Thursday, July 16, 2026
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सांगोद नगरी में बिराज्या म्हारा कल्याण धणी.. निशा लोधा के भजनों पर झूमे श्रद्धालु

श्री कल्याणरायजी किराड़ क्षत्रिय विकास समिति का आयोजन

कोटा/​सांगोद। श्री कल्याणरायजी महाराज के मंदिर में सोमवार को भव्य भजन संध्या का आयोजन किया गया। श्री कल्याणरायजी किराड़ क्षत्रिय विकास समिति के वरिष्ठ उपाध्यक्ष रामावतार मेहता ने बताया कि श्रीजी के दरबार में आयोजित इस कार्यक्रम में सुप्रसिद्ध भजन गायिका निशा लोधा ने अपनी मधुर आवाज से समां बांध दिया। जिससे पूरा परिसर ‘कल्याण धणी’ के जयकारों से गुंजायमान हो उठा।

​गायिका निशा लोधा ने गणेश वंदना के साथ कार्यक्रम की शुरुआत की। उन्होंने श्रीजी कल्याण धणी की महिमा का बखान करते हुए एक से बढ़कर एक प्रस्तुति दी। जब उन्होंने “मैं तो फेन श्री जी को…” और “बाजे छे नोबत बाजा, म्हारो कल्याण राय राजा…” जैसे लोकप्रिय भजनों की प्रस्तुति दी, तो पाण्डाल में मौजूद श्रद्धालु खुद को झूमने से नहीं रोक सके।

उन्होंने सहयोगी गायक कलाकारों के साथ ​”सांगोद नगरी में बिराज्या, म्हारा कल्याण धणी…/ थाने हृदय बीच बसाऊं, ओ सांवरिया सरकार…/ भक्तां की भीड़ खड़ी द्वारे, दर्शन देदो एक बार… सरीखे भजन गाकर झूमने पर मजबूर कर दिया।

​कार्यक्रम में अतिथि के रूप में रेलवे परामर्श दात्री समिति के सदस्य आशीष मेहता, कल्याण रायजी किराड़ क्षत्रिय विकास समिति के अध्यक्ष ​गोविंद मेहता, महासचिव ​जगदीश मेहता, कोषाध्यक्ष ​रमेश मेहता समेत ​समिति के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

उन्होंने कहा कि श्री कल्याणरायजी महाराज के प्रति क्षेत्र के लोगों की अटूट आस्था है। इस तरह के आयोजनों से समाज में एकता और भक्ति का संचार होता है। कार्यक्रम के अंत में श्री जी की महाआरती की गई और श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। देर रात तक चली इस भजन संध्या में बड़ी संख्या में महिला व पुरुष श्रद्धालुओं ने भाग लिया।

कमर्शियल सिलेण्डर की आपूर्ति सामान्य करने के लिए कलेक्टर को दिया ज्ञापन

होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान कोटा डिवीजन की प्रशासन से अपील

कोटा। होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान कोटा डिवीजन के अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी एवं मुख्य सलाहकार अनिल मूंदड़ा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को जिला कलक्टर पीयूष समारिया से भेंट कर कमर्शियल सिलेण्डर की सप्लाई निर्बाध रूप से चालू करने की अपील की।

होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान कोटा डिवीजन के अध्यक्ष माहेश्वरी ने बताया कि सप्लाई पूरी तरह से ठप्प होने के कारण होटल, रेस्टोरेन्ट, केटरिंग एवं चाय, नमकीन, कचोरी एवं समोसा की दुकानो पर बहुत बुरा असर पड रहा है।

यह व्यवसाय बन्द होने कि कगार पर है। हाड़ोती केटरिंग एवं हलवाई एसोसिएशन के अध्यक्ष सचिन माहेश्वरी ने बताया कि सिलेंडर की अनुपलब्धता से शादी विवाह मे भोजन बनाना मुश्किल हो गया है।

जिला कलक्टर ने बताया कि हास्टल एवं मैस व्यवसाय मे आज से कार्मिशियल सिलेण्डर उपलब्ध करवाने शुरू कर दिए हैं। इसके लिए होटल फेडरेशन ने जिला कलक्टर का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे बाहर से आने वाले छात्रों को भोजन की उपलब्धता सुचारु रूप से चल सकेगी।

