प्रशासनिक गतिविधियों एवं भावी कार्यक्रमों की रूपरेखा प्रस्तुत की, जबकि सह-कोषाध्यक्ष रचित जैन ने संस्था का आय-व्यय विवरण सदन के समक्ष रखा। बैठक में विभिन्न विभागों एवं प्रोजेक्ट डायरेक्टर्स ने अपने-अपने प्रकल्पों की प्रगति रिपोर्ट एवं भविष्य की कार्ययोजनाओं का प्रस्तुतीकरण किया।

मुख्य अतिथि सीए प्रीतम गोस्वामी ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि समाज सेवा और नेतृत्व विकास के माध्यम से राष्ट्र को सक्षम, जागरूक एवं जिम्मेदार युवा नेतृत्व प्रदान किया जा सकता है।

उन्होंने जेसीआई द्वारा प्रदान किए जाने वाले नेतृत्व प्रशिक्षण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि ऐसे प्रशिक्षण जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में आत्मविश्वास, संवाद कौशल और निर्णय क्षमता को सुदृढ़ बनाते हैं। उन्होंने जेसीआई के उद्देश्यों एवं मूल्यों की जानकारी देते हुए संस्था द्वारा किए जा रहे सामाजिक एवं व्यक्तित्व विकास संबंधी कार्यों की सराहना की।