Monday, July 27, 2026
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Special Train: होली पर्व पर चलेगी सोगरिया कोटा–दानापुर विशेष ट्रेन

यह गाड़ी कोटा मंडल के बारां, सालपुरा एवं छबड़ा गुगोर स्टेशनों से गुजरेगी

कोटा। यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए रेलवे प्रशासन द्वारा होली पर्व के अवसर पर सोगरिया (कोटा)–दानापुर–सोगरिया (कोटा) के मध्य विशेष ट्रेन का संचालन किया जा रहा है। यह विशेष गाड़ी कुल दो-दो फेरे करेगी तथा कोटा मंडल के बारां, सालपुरा एवं छबड़ा गुगोर स्टेशनों से होकर संचालित होगी।

वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ जैन ने बताया कि गाड़ी संख्या 09821 सोगरिया (कोटा) से 28 फरवरी एवं 7 मार्च 2026 (शनिवार) को 23.10 बजे प्रस्थान करेगी। यह गाड़ी मार्ग में बारां 23.53 बजे, सालपुरा 00.28 बजे एवं छबड़ा गुगोर 00.48 बजे ठहराव लेते हुए अगले दिन 23.45 बजे दानापुर पहुंचेगी।

इसी प्रकार गाड़ी संख्या 09822 दानापुर से 2 मार्च 2026 एवं 9 मार्च 2026 (सोमवार) को 01.15 बजे प्रस्थान करेगी तथा मार्ग में छबड़ा गुगोर 22.18 बजे, सालपुरा 22.33 बजे एवं बारां 23.13 बजे ठहराव लेते हुए अगले दिन 01.10 बजे सोगरिया (कोटा) पहुंचेगी।

इस विशेष ट्रेन में वातानुकूलित प्रथम सह तृतीय श्रेणी, वातानुकूलित द्वितीय श्रेणी, वातानुकूलित तृतीय श्रेणी, शयनयान एवं सामान्य श्रेणी के डिब्बों सहित कुल 22 कोच होंगे।

यह गाड़ी मार्ग में बारां, सालपुरा, छबड़ा गुगोर, रूठियाई, गुना, अशोक नगर, महादेवखेड़ी, सागर, दमोह, कटनी, मैहर, सतना, मानिकपुर, प्रयागराज छेओकी, मिर्जापुर, पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन, बक्सर एवं आरा स्टेशनों पर ठहरेगी।

रेल प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा से पूर्व गाड़ियों की स्थिति, समय एवं ठहराव की विस्तृत जानकारी के लिए रेलवे की आधिकारिक वेबसाइट www.enquiry.indianrail.gov.in अथवा एनटीईएस मोबाइल ऐप का उपयोग करें।

सरकार ने फर्जीवाड़ा रोकने के लिए बंद किए 2.5 करोड़ आधार कार्ड

नई दिल्ली। भारत सरकार ने आधार सिस्टम को सेफ और ट्रांसपैरेंट बनाए रखने के लिए एक बड़ा कदम उठाते हुए 2.5 करोड़ से ज्यादा मृत व्यक्तियों के आधार (Aadhaar) नंबर निष्क्रिय कर दिए हैं।

इस फैसले के साथ सरकार की कोशिश पहचान से जुड़ी धोखाधड़ी को रोकना और यह तय करने कि है कि सरकारी योजनाओं और सब्सिडी का फायदा केवल सही पात्रों और जीवित लाभार्थियों तक ही पहुंचे। आइए आपको इस क्लीनअप के बारे में विस्तार से बताते हैं।

बड़े स्तर पर किए गए डाटाबेस क्लीन-अप की जानकारी इलेक्ट्रॉनिक्स और IT राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने लोकसभा में एक लिखित में दी। सरकार के मुताबिक दुनिया के सबसे बड़े बायोमेट्रिक पहचान सिस्टम को अपडेट रखना एक लगातार चलने वाला प्रोसेस है।

हर साल लाखों नए आधार बनते हैं, वहीं बड़ी संख्या में लोगों की मृत्यु भी होती है, ऐसे में मृत व्यक्तियों के रिकॉर्ड को समय पर हटाना जरूरी हो जाता है। इलेक्ट्रॉनिक्स और IT मंत्रालय ने कहा है कि किसी व्यक्ति की मृत्यु के बाद उसका आधार ऐक्टिव रहना पहचान चोरी और फ्रॉड का जोखिम बढ़ा सकता है।