माहेश्वरी ने कहा कि इसी तर्ज पर होटल, रेस्टोरेन्ट हलवाई एवं केटरिंग व्यवसाई और खान पान के व्यवसाइयो को सिलेन्डर उपलब्ध कराये जायें। जिला कलेक्टर ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि जिला प्रशासन कमर्शियल सिलेण्डर की आपूर्ति सामान्य बनाने के लिए पूरी तरह प्रयासरत है।

Kota Mandi: मिलर्स की लिवाली से उड़द 100 रुपये उछला

एनसीईडेक्स पर धनिया का अप्रैल वायदा 144 रुपये तेज होकर 11386 रुपये बंद हुआ

कोटा। Kota Mandi Price Today: भामाशाह अनाज मंडी में सोमवार को कमजोर उठाव से गेहूं मिल, सोयाबीन 50 रुपये और धान 200 रुपये लुढ़क गया। लहसुन 500 मंदा रहा। मिलर्स की लिवाली से उड़द 100 रुपये उछल गया।

कारोबारी सूत्रों के अनुसार एनसीईडेक्स पर धनिया का अप्रैल वायदा 144 रुपये तेज होकर 11386 रुपये और मई वायदा 128 रुपये बढ़कर 11504 रुपये प्रति क्विंटल पर बंद हुआ। मंडी में सभी कृषि जिंसों की मिलाकर करीब सवा लाख बोरी और लहसुन की 3500 कट्टे की आवक रही। जिंसों के भाव रुपये प्रति क्विंटल इस प्रकार रहे-

गेहूं पुराने 2100 से 2351, गेहूं नया 2000 से 2685, ज्वार शंकर 1700 से 2300, ज्वार सफेद 2800 से 5000, बाजरा 1800 से 2050, मक्का लाल 1400 से 1600, मक्का सफेद 1600 से 2200, जौ नया 1900 से 2150 रुपये प्रति क्विंटल।

धान सुगन्धा 2800 से 3101, धान (1509) 3200 से 3850, धान (1847) 3200 से 3751, धान (1718-1885) 3900 से 4050, धान (पूसा-1) 3600 से 3900, धान (1401-1846) 3800 से 4000, धान दागी 1500 से 3400 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन 5000 से 5450, सरसों 5800 से 6500, अलसी 6000 से 6700, तिल्ली 7000 से 8500 रुपये प्रति क्विंटल। मूंग 6000 से 6500, उड़द 4500 से 8400, चना देशी पुराना 4700 से 5101, चना मौसमी 4700 से 5000, चना पेप्सी 4800 से 5051, चना डंकी 3500 से 4500, चना काबुली 5500 से 7500, नया चना 4800 से 5200 रुपये प्रति क्विंटल।

नया लहसुन 3000 से 10500, मैथी 4000 से 5200, मैथी नयी 5300 से 5500, धनिया बादामी 7500 से 9200, धनिया ईगल 9500 से 10200, धनिया नया गीला 7500 से 9500, धनिया रंगदार 10000 से 14000 रुपये प्रति क्विंटल।

राजस्थान में कमर्शियल सिलेंडरों की बुकिंग फिर से शुरू: खाद्य मंत्री गोदारा

जयपुर। राजस्थान में पिछले एक सप्ताह से जारी एलपीजी के महा-संकट के बीच सोमवार की सुबह बड़ी राहत लेकर आई है। प्रदेश की होटल इंडस्ट्री, जो गैस की किल्लत के चलते मानों ‘वेंटिलेटर’ पर पहुंच गई थी, उसे अब ऑयल कंपनियों की नई ‘ऑक्सीजन’ मिल गई है।

रविवार से कमर्शियल सिलेंडरों की सप्लाई बहाल होने के बाद आज से जयपुर समेत प्रदेशभर के करीब 50 हजार होटल और रेस्टोरेंट्स में चूल्हे पूरी क्षमता के साथ जलने की उम्मीद है।

खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री सुमित गोदारा ने पुष्टि की है कि कमर्शियल सिलेंडरों की बुकिंग फिर से शुरू हो गई है। उन्होंने बताया कि सोमवार शाम तक करीब 30 फीसदी प्रतिष्ठानों को सप्लाई मिल जाएगी और अगले दो-तीन दिनों में स्थिति पूरी तरह सामान्य हो जाएगी।

हालांकि, इस दौरान सियासी पारा भी चढ़ा रहा। मंत्री गोदारा ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस ने अफवाह फैलाकर जनता के बीच बेवजह ‘पैनिक’ पैदा किया, जबकि ऑनलाइन बुकिंग के आधार पर आपूर्ति कभी पूरी तरह बंद नहीं हुई थी।

पिछले 6-7 दिनों से स्थिति इतनी विकट थी कि प्रदेश के 15 हजार होटलों और 35 हजार रेस्टोरेंट्स पर ताले लगने की नौबत आ गई थी। सिलेंडरों के अभाव में संचालकों को डीजल भट्ठी और इंडक्शन का सहारा लेना पड़ा, जिससे लागत में भारी बढ़ोतरी हुई।

कई नामी होटलों को तो तंदूरी आइटम और गैस से बनने वाले खास व्यंजनों को अपने ‘मेन्यू’ से ही हटाना पड़ा था। अब सप्लाई शुरू होने से न केवल बड़े होटल, बल्कि सड़क किनारे रेहड़ी-पटरी लगाने वाले छोटे दुकानदारों ने भी राहत की सांस ली है।

बिटकॉइन 74000 डॉलर के पार पहुंची, पाई नेटवर्क में भी तेजी

नई दिल्ली। पिछले 24 घंटे में क्रिप्टो बाजार में बड़ा उछाल आया है। वहीं बिटकॉइन समेत कई क्रिप्टोकरेंसी भी तेजी से बढ़ी हैं। सोमवार 2 बजे तक ग्लोबल मार्केट कैप पिछले 24 घंटे में करीब 3 फीसदी की तेजी के साथ 2.51 ट्रिलियन डॉलर पर कारोबार कर रहा था।

24 घंटे में बिटकॉइन में भी 2 फीसदी से ज्यादा का उछाल आया और यह फिर से 74000 डॉलर के पार पहुंच गया। वहीं पाई नेटवर्क में भी तेजी आई है। दुनिया की सबसे महंगी क्रिप्टो बिटकॉइन ने भी रफ्तार पकड़ ली है।

सोमवार को यह कारोबार के दौरान 74000 डॉलर के पार पहुंच गया था। हालांकि बाद में इसमें गिरावट आई। दोपहर 2 बजे बिटकॉइन 73,300 के करीब पर था। पिछले एक हफ्ते में बिटकॉइन में करीब 8 फीसदी की तेजी आई है।

बाकी क्रिप्टो का हाल
पिछले 24 घंटे में सिर्फ बिटकॉइन में ही नहीं, बल्कि दूसरी क्रिप्टो ने भी छलांग मारी है। इथेरियम 6 फीसदी से ज्यादा की तेजी के साथ 2241 डॉलर, रिपल 4 फीसदी से ज्यादा की तेजी के साथ 1.46 डॉलर पर कारोबार कर रही थी।

सोलाना में भी तेजी देखी गई। यह क्रिप्टो 5 फीसदी से ज्यादा उछलकर 92.92 डॉलर पर था। डॉगकॉइन में भी करीब 5 फीसदी का उछाल देखा गया। यह 0.1010 डॉलर पर था।

बात अगर पाई नेटवर्क कॉइन की करें तो पिछले 24 घंटे में इसमें भी तेजी आई है। करीब 4 फीसदी की तेजी के साथ पाई नेटवर्क 0.1988 डॉलर पर कारोबार कर रहा था। हालांकि पिछले एक हफ्ते में इसमें कुछ गिरावट दर्ज की गई है। 7 दिनों में पाई नेटवर्क कॉइन 6 फीसदी से ज्यादा लुढ़क गया है। इसमें हालिया गिरावट का दौर 14 मार्च से शुरू हुआ। इससे पहले इसमें तेज उछाल आया था।

