Tuesday, July 14, 2026
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वर्ष 2017 में आईसीआईसीआई बैंक की 10 अद्वितीय पहल

1. आईसीआईसीआई बैंक ने ग्रामीण ग्राहकों के लिए लांच किया ‘मेरा आईमोबाइल‘ भारत का पहला मोबाइल बैंकिंग एप्लीकेशन
आईसीआईसीआई बैंक ने अपने ग्रामीण ग्राहकों के लिए एक अद्वितीय मोबाइल बैंकिंग एप्प लांच की ताकि उन्हें बैंकिंग सेवाएं सरलता से मिल सकें और साथ ही साथ कृषि सेवाओं की सूचना भी प्राप्त हो सके। कोई भी जिनमें गैर आईसीआईसीआई बैंक ग्राहक हो वह इस एप्प को डाउनलोड कर सकता है, जो कि 11 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध है।

जैसा कि इसका नाम ‘मेरा आईमोबाइल‘ नाम रखा गया है, यह ग्रामीण क्षेत्र के यूजर्स को उनके मोबाइल पर कम से कम 135 सेवाएं प्रदान करता है इनमें से कुछ तो इस उद्योग के लिए अभूतपूर्व कही जा सकती हैं, इससे उनके अपनी किसी सेवा का लाभ लेने हेतु बैंक की ब्रांच तक जाने का मूल्यवान समय बचता है।

इसके अलावा यह पहली बैंकिंग एप्प है जिस पर खेती सम्बन्धित सूचनाए जैसे फसल वार मंडी के भाव जिसकें करीब 230 फसल किस्म के देश की 460 मंडियों के नवीतम भाव उपलब्ध होते हैं। यह एप्प तालुका वार मौसम की जानकारी, किसानों को अपनी कटाई-बुवाई गतिविधियां सुविधापूर्ण तरीके से नियोजित करने के बारे में जानकारी एक सूचित तरीके से प्राप्त होती हैं।

2. आईसीआईसीआई बैंक ने अपने नेट बैंकिंग प्लेटफॉर्म के साथ ‘डिजीलॉकर‘ सुविधा को एकीकृत किया
आईसीआईसीआई बैंक ने अपने रिटेल बैंकिंग प्लेटफॉर्म को ‘डिजीलॉकर‘ से एकीकृत करने की घोषणा की, यह पहल इलेक्ट्रॉनिक एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय(एमईआईटीवॉय) भारत सरकार की थी। डिजीलॉकर डिजीटल प्रमाणपत्र जारी करने, सत्यापन करने एवं डिजीटल प्रमाणपत्रों को क्लाउड पर भण्डारित करने के लिए एक ऑनलाइन उत्तरदायी प्लेटफॉर्म है।

3. आईसीआईसीआई ग्रुप ने 100 ‘आईसीआईसीआई डिजीटल विलेजेज‘ राष्ट्र का समर्पित किए
आईसीआईसीआई ग्रुप ने 100 ‘आईसीआईसीआई डिजीटल विलेजेज‘ राष्ट्र को समर्पित किए यह बैंक का राष्ट की प्रगति एवं सशक्त ग्रामीण भारत के प्रति एक प्रयास था।

इन डिजीटल विलेजेज के उद्घाटन के बाद बैंक की प्रतिबद्धता रही कि वह 100 गांवों को कुछ दिनों के भीतर ‘आईसीआईसीआई डिजीटल विलेजेज‘ के रूप में बदले। इस कार्यक्रम के तहत लेनदेनएवं अन्य वाणिज्यि गतिविधियां का का शुरू से अन्त तक डिजीटाइजेशन, ग्रामीणों को व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान करना, उनकी ऋण सुविधाओं का विस्तार तथा ग्रामीणों की बाजार तक पहुंच बनाना ताकि उन्हें स्थाई आजीविका के संसाधन उपलब्ध हो सकें।

4. आईसीआईसीआई बैंक ने एटीएम के माध्यम से तत्काल व्यक्तिगत ऋण सुविधा पेश की
इस सुविधा से बैंक के मौजूदा वेतन भोगी ग्राहक और समर्थ हो सकेंगे और उन्हें प्री-क्वालिफाइड पर्सनल लोन उनके बचत खातों में तत्काल मिल सकेगा, और वह भी पूरी तरह से डिजीटल एवं कागज रहित तरीके के साथ।