कई मामलों में मृत लोगों के आधार का इस्तेमाल कर पेंशन, सब्सिडी या अन्य सरकारी योजनाओं का गलत फायदा उठाने की कोशिश की जाती है। आधार नंबर को डिसेबल करने से ऐसे अवैध इस्तेमाल पर इफेक्टिवली रोक लगती है।

देश में करीब 134 करोड़ ऐक्टिव आधार कार्ड धारक हैं। सरकार ने बताया कि कई बार मृत्यु का पंजीकरण उस जगह पर होता है, जो आधार कार्ड में रिजस्टर्ड एड्रेस से अलग होता है।

इस वजह से डाटा के मिलान में देरी हो सकती है। इसी समस्या को दूर करने के लिए अलग-अलग विभागों के बीच डाटा शेयर करने और आधार रिकॉर्ड को रेग्युलरली अपडेट करने पर जोर दिया जा रहा है।

डाटाबेस क्लीन करने के साथ-साथ आधार की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए कई टेक सॉल्यूशंस भी लागू किए गए हैं। इनमें बायोमेट्रिक लॉक/अनलॉक की सुविधा और फेस ऑथेंटिकेशन में लाइवनेस डिटेक्शन शामिल है, जिससे फोटो या वीडियो के जरिए होने वाले फ्रॉड को रोका जा सके।

साथ ही, आधार वैलिडेट करने वाली संस्थाओं को डाटा केवल एन्क्रिप्टेड आधार डाटा वॉल्ट में रखने के निर्देश दिए गए हैं। UIDAI ने साफ किया है कि नागरिकों की बायोमेट्रिक जानकारी किसी थर्ड-पार्टी से शेयर नहीं की जाती।

बता दें अब नए आधार ऐप के जरिए परिवार के सदस्य मृत्यु की सूचना भी दे सकते हैं और इसके बाद सदस्य के आधार को डिसेबल कर दिया जाता है।

सुजुकी एक्सेस 125 स्कूटर का अपडेटेड वर्जन लॉन्च, जानिए कीमत और फीचर्स

नई दिल्ली। सुजुकी ने अपने सबसे ज्यादा बिकने वाले एक्सेस 125 स्कूटर का अपडेटेड वर्जन लॉन्च किया है। इस नए वर्जन में सिंगल-चैनल एंटी-लॉक ब्रेकिंग सिस्टम (ABS) दिया गया है।

इसे अचानक या तेज ब्रेक लगाने पर ब्रेक प्रेशर को कंट्रोल करके पहिए को लॉक होने से रोकने के लिए डिजाइन किया गया है। खासकर, फिसलन वाली या ऊबड़-खाबड़ सड़कों पर इसका रोल बढ़ जाता है।

कंपनी के अनुसार, एक्सेस में यह सिस्टम स्कूटर के मौजूदा राइड कैरेक्टर को बदले बिना काम करता है, क्योंकि एक्सेलरेशन, फ्यूल एफिशिएंसी और कम्फर्ट में कोई बदलाव नहीं होता है।

ABS के जुड़ने से उन राइडर्स को फायदा होने की उम्मीद है जो रुक-रुककर चलने वाले ट्रैफिक में सेफ्टी को प्राथमिकता देते हैं। यह दो वैरिएंट में उपलब्ध है। इसमें 24.4-लीटर की अंडर-सीट स्टोरेज कैपेसिटी, एक फ्रंट ग्लव बॉक्स और एक एक्सटर्नल फ्यूल लिड है।

साथ ही, सीट की ऊंचाई 773 mm और कर्ब वेट 105 kg है। इक्विपमेंट लिस्ट में ब्लूटूथ-इनेबल्ड TFT जिसमें टर्न-बाय-टर्न नेविगेशन, LED हेडलैंप वगैरह शामिल हैं। बता दें कि इसका सीधा मुकाबला होंडा एक्टिवा, टीवीएस जुपिटर जैसे मॉडल से होता है।