केंटन समेत इनमें गिरावट
क्रिप्टो बाजार में तेजी के बाद भी कई क्रिप्टो ऐसी हैं जिनमें गिरावट आई। केंटन क्रिप्टो 24 घंटे में 2 फीसदी से ज्यादा लुढ़क गई। इस गिरावट के साथ यह 0.1482 डॉलर पर कारोबार कर रही थी। वहीं स्काई क्रिप्टो में 5 फीसदी से ज्यादा की गिरावट आई। ट्रंप की क्रिप्टो में भी गिरावट रही। ऑफिशियल ट्रंप क्रिप्टो 24 घंटे में करीब 2 फीसदी फिसल गई।

भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक डील अभी तक फाइनल नहीं हुई, जानिए क्यों

नई दिल्ली। India US Trade Deal: भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक डील को लेकर एक बड़ा अपडेट सामने आया है। सोमवार को भारत सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय की तरफ से बताया गया कि भारत और अमेरिका के बीच हुई डील पर अभी मुहर नहीं लगी है।

यह डील तब अपने मूर्त रूप में आएगी, जब अमेरिका में नए टैरिफ ढांचे लागू हो जाएंगे। बता दें, अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने ट्रंप प्रशासन के टैरिफ फैसलों को रद्द कर दिया था, जिसके बाद कई देशों ने अमेरिका के साथ हुई अपनी डील को ठंडे बस्ते में डाल दिया था।

सोमवार को व्यापारिक आंकड़ों पर ब्रीफिंग देते समय वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने कहा कि नई डील पर हस्ताक्षर नए टैरिफ ढांचे के लागू हो जाने के बाद ही होंगे। पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक अग्रवाल ने कहा कि कि नई दिल्ली और वॉशिंगटन इस समय व्यापार समझौते के विवरणों पर बातचीत कर रहे हैं।

दरअसल, लंबी बातचीत और तमाम उठापटक के बाद भारत और अमेरिका के बीच में एक व्यापारिक डील पर सहमति बनी थी। इस पर दोनों ही पक्षों ने अपने-अपने दावे किए थे। लेकिन इसके कुछ समय बाद ही अमेरिकी सुप्रीम कोकर्ट ने एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए ट्रंप प्रशासन द्वारा विभिन्न देशों पर लगाए गए टैरिफ को अवैध घोषित करके रद्द कर दिया।

हालांकि, इसके कुछ घंटो बाद ही ट्रंप प्रशासन ने एक कार्यकारी आदेश जारी करते हुए अमेरिका में आने वाले सामान पर सार्वभौमिक रूप से 10 फीसदी टैरिफ की घोषणा कर दी। बाद में उन्होंने इसे 15 फीसदी तक बढ़ा दिया। लेकिन इसके साथ समस्या यह है कि यह टैरिफ एक निश्चित समय के लिए ही लागू होगा।

इस वजह से भारत जैसे देशों ने अमेरिका के साथ हुई अपनी डील को अभी फाइनल करने से पहले सुप्रीम कोर्ट के आदेश का इंतजार करना ज्यादा सही समझा। हालांकि, ट्रंप प्रशासन इन देशों पर दबाव बनाने के लिए कई कदम उठाने की कोशिश भी की है।

सुप्रीम कोर्ट के फैसले से लगे झटके के बाद ट्रंप प्रशासन ने टैरिफ दबाव फिर से बनाने की कोशिश की। हाल ही में उन्होंने भारत और 15 अन्य देशों के खिलाफ “अनफेयर मैन्यूफैक्चरिंग प्रैक्टिस” की जांच करने की घोषणा की है। यह कदम ट्रेड एक्ट 1974 की धारा 301 के तहत की जाने वाली जांच कहलाता है।

अमेरिकी संविधान के मुताबिक अगर कोई देश अनुचित व्यापार प्रथाओं में लिप्त पाया जाता है, तो अमेरिकी सरकार उन पर नए टैरिफ लगाने, आयात रोकने और व्यापार समझौते में दी गई रियायतों को निलंबति करने की शक्ति हासिल कर लेती है।

डुकाटी ने ऑफ-रोडिंग के शौकीनों के लिए लॉन्च की बाइक, जानिए कीमत और फीचर्स

नई दिल्ली। इटली की मशहूर सुपरबाइक कंपनी डुकाटी (Ducati) ने भारत में अपनी पहली मोटोकॉस बाइक डुकाटी Desmo450 MX (Ducati Desmo450 MX) लॉन्च कर दी है। इसकी एक्स-शोरूम कीमत ₹17.23 लाख रखी गई है।