यह सुविधा ग्राहकों के अनुभव को और बढ़ाएगी क्यों कि इसमें अनेक सुविधाओं की पेशकशें हैं आसान चरणों में तेजी से आवेदन 15 लाख रुपए तक के ऋण के लिए कई पात्र ऋण राशि विकल्प जो कि उनकी पूर्व में सिबिल जांच पर आधारित होंगे तथा तत्काल इस ऋण राशि को ग्राहक के खाते में स्थानांतरित कर दिया जाएगा।

5. आईसीआईसीआई बैंक ने पेश किया इन्सटेंट क्रेडिट कार्ड
भारतीय बैंकिंग उद्योग में अपनी तरह की यह पहली पेशकश है जो बैंक के बचत खाता धारकों को तत्काल एक क्रेडिट कार्ड उपलब्ध करवाती है, वह भी पूरी तरह से डिजीटल एवं कागज रहित तरीके के साथ।

इस नई पेशकश से कुछ लाख प्री-क्वालिफाइड ग्राहकों को तत्काल क्रेडिट कार्ड नम्बर तथा अन्य महत्वपूर्ण विवरण ऑनलाइन प्रदान किए, जिनका प्रयोग करते हुए महिला/पुरुष ग्राहक ऑनलाइन शॉपिंग शुरू कर सकते हैं, वह भी बिना किसी प्रतीक्षा अथवा भौतिक कार्ड पहुंचने से पूर्व।

यह सेवा साल के सभी दिन चौबीसों घंटे उपलब्ध है, कोई भी ग्राहक तत्काल क्रेडिट कार्ड प्राप्त कर सकता है वह भी 4 लाख रुपए की क्रेडिट लिमिट के साथ जो कि ब्यूरो स्कोर की पूर्व में की गई जांच पर आधारित है।

6. आईसीआईसीआई बैंक ने लांच किया ‘कैश बैक‘ आवासीय ऋण
आईसीआईसीआई बैंक ने एक नए आवासीय ऋण की घोषणा की है, जो कि ऋणी को प्रत्येक मासिक किस्त (ईएमआई) पर 1 प्रतिशत कैशबैक, पूरे ऋण की अवधि के दौरान दिया जाएगा। इस उद्योग में यह एक अनूठी पेशकश है, यह न्यूनतम 15 वर्ष के आवासीय ऋण पर उपलब्ध है।

इस नए आवासीय ऋण से ऋणी कैशबैक की अपने पसंदीदा ढंग से चुन सकता है। वह इस कैशबैक राशि को चाहे तो अपने आवासीय ऋण बकाया मूल राशि में जमा करवा सकता है या फिर इसे अपने आईसीआईसीआई बैंक खाते में समायोजित करवा सकता है। इसके लिए प्रवासी और अप्रवासी भारतीय ग्राहक कैशबैक आवासीय ऋण आवेदन के पात्र माने गए हैं।

7. आईसीआईसीआई बैंक भारतीय सैन्य बलों को 10 करोड़ रु. देने को संकल्पबद्ध
आईसीआईसीआई बैंक भारतीय सैन्य बलों को 10 करोड़ रु. की वित्तीय सहायता देने के प्रति संकल्पबद्ध है। यह योगदान दो समान भागों में दिया जाएगा।

इस वर्ष और अगले वर्ष, इस राशि का उपयोग उन पूर्व सैनिकों के परिवारों के कल्याण और बेहतरी के लिए किया जाएगा जो की देश की रक्षा करते हुए शहीद हुए हों।

आईसीआईसीआई बैंक की प्रबन्ध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी मिस चंदा कोचर ने 5 करोड़ रुपए का चेक माननीय रक्षा मंत्री श्रीमती निर्मला सीतरमण को रक्षा मंत्रालय में आयोजित एक समारोह में भेंट किया।

8. आईसीआईसीआई बैंक ने अपने मनी2इण्डिया एप्लीकेशन पर वॉयस बेस्ड इंटरनेशनल रेमिटेंस सेवा लांच की
आईसीआईसीआई बैंक ने भारत का पहली आवाज आधारित अंतर्राष्ट्रीय धन प्रेषण सुविधा लांच करने की घोषणा की जिससे अप्रवासी भारतीय (एनआरआईज) भारत के किसी भी बैंक में घन प्रेषण कर सकते हैं।