इंजन: इस स्कूटर में किसी तरह का मैकेनिकल बदलाव नहीं किया गया है। इसमें 124 cc, सिंगल-सिलेंडर, एयर-कूल्ड, 4-स्ट्रोक इंजन दिया है जो 6,750 rpm पर लगभग 8.7 PS की पावर और 5,500 rpm पर 10 Nm का टॉर्क जनरेट करता है, जो CVT ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन से जुड़ा है। इस स्कूटर में 5.3-लीटर का फ्यूल टैंक है। इसमें टेलिस्कोपिक फ्रंट सस्पेंशन और स्विंगआर्म रियर यूनिट है, जो 12-इंच के फ्रंट और 10-इंच के रियर एलॉय व्हील्स पर चलता है।

कीमतें और ऑफर: एक्सेस राइड कनेक्ट ABS एडिशन की एक्स-शोरूम कीमत 92,328 रुपए है। यह 5 कलर ऑप्शन में उपलब्ध है, जिसमें मेटैलिक मैट ब्लैक नंबर 2, मेटैलिक मैट स्टेलर ब्लू, पर्ल ग्रेस व्हाइट, सॉलिड आइस ग्रीन और पर्ल शाइनी बेज शामिल हैं।

इससे ऊपर एक्सेस राइड कनेक्ट TFT ABS एडिशन है। जिसकी एक्स-शोरूम कीमत 98,378 रुपए है। ये एक्सक्लूसिव पर्ल मैट एक्वा सिल्वर शेड समेत 5 कलर ऑप्शन में आता है।

कंपनी ने इस स्कूटर को अफॉर्डेबल बनाने के लिए नए ABS वैरिएंट के साथ कई ओनरशिप बेनिफिट्स पेश किए हैं। ग्राहक ऑथराइज्ड डीलरशिप पर 6.99% से शुरू होने वाली ब्याज दरों के साथ फाइनेंसिंग ऑप्शन और जीरो प्रोसेसिंग फीस स्कीम का फायदा उठा सकते हैं। इसके अलावा, सुजुकी चुनिंदा खरीदारों को राज्यों में 5,000 रुपए के प्रमोशनल वाउचर भी दे रही है।

हंगामे के कारण लोक सभा तीसरे दिन भी हुई स्थगित, नहीं हो पाया पीएम मोदी का भाषण

नई दिल्ली। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लोकसभा में धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा का आज (बुधवार, 4 फरवरी को) शाम 5 बजे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जवाब देने वाले थे लेकिन उनका संबोधन नहीं हो सका।

विपक्षी सदस्यों के हंगामे के कारण बुधवार को लोकसभा की कार्यवाही तीन बार के स्थगन के बाद आखिरकार शाम पांच बजे दिनभर के लिए स्थगित कर दी गई। विपक्ष का कहना है कि यदि नेता विपक्ष राहुल गांधी को बोलने नहीं दिया जाएगा तो पीएम मोदी को भी भाषण देने नहीं दिया जाएगा। इस मामले को लेकर अब गुरुवार को भी जमकर बवाल हो सकता है। हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि क्या प्रधानमंत्री गुरुवार को सदन में अपना संबोधन देंगे?

बता दें कि इससे पहले दिन में तीन बार सदन की कार्यवाही स्थगित की गई थी। शाम पांच बजे जब फिर से सदन की कार्यवाही शुरू हुई तो विपक्षी सदस्य तख्तियां लेकर वेल में आ गए और जोरदार हंगामा करने लगे। इसे देखते हुए पीठासीन अधिकारी संध्या राय ने सदन की कार्यवाही दिनभर के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी।

दरअसल, लोकसभा में पिछले तीन दिनों से हंगामा हो रहा है। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान जब नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सोमवार को डोकलाम मुद्दे पर पूर्व सेनाध्यक्ष जनरल मनोज मुकुंद नरवणे के एक संस्मरण का उल्लेख करना चाहा तो सत्ता पक्ष के लोगों ने उस पर आपत्ति जताई और अप्रकाशित किताब का उल्लेख करने से रोक दिया। आसन ने भी ऐसी ही व्यवस्था दी।

इस पर पिछले तीन दिनों से सदन में गतिरोध बना हुआ है। दूसरी तरफ राहुल गांधी उसी बात पर अड़े हुए हैं। विपक्षी दलों के भी सांसदों ने कल राहुल का समर्थन करते हुए सदन में चर्चा में भाग लेने से परहेज किया।