इस बाइक के साथ डुकाटी (Ducati) ने पहली बार भारत में ऑफ-रोड रेसिंग और मोटोकॉस सेगमेंट में कदम रखा है। कंपनी ने इसकी बुकिंग शुरू कर दी है, जबकि डिलीवरी मार्च 2026 से शुरू होने वाली है। आइए जरा विस्तार से इसकी डिटेल्स जानते हैं।

नई डुकाटी Desmo450 MX (Ducati Desmo450 MX) को खास तौर पर ऑफ-रोड रेसिंग और मोटोकॉस ट्रैक के लिए तैयार किया गया है। यह डुकाटी (Ducati) की रेगुलर रोड सुपरबाइक्स से बिल्कुल अलग है।

इस बाइक को अंतरराष्ट्रीय मोटोकॉस प्रतियोगिताओं जैसे MXGP वर्ल्ड चैंपियनशिप में टेस्ट किया गया है, ताकि इसे असली रेसिंग परिस्थितियों में बेहतर बनाया जा सके। भारत में भी इसे पहले भारतीय सुपरक्रॉस रेसिंग लीग (Indian Supercross Racing League) के फाइनल में शोकेस किया गया था।

इंजन और परफॉर्मेंस
इस मोटोकॉस बाइक में पावरफुल इंजन 449.6cc सिंगल-सिलेंडर, लिक्विड-कूल्ड इंजन दिया गया है, जो करीब 62 bhp की पावर और लगभग 54 Nm का टॉर्क जेनरेट करने में सक्षम है। ये करीब 12,000 rpm तक रेव करने की क्षमता के साथ आता है। (Desmodromic valve technology) दी गई है, जो आमतौर पर कंपनी की हाई-परफॉर्मेंस स्पोर्ट्स बाइक्स में मिलती है। इससे इंजन को बेहतर पावर डिलीवरी और मजबूत परफॉर्मेंस मिलती है।

एडवांस सस्पेंशन
ऑफ-रोड रेसिंग के लिए बाइक का फ्रेम हल्का और मजबूत बनाया गया है। इसमें लाइटवेट एल्युमिनियम फ्रेम दिया गया है। कंपनी ने इसमें 49mm शोवा फ्रंट फोर्क और रियर में मोनोशॉक सस्पेंशन (पूरी तरह एडजस्टेबल) दिया गया है। इसके ब्रेकिंग सिस्टम की बात करें तो इसमें ब्रेम्बो (Brembo) का हाई-परफॉर्मेंस ब्रेकिंग सिस्टम दिया गया है, जिससे तेज रफ्तार में भी बाइक पर पूरा कंट्रोल मिलता है।

ट्रैक्शन कंट्रोल
इस बाइक की एक खास बात इसका ट्रैक्शन कंट्रोल सिस्टम है, जो आमतौर पर मोटोकॉस बाइक्स में कम देखने को मिलता है। यह सिस्टम रियर व्हील की स्लिप को मॉनिटर करता है और जरूरत पड़ने पर ही हस्तक्षेप करता है, जिससे राइडर को बेहतर कंट्रोल और ज्यादा कॉन्फिडेंस मिलता है।

नई डुकाटी Desmo450 MX (Ducati Desmo450 MX) के लॉन्च के साथ डुकाटी (Ducati) ने भारत में मोटोकॉस सेगमेंट में एंट्री कर ली है। दमदार इंजन, हल्का फ्रेम और रेसिंग-फोकस्ड टेक्नोलॉजी के साथ यह बाइक खास तौर पर ऑफ-रोड रेसिंग के शौकीनों के लिए बनाई गई है।

BMW M 1000 R सुपरस्पोर्ट रोडस्टर बाइक भारत में लॉन्च, जानिए कीमत एवं फीचर्स

नई दिल्ली। BMW मोटोराड ने भारतीय मार्कट में अपनी हाई-परफॉर्मेंस ‘M’ सीरीज का विस्तार करते हुए नई M 1000 R सुपरस्पोर्ट रोडस्टर को लॉन्च कर दिया है। यह दमदार मोटरसाइकिल भारत में ‘कम्पलीटली बिल्ट-अप यूनिट’ (CBU) के रूप में आएगी।