आईसीआईसीआई बैंक की मनी2इण्डिया एप्प में इस नई सुविधा के बाद कोई भी एनआरआई ग्राहक तत्काल भारत में रहने वाले/वाली अपने किसी परिचित या रिश्तेदार को केवल एप्पल के वर्च्युअल वॉयस एसिस्टेन्ट सीरी को अपने एप्पल आईफोन/आईपैड पर वॉयस कमाण्ड से पैसे भेज सकता है।

सीमा पार सेवा प्रदान करने वाली अपनी तरह की यह पहली सेवा बैंक ने देश में उपलब्ध करवाई है, इससे ग्राहक की सुविधा में महत्वपूर्ण रूप से सुधार आएगा, क्यों कि इससे पूर्व में इस प्रकार धन प्रेषण के लिए पांच कदम उठाने की प्रक्रिया को अपनाना पड़ता था, जिसके बाद ही भारत तक शीघ्र पैसा भेजा जा सकता था इस सुविधा के बाद यह प्रक्रिया और भी सरल हो गई है।

9. तत्काल अल्पावधि डिजीटल ऋण के लिए पेटीएम और आईसीआइसीआई बैंक का गठबंधन
भारत के सबसे बड़े भुगतान प्लेटफॉर्म पेटीएम ने आईसीआईसीआई बैंक से भागीदारी की है, यह बैंक समेकित परिसम्पदा की दृष्टि से निजी क्षेत्र में भारत के शीर्ष बैंक है, ने सयुंक्त रूप से पेटीएम-आईसीआईसीआई बैंक पोस्टपेड लांच किया है, जो ब्याज मुक्त अल्पावधि ऋण तक पहुंचने का सबसे निर्बाध तरीका है।

इस नई पेशकश से लाखों पेटीएम ग्राहक पहली बार प्रतिदिन उपयोग जिसमें फिल्म के टिकट से लेकर फ्लाइट्स एवं सामान आदि शामिल है, के लिए तत्काल ऋण प्राप्त कर सकेंगे।

यह ग्राहक के क्रेडिट स्कोर पर आधारित है, इसमें बैंक 45 दिन की ब्याज मुक्त क्रेडिट लिमिट प्रदान कर रहा है। यह ऋण राशि 3,000 रुपए से लेकर 10,000 रुपए तक है, जिसे ग्राहक के पुनर्भुतान के इतिहास को देख कर 20,000 रुपए तक बढ़ाया जा सकता है। पेटीएम-आईसीआईसीआई बैंक पोस्टपेड ग्राहक को पेटीएम पासकोड के द्वारा तुरंत चेकआउट की पेशकश भी दे रहा है।

10. आईसीआईसीआई बैंक ने देश की पहली तत्काल पब्लिक प्रॉविडेण्ड फण्ड (पीपीएफ) खाता सुविधा पेश की
आईसीआईसीआई बैंक ने एक डिजीटल सेवा शुरू करने की घोषणा की है जिससे ग्राहक अपने पब्लिक प्रॉविडेण्ड फण्ड (पीपीएफ) खाते तत्काल खोल सकेंगे और वह भी पूरी तरह कम्प्यूटरीकृत और कागज रहित तरीके से।

इस नई सुविधा के साथ बैंक के ग्राहकों को अपनी बैंक शाखा में जाने की आवश्यकता नहीं होगी और न ही किसी प्रकार के भौतिक दस्तावेज पीपीएफ खाता खोलने के लिए प्रस्तुत करने होंगे। अब वे सुविधापूर्ण तरीके से अपना एक पीपीएफ खाता किसी भी समय, कही पर भी बैंक के इंटरनेट व मोबाइल बैंकिंग डिजीटल चैनल्स के माध्यम से खोल सकेंगे।

राज्य सरकार की गो घाती नीति से रोष – यादव

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कोटा। ग्रो गाम सेवा संघ सरकार द्वारा गौ सेवा संबंधी वादों को पूरा नहीं करने के खिलाफ 1 जनवरी को प्रदेश व्यापी आंदोलन के तहत जिला कलेक्टर को ज्ञापन देगी तथा 9 जनवरी को जिला स्तर पर बड़ा आंदोलन किया जाएगा।