निशिकांत दुबे ने दिखाईं किताबें
बुधवार को सदन में हालात तब बिगड़ गए, जब भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने भी पलटवार करते हुए सदन में किताबें दिखाईं। इसके बाद विपक्षी सदस्यों ने जोरदार हंगामा करना शुरू कर दिया। विपक्षी सदस्यों ने आज भी आसन पर कागज के टुकड़े फेंके। हंगामे के कारण पीठासीन कृष्णा प्रसाद तेन्नेटी ने सदन की कार्यवाही 5 बजे तक स्थगित करने की घोषणा कर दी और अब उसे कल तक स्थगित कर दिया गया

7000mAh बैटरी, 50MP के सेल्फी कैमरा वाला OPPO का नया फोन लॉन्च

नई दिल्ली। OPPO ने भारत में अपनी Reno 15 सीरीज का एक और नया फ्लैगशिप फोन Reno 15C 5G को लॉन्च कर दिया है, जो इस साल का सबसे किफायती Reno फोन बनकर सामने आया है। OPPO Reno 15C फोन भारत में 5 फरवरी से खरीदने के लिए उपलब्ध होगा।

इस स्मार्टफोन की खास बात 7000mAh की बड़ी बैटरी, 50MP सेल्फी कैमरा, तगड़े प्रोसेसर के साथ आता है। इस लॉन्च के साथ OPPO Reno 15 सीरीज में अब चार मॉडलों की रेंज पूरी हो गई है, जिसमें Reno 15, Reno 15 Pro, Reno 15 Pro Mini और Reno 15C शामिल हैं।

कीमत और उपलब्धता
ओप्पो रेनो 15सी भारत में 5 फरवरी से सेल के लिए उपलब्ध होगा। यह फोन दो कलर में आता है: आफ्टरग्लो पिंक और ट्वाइलाइट ब्लू। Oppo Reno 15c का 8GB रैम और 256GB स्टोरेज वाले वेरिएंट की कीमत 34,999 रुपये है, जबकि 12GB रैम और 256GB स्टोरेज वाले मॉडल की कीमत 37,999 रुपये है।

यह फोन अमेजन, फ्लिपकार्ट, ओप्पो के ऑनलाइन स्टोर और ऑफलाइन रिटेल आउटलेट्स के माध्यम से बेचा जाएगा। कंपनी ने सेल से पहले ही प्री-ऑर्डर शुरू कर दिया है, जिससे अर्ली बायर्स आसानी से फोन बुक कर सकते हैं।

OPPO Reno 15C की पहली सेल के दौरान कई और ऑफर भी मिलेंगे: 10% तक कैशबैक कुछ बैंक क्रेडिट कार्ड और UPI ट्रांज़ैक्शन्स पर, 3000 रुपए तक का एक्सचेंज ऑफर, 6 महीने तक नो-इंटरेस्ट EMI प्लान, जीरो-डाउन पेमेंट ऑप्शन।

फीचर्स और स्पेसिफिकेशंस
ओप्पो के इस फोन 6.57 इंच फ्लैट AMOLED डिस्प्ले है जिसका रिफ्रेश रेट 120Hz है। फोन में Qualcomm Snapdragon 6 Gen 1 चिपसेट लगा है, जो रोजमर्रा के काम, मल्टीटास्किंग और गेमिंग के लिए बेस्ट है। इसके साथ 8GB या 12GB LPDDR4X RAM और 256GB UFS 3.1 स्टोरेज मिलता है।

OPPO Reno 15C में ट्रिपल रियर कैमरा सेटअप है जिसमें एक 50MP प्राइमरी सेंसर, 8MP अल्ट्रा-वाइड लेंस और 2MP मैक्रो लेंस शामिल हैं। वहीं सेल्फी के लिए 50MP का फ्रंट कैमरा मिलता है। यह कैमरा 4K HDR वीडियो रिकॉर्डिंग को भी सपोर्ट करता है, जो कंटेंट क्रिएटर्स के लिए अच्छी बात है। फोन में 7000mAh की बड़ी बैटरी दी गई है, जो एक लंबे दिन से ज़्यादा का पावर बैकअप दे सकती है। इसके साथ 80W SUPERVOOC फास्ट चार्जिंग भी दी गई है।

OPPO Reno 15C एंड्रायड 16-बेस्ड ColorOS 16 पर चलता है। इसमें AI-सपोर्टेड कैमरा टूल्स, स्क्रीन मिररिंग, AI रिकार्डर जैसे फीचर्स मिलते हैं, जो यूजर एक्सपीरियंस को और आसान बनाते हैं। फोन को IP66, IP68, और IP69 रेटिंग्स के साथ बनाया गया है, जो धूल और पानी से फोन को बचाता है।