यानी इसे विदेश से सीधे इम्पोर्ट किया जाएगा। बता दें कि देशभर के अधिकृत डीलरशिप पर इसकी बुकिंग शुरू हो चुकी है। कंपनी ने साफ किया है कि इसकी डिलीवरी मई 2026 से शुरू होगी। इस बाइक की एक्स-शोरूम कीमत 33.50 लाख रुपये तय की गई है।

डिजाइन
डिजाइन के मामले में यह बाइक किसी का भी ध्यान अपनी ओर खींचने का दम रखती है। इसका लुक काफी हद तक BMW की मशहूर RR सुपरबाइक्स से प्रेरित है। इसके फ्रंट में नई डुअल-फ्लो LED हेडलाइट दी गई है जो इसे बेहद आक्रामक चेहरा देती है। सबसे खास बात इसमें दिए गए ‘M विंगलेट्स’ हैं। ये सिर्फ 220 किमी प्रति घंटे की रफ्तार पर अगले पहिए पर 11 किलो तक का अतिरिक्त दबाव (डाउनफोर्स) डालते हैं जिससे तेज रफ्तार में भी बाइक सड़क से चिपक कर चलती है और स्थिर बनी रहती है।

इंजन
परफॉर्मेंस की बात करें तो इसमें 999cc का वॉटर-कूल्ड इनलाइन फोर-सिलेंडर इंजन लगा है। इसे खास तौर पर ट्रैक के लिए ट्यून किया गया है। यह इंजन 13,750 आरपीएम पर 210bhp की जबरदस्त पावर और 113Nm का टॉर्क जनरेट करता है। इसकी रफ्तार का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि यह महज 3.2 सेकंड में 0 से 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ लेती है। इसकी टॉप स्पीड 280 किमी प्रति घंटा है। इसमें BMW की ‘शिफ्टकैम’ टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया गया है जो कम स्पीड पर भी बेहतरीन टॉर्क और हाई स्पीड पर शानदार परफॉर्मेंस सुनिश्चित करती है।

फीचर्स
फीचर्स के मोर्चे पर भी BMW ने कोई कसर नहीं छोड़ी है। इसमें 6.5-इंच का टीएफटी डिस्प्ले मिलता है, जिसमें खास ‘M स्टार्टअप’ एनिमेशन दिया गया है। राइडर्स की सेफ्टी के लिए इसमें रेन, रोड, डायनेमिक और रेस जैसे कई राइडिंग मोड्स दिए गए हैं। साथ ही, एडाप्टिव एलईडी लाइटिंग, क्रूज कंट्रोल, हीटेड ग्रिप्स और ट्रैक लवर्स के लिए पिट-लेन लिमिटर जैसे एडवांस फीचर्स भी मौजूद हैं। यह बाइक उन लोगों के लिए एक परफेक्ट पैकेज है जो सड़क पर डेली राइड के साथ-साथ रेस ट्रैक का रोमांच भी चाहते हैं।

खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ने से फरवरी में थोक महंगाई दर बढ़कर 2.13 फीसदी हुई

नई दिल्ली। WPI: देश में थोक महंगाई दर फरवरी 2026 में बढ़कर 2.13 प्रतिशत हो गई है। यह लगातार चौथा महीना है जब थोक मूल्य सूचकांक (WPI) आधारित महंगाई में इजाफा दर्ज किया गया है।

इससे पहले जनवरी में यह दर 1.81 प्रतिशत थी, जबकि फरवरी 2025 में यह 2.45 प्रतिशत रही थी। सरकार द्वारा सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार खाद्य और गैर-खाद्य वस्तुओं की कीमतों में बढ़ोतरी इसका प्रमुख कारण रही।

आंकड़ों के मुताबिक, खाद्य वस्तुओं में महंगाई जनवरी के 1.55 प्रतिशत से बढ़कर फरवरी में 2.19 प्रतिशत हो गई। हालांकि सब्जियों की महंगाई में कुछ राहत देखने को मिली। फरवरी में सब्जियों की महंगाई 4.73 प्रतिशत रही, जो जनवरी में 6.78 प्रतिशत थी। इसके बावजूद दाल, आलू और अंडा, मांस व मछली जैसी वस्तुओं की कीमतों में पिछले महीने के मुकाबले अधिक तेजी दर्ज की गई।

विनिर्मित उत्पादों के मोर्चे पर भी महंगाई में हल्की बढ़ोतरी हुई। फरवरी में इस श्रेणी की थोक महंगाई 2.92 प्रतिशत रही, जो जनवरी में 2.86 प्रतिशत थी। वहीं गैर-खाद्य वस्तुओं की महंगाई 7.58 प्रतिशत से बढ़कर 8.80 प्रतिशत पर पहुंच गई, जो इस बात का संकेत है कि कच्चे माल और अन्य जरूरी औद्योगिक वस्तुओं की कीमतों में दबाव बना हुआ है।

दूसरी ओर, ईंधन और बिजली श्रेणी में गिरावट यानी डिफ्लेशन का दौर जारी रहा। फरवरी में इस श्रेणी में महंगाई दर माइनस 3.78 प्रतिशत रही, जबकि जनवरी में यह माइनस 4.01 प्रतिशत थी। इसका मतलब है कि इस क्षेत्र में कीमतें अभी भी पिछले साल के मुकाबले नीचे बनी हुई हैं, हालांकि गिरावट की रफ्तार थोड़ी कम हुई है।

वैश्विक तनाव के कारण फरवरी में भारत का व्यापार घाटा 27.1 अरब डॉलर तक पहुंचा

नई दिल्ली। Trade deficit Of India: भारत का व्यापार घाटा फरवरी महीने में बढ़कर 27.1 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया है। वाणिज्य मंत्रालय द्वारा सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार इस दौरान देश के वस्तु निर्यात में हल्की गिरावट दर्ज की गई, जबकि आयात में तेज बढ़ोतरी देखने को मिली। वैश्विक भू राजनीतिक परिस्थितियों और बढ़ते आयात को इस बदलाव का प्रमुख कारण माना जा रहा है।

सरकारी आंकड़ों के अनुसार फरवरी में भारत का वस्तु निर्यात 0.81 प्रतिशत घटकर 36.61 अरब अमेरिकी डॉलर रह गया। पिछले वर्ष इसी अवधि में निर्यात का आंकड़ा थोड़ा अधिक था। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जारी तनाव और अनिश्चितताओं के कारण कई क्षेत्रों में निर्यात पर दबाव बना हुआ है।

आयात में 24 प्रतिशत से अधिक की बढ़ोतरी
दूसरी ओर फरवरी में आयात में तेज उछाल देखने को मिला। इस दौरान देश का कुल आयात 24.11 प्रतिशत बढ़कर 63.71 अरब अमेरिकी डॉलर हो गया, जबकि फरवरी 2025 में यह 51.33 अरब डॉलर था। आयात में इस तेज वृद्धि के कारण ही व्यापार घाटा बढ़कर 27.1 अरब डॉलर तक पहुंच गया।

चालू वित्त वर्ष में निर्यात में बढ़ोतरी
वाणिज्य सचिव Rajesh Agrawal ने मीडिया को जानकारी देते हुए कहा कि कई चुनौतियों के बावजूद भारत का निर्यात संतोषजनक प्रदर्शन कर रहा है। उन्होंने बताया कि वित्त वर्ष 2025-26 के अप्रैल से फरवरी के बीच देश का निर्यात 1.84 प्रतिशत बढ़कर 402.93 अरब अमेरिकी डॉलर हो गया है।

इसी अवधि में आयात भी 8.53 प्रतिशत की दर से बढ़कर 713.53 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया। इससे साफ है कि घरेलू मांग और वैश्विक परिस्थितियों के कारण आयात की गति निर्यात की तुलना में ज्यादा तेज रही है।

पश्चिम एशिया संकट से बढ़ी चुनौतियां
सरकार का कहना है कि मार्च महीने में निर्यात के सामने और चुनौतियां आ सकती हैं। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के कारण लॉजिस्टिक्स और व्यापार मार्गों पर असर पड़ रहा है।