ग्राम गो सेवा संघ राजस्थान के कार्यकारी अध्यक्ष खेमराज यादव ने बताया कि गत दिनों जयपुर में आयोजित प्रदेश स्तरीय बैठक में नवरंगलाल शर्मा के सानिध्य में विश्व हिंदू परिषद कार्यालय भारतमाता मंदिर में बैठक में निर्णय लिया गया कि सरकार द्वारा सरकार द्वारा गो सेवा के प्रति जो रवैया अपनाया जा रहा है, उससे गो प्रेमी लोगों में गहरा आक्रोष है।

कार्यसमिति ने आरोप लगाया कि सरकार गो अधिकारों का हनन कर रही है। गो शालाओं में संघारित गो वंश के लिए अनुदान की घोषणा नहीं कर रही। जबकि इस बात को अपने घोषणा पत्र में शामिल किया गया था। इसके विपरीत हाई कोर्ट के निर्देशों के बावजूद भी सरकार गोचा भूमि को खत्म करने का कानून लाने जा रही है।

गोचर भूमियों पर अतिक्रमण के पट्टे जारी करने की मंशा को लागू नहीं होने दिया जाएगा। बैठक में प्रदेश के विभिन्न पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया गायों को लेकर सरकार की उपेक्षा पर खिन्न्ता प्रकट की। यादव ने कहा कि कार्यसमिति ने गो भक्तो को डरा कर गो वंश की तस्करी को अपरोक्ष रूप से बढ़ावा दे रही है।

डिमांड निकलने से धान 100 रुपए प्रति क्विंटल तेज

कोटा।  भामाशाह अनाज मंडी में शुक्रवार को हसुन की आवक 3000 हजार कट्टे की रही । माल की कुल आवक 40000 हजार बोरी की रही । डिमांड निकलने से धान 100 रुपए प्रति क्विंटल तेज रहे। कमजोर डिमांड से धनिया 50 रुपए, चना 100 रुपए प्रति क्विंटल मन्दा रहे।

गेहूं मिल 1500 से 1570 लोकवान 1600 से 1650 पीडी 1600 से 1650 टुकडी 1600 से 1655 रुपए प्रति क्विंटल रहे। धान सुगंधा 2100 से 2500 पूसा-1 2500 से 2750 पूसा- 4 (1121) 2500 से 3200 धान (1509) 2000 से 2901रुपए प्रति क्विंटल रहे।

  सोयाबीन 2400 से 3025 सरसो 3200 से 3550 तिल्ली 7000 से 8400 रुपए प्रति क्विंटल रहे।  मैथी 2000 से 3100 धनिया बादामी 4400 से 4650 ईगल 4700 से 4950 रंगदार 5000 से 5500 रुपए प्रति क्विंटल रहे। 

मूंग 3300 से 4400 उडद 2400 से 3800 चना 3400से 3900 चना काबुली 7000 से 10500 रुपए प्रति क्विंटल रहे। चना पेपसी 3600 से 4000 चना मौसमी 360 से 4000 मसूर 3000 से 3600 रुपए प्रति क्विंटल रहे।

  ग्वार 2500से 3650 मक्का नई 1000 से 1250 जौ 1100 से 1200 ज्वार 1300 से 2400 रुपए प्रति क्विंटल रहे।  लहसुन 800 से 2800 रुपए प्रति क्विंटल।  

कोटा सर्राफा बाजार 
चांदी 39200 रुपए प्रति किलोग्राम।
सोना केटबरी 30150 रुपए प्रति 10 ग्राम,  सोना 35170 रुपए प्रति तोला।
सोना शुद्ध 30300 रुपए प्रति 10 ग्राम सोना 35340 रुपए प्रति तोला।  

 

सेंसेक्स ने लगाई 208 अंकों की छलांग, निफ्टी भी 10,530 के पार

नई दिल्ली।   साल के आखिरी कारोबारी सत्र में भारतीय शेयर बाजार तेजी के साथ कारोबार कर बंद हुआ है। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 208 अंक चढ़कर 34056 के स्तर पर और निफ्टी 53 अंक बढ़कर 10530 के स्तर पर कारोबार कर बंद हुआ है। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज पर मिडकैप इंडेक्स में 0.68 फीसद और