आधार कार्ड में नाम, पता, जन्म तिथि बदलने के लिए ये डॉक्यूमेंट जरूरी, जानिए क्या

नई दिल्ली। भारत में सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाला Aadhaar Card अब पहले से ज्यादा आसान हो गया है। UIDAI ने आधार बनवाने और उसमें सुधार कराने से जुड़े नियमों में अहम बदलाव किए हैं।

खासतौर पर उन दस्तावेजों की लिस्ट अपडेट की गई है, जिन्हें Aadhaar enrolment या अपडेट के दौरान मान्य माना जाएगा। इसका सीधा फायदा उन लोगों को मिलेगा, जिन्हें पहले सही डॉक्यूमेंट न होने की वजह से बार-बार परेशानी झेलनी पड़ती थी।

नए नियमों से क्या बदला
UIDAI का मकसद है कि कोई भी नागरिक Aadhaar से जुड़ी सेवाओं से दूर न रहे। इसी वजह से अब पहचान, पता, जन्मतिथि और रिश्ते से जुड़े प्रमाणों की लिस्ट को ज्यादा आसान और व्यावहारिक बनाया गया है। नई गाइडलाइन के तहत अब कम दस्तावेजों में भी Aadhaar अपडेट या नया enrolment किया जा सकता है।

नाम बदलने के लिए डॉक्यूमेंट
अगर आपको आधार कार्ड में नाम सुधारना या बदलना है, तो इसके लिए अब कई दस्तावेज स्वीकार किए जाएंगे। पासपोर्ट को सबसे भरोसेमंद माना जाता है क्योंकि इसमें फोटो, नाम, जन्मतिथि और पता सभी मौजूद होते हैं। इसके अलावा PAN कार्ड को पहचान प्रमाण के तौर पर इस्तेमाल किया जा सकता है। वोटर ID कार्ड भी नाम अपडेट के लिए मान्य है, क्योंकि इसमें फोटो और नाम साफ तौर पर दर्ज होता है। इसके साथ ही ड्राइविंग लाइसेंस, सरकारी पहचान पत्र और विवाह प्रमाण पत्र के आधार पर भी नाम बदला जा सकता है।

पता बदलने के लिए दस्तावेज
पता अपडेट कराने के लिए UIDAI ने कई विकल्प दिए हैं। पासपोर्ट, बैंक पासबुक या बैंक स्टेटमेंट मान्य होंगे, बशर्ते वे अपडेटेड हों। बिजली, पानी या गैस का बिल भी स्वीकार किया जाएगा, लेकिन ध्यान रहे कि बिल तीन महीने से ज्यादा पुराना न हो। किराए के मकान में रहने वालों के लिए रेंट एग्रीमेंट के साथ पुलिस वेरिफिकेशन या नोटरी जरूरी है। इसके अलावा नया वोटर ID कार्ड, राशन कार्ड और हाउस टैक्स या प्रॉपर्टी टैक्स की रसीद भी पते के प्रमाण के तौर पर मान्य है।

जन्मतिथि (DOB) अपडेट करने के लिए दस्तावेज
जन्मतिथि में सुधार के लिए जन्म प्रमाण पत्र सबसे अहम दस्तावेज है। इसके अलावा पासपोर्ट और 10वीं या 12वीं की मार्कशीट भी मान्य रहेगी। फिजिकल PAN कार्ड और ऐसे सरकारी पहचान पत्र जिनमें DOB साफ लिखा हो, उनका भी इस्तेमाल किया जा सकता है।

अब अपडेट होगा और भी आसान
UIDAI के नए नियमों के तहत अब नाम, पता, जन्मतिथि या परिवार से जुड़े विवरण अपडेट करना पहले से ज्यादा आसान हो गया है। अगर आपके पास ऐसा एक ही दस्तावेज है जिसमें फोटो, नाम और पता तीनों मौजूद हैं, तो UIDAI उसे PoI और PoA दोनों के रूप में स्वीकार कर लेगा। इससे अलग-अलग डॉक्यूमेंट देने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

इन बातों का जरूर रखें ध्यान
Aadhaar अपडेट के लिए जो भी दस्तावेज जमा किए जाएं, वे असली होने चाहिए। फोटो, नाम या अन्य जानकारी में किसी तरह की छेड़छाड़ नहीं होनी चाहिए। अगर दस्तावेज फर्जी या एडिटेड पाए गए, तो UIDAI आवेदन को रिजेक्ट कर सकती है। इसके अलावा Aadhaar में बदलाव की भी एक सीमा तय है। नाम अधिकतम दो बार बदला जा सकता है, जबकि जन्मतिथि और जेंडर में बदलाव सिर्फ एक बार ही हो सकता है।

India-Us Trade Deal: भारत-यूएस द्विपक्षीय डील से कृषि एवं डेयरी क्षेत्र बाहर

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नई दिल्ली। India-Us Trade Deal: द्विपक्षीय व्यापार वार्ता के क्रम में अमरीका बार-बार अपने कृषि उत्पादों एवं डेयरी उत्पादों के लिए भारत पर अपना बाजार खोलने के लिए दबाव डालता रहा लेकिन भारत ने इसे स्वीकार नहीं किया।

केन्द्रीय वाणिज्य मंत्री ने साफ-साफ कहा है कि भारत और अमरीका के बीच जो द्विपक्षीय व्यापारिक करार हुआ है उससे कृषि एवं डेयरी क्षेत्र को बाहर रखा गया है। प्रधानमंत्री भी पहले ही कह चुके हैं कि भारतीय किसानों के हितों के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा।

अमरीका मक्का का सबसे बड़ा उत्पादक एवं निर्यातक देश है जबकि सोयाबीन के उत्पादन एवं निर्यात में वह ब्राजील के बाद दूसरे नवम्बर पर है।

वहां इन दोनों फसलों के उत्पादन का 90 प्रतिशत से अधिक भाग जीएम श्रेणी का होता है जबकि भारत में खाद्य श्रेणी की जीएम फसलों के उत्पादन, आयात, कारोबार एवं उपयोग पर प्रतिबंध लगा हुआ है।

भारत-अमरीका के बीच हुए द्विपक्षीय करार का पूरा ब्यौरा सामने आने के बाद ही तस्वीर स्पष्ट हो पाएगी लेकिन फिलहाल वाणिज्य मंत्री के दावे पर भरोसा करना उचित होगा।

उधर अमरीका ने भारतीय उत्पादों के आयात पर सीमा शुल्क में कटौती की घोषणा कर दी है। दरअसल संदेह इसलिए उत्पन्न हुआ क्योंकि अमरीकी राष्ट्र्पति डोनाल्ड ट्रम्प का दिमाग बनिया का है जो कभी घाटे का सौदा पसंद नहीं करता।

यदि उसने करार पर सहमति व्यक्त की है तो उन्हें निश्चित रूप से इसमें अमरीका का हित दिख रहा होगा। वह कोन सा हित है इसका खुलासा होना अभी बाकी है।

Stock Market: सेंसेक्स 78 अंक चढ़ कर 83800 के पार और निफ्टी 25776 पर बंद

नई दिल्ली। Stock Market Closed : एशियाई बाजारों से मिलेजुले रुख के बीच भारतीय शेयर बुधवार (4 फरवरी) को उतार-चढ़ाव वाले कारोबार में हरे निशान में बंद हुए। बाजार में पिछले दो सेशन में आई जोरदार तेजी के बाद मुनाफावसूली देखने को मिली।

ऑटो और मेटल स्टॉक्स में तेजी से बाजार को सपोर्ट मिला लेकिन आईटी शेयरों में भारी गिरावट के चलते बाजार पर दबाव रहा जिससे बढ़त सीमित हो गई। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस डेवलपर एंथ्रॉपिक (Anthropic) के नए एआई टूल पेश करने के बाद दुनिया भर में आईटी और टेक शेयरों में गिरावट आई। इसका असर भारतीय बाजारों पर भी पड़ा।

तीस शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 400 से ज्यादा अंक गिरकर 83,252.06 पर खुला। हालांकि, खुलने के कुछ ही देर में यह बढ़त में आ गया। कारोबार के दौरान यह लाल और हरे निशान में झूलता रहा। अंत में 78.56 अंक या 0.09 फीसदी की मामूली बढ़त लेकर 83,817.69 पर बंद हुआ।

इसी तरह, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी-50 भी गिरावट के साथ 25,675 पर खुला। कारोबार के दौरान यह 25,563 अंक के इंट्रा-डे लो और 25,818 अंक के इंट्रा-डे हाई तक गया। अंत में 48.45 अंक या 0.19 फीसदी चढ़कर 25,776 पर बंद हुआ।

जियोजित इन्वेस्टमेंट्स में रिसर्च हेड विनोद नायर ने कहा, ”घरेलू शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव भरा कारोबार देखने को मिला। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव ने निवेशकों को सतर्क बनाए रखा। इसके चलते बाजार कभी बढ़त तो कभी गिरावट के बीच झूलता रहा। हालिया गिरावट के बाद वैल्यू खरीदारी उभरने से मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों ने बड़े शेयरों से बेहतर प्रदर्शन किया।”

उन्होंने कहा कि कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, तेल एवं गैस, मेटल और ऑटो सेक्टर में खरीदारी देखने को मिली। हालांकि, एंथ्रॉपिक के नए एआई आधारित ऑटोमेशन टूल पेश किए जाने के बाद ट्रेडिशनल आउटसोर्सिंग सर्विसेज की मांग घटने की चिंता से आईटी शेयरों में कमजोरी रही। इससे बाजार की कुल बढ़त सीमित रही।

उन्होंने कहा, ”आगे चलकर बाज़ार की दिशा काफी हद तक भारतीय रिज़र्व बैंक की आगामी मौद्रिक नीति के फैसले और हाल ही में घोषित अमेरिका-भारत व्यापार समझौते को लेकर मिलने वाली स्पष्टता पर निर्भर करेगी।”

टॉप गेनर्स एंड लूजर्स
निफ्टी आईटी इंडेक्स में करीब 6 प्रतिशत की तेज गिरावट आई। इसकी वजह वॉल स्ट्रीट में सॉफ्टवेयर शेयरों का टूटना रहा, जो तब हुआ जब एआई स्टार्टअप एंथ्रॉपिक ने इन-हाउस वकीलों के लिए एक नया प्रोडक्टिविटी टूल लॉन्च किया। निवेशकों को डर है कि ऐसे एआई टूल्स आने से सॉफ्टवेयर कंपनियों का कारोबार और मुनाफा प्रभावित हो सकता है।

सेंसेक्स में इंफोसिस, टीसीएस, एचसीएल टेक, टेक महिंद्रा, एक्सिस बैंक और कोटक बैंक सबसे ज्यादा गिरने वाले शेयर रहे। वहीं, इटरनल, ट्रेंट, एनटीपीसी, पावर ग्रिड और अदाणी पोर्ट्स सबसे ज्यादा बढ़त दर्ज करने वाले शेयरों में शामिल रहे।

ब्रोडर मार्केट में निफ्टी मिडकैप इंडेक्स 0.63 प्रतिशत चढ़ा, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स में 1.27 प्रतिशत की बढ़त देखने को मिली। आईटी शेयरों के अलावा निफ्टी फार्मा इंडेक्स भी हल्की गिरावट के साथ 0.34 प्रतिशत नीचे बंद हुआ। दूसरी ओर, निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल और निफ्टी ऑयल एंड गैस इंडेक्स सबसे ज्यादा बढ़त में रहे, जिनमें क्रमशः 2.6 प्रतिशत और 2 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई।

डिमांड और भर्ती बढ़ने से सर्विसेज पीएमआई जनवरी में बढ़कर 58.5 पर पहुंचा

नई दिल्ली। India Services PMI : भारत के सर्विस सेक्टर में जनवरी में भी विस्तार दर्ज किया गया। मांग में मजबूती, नए कारोबार में बढ़ोतरी और तकनीक में निवेश के चलते कुल वृद्धि मजबूत बनी रही।

एचएसबीसी इंडिया सर्विसेज परचेज़िंग मैनेजर्स इंडेक्स (पीएमआई) दिसंबर 2025 में 58.0 से मामूली बढ़कर जनवरी में 58.5 पर पहुंच गया। इंडेक्स 50 के तटस्थ स्तर से काफी ऊपर रहा। यह विस्तार और कॉन्ट्रेक्शन के बीच के अंतर को दर्शाता है।

एचएसबीसी में भारत के मुख्य अर्थशास्त्री प्रणजुल भंडारी ने कहा, ”जनवरी में भारत का Services PMI 58.5 पर पहुंच गया, जो दिसंबर के 58.0 के मुकाबले अधिक है और यह क्षेत्र में निरंतर गति का संकेत देता है। उत्पादन में मजबूत वृद्धि नए ऑर्डरों की लगातार आमद से हुई। इसमें दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशिया से बढ़ी अंतरराष्ट्रीय मांग भी शामिल है।”

उन्होंने कहा, ”एफिशियंसी में सुधार, प्रभावी मार्केटिंग और नए ग्राहकों के जुड़ने से कारोबारी भरोसा तीन महीने के उच्च स्तर पर पहुंच गया। हालांकि इनपुट और आउटपुट कीमतों में बढ़ोतरी हो रही है। लेकिन ऐतिहासिक मानकों के लिहाज़ से यह अभी भी काफी सीमित है। जनवरी में कंपोज़िट पीएमआई में भी मजबूती आई। यह मेन्यूफेक्चरिंग और सर्विस दोनों सेक्टर में ठोस मांग वृद्धि को दर्शाता है।”

मेन्यूफेक्चरिंग पीएमआई में सुधार
भारत का मेन्यूफेक्चरिंग सेक्टर जनवरी में भी विस्तार करता रहा। एचएसबीसी मैन्युफैक्चरिंग परचेज़िंग मैनेजर्स इंडेक्स (पीएमआई) दिसंबर 2025 के 55.0 के मुकाबले जनवरी में मामूली बढ़कर 55.4 पर पहुंच गया।

यह सुधार दिसंबर 2025 में मौसमी समायोजन के बाद पीएमआई के दो साल के निचले स्तर पर पहुंचने के बाद देखने को मिला, जो परिचालन स्थितियों में बेहतर सुधार का संकेत देता है। हालांकि, यह आंकड़ा जनवरी के अंत में जारी किए गए फ्लैश अनुमान 56.8 से कम रहा, लेकिन यह अब भी दीर्घकालिक औसत से ऊपर बना हुआ है।

सोना-चांदी का आयात होगा सस्ता, सरकार ने बेस इंपोर्ट प्राइस घटाई

नई दिल्ली। Gold Silver Import: सरकार ने सोने और चांदी के आयात पर बड़ी राहत दी है। सरकार ने इन कीमती धातुओं के आयात पर लगने वाले कस्टम ड्यूटी की गणना के लिए इस्तेमाल होने वाले बेस इंपोर्ट प्राइस (Base Import Price) को कम कर दिया है।

केंद्रीय वित्त मंत्रालय (Finance Ministry) के तहत काम करने वाले सेंट्रल बोर्ड ऑफ इनडायरेक्ट टैक्सेज एंड कस्टम्स (CBIC) ने एक नोटिफिकेशन जारी कर यह जानकारी दी है। यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी की कीमतें रिकॉर्ड स्तर के करीब पहुंच रही हैं। सरकार के इस कदम से सोना और चांदी के आयातकों पर पड़ने वाला बोझ हल्का होगा।

बेस प्राइस
सीबीआईसी ने सोने के बेस इंपोर्ट प्राइस को 49 डॉलर प्रति 10 ग्राम से घटाकर 1,518 डॉलर कर दिया है। वहीं, चांदी के बेस इंपोर्ट प्राइस में 870 डॉलर प्रति किलोग्राम की कटौती की गई है, जिससे यह 2,675 डॉलर प्रति किलोग्राम हो गया है।

यह नई दरें उन सोने और चांदी पर लागू होंगी जिनका आयात तय tariff headings के तहत किसी भी रूप में किया जाएगा। सरकार की इस ड्यूटी कटौती का फायदा हाई-प्योरिटी गोल्ड बार और कॉइन, साथ ही सिल्वर बुलियन और मेडेलियन पर भी मिलेगा। हालांकि, गहनों, कीमती धातुओं से बनी अन्य वस्तुओं और पोस्ट, कूरियर या बैगेज के जरिए होने वाले आयात पर यह छूट लागू नहीं होगी।

पहले कब बदला था
चांदी का बेस इंपोर्ट प्राइस इससे पहले 27 जनवरी 2026 को बदला गया था, जबकि सोने का भाव 22 जनवरी 2026 को आखिरी बार तय किया गया था। आमतौर पर, सरकार हर पखवाड़े (दो हफ्ते) में कीमती धातुओं के बेस इंपोर्ट प्राइस को रिवाइज करती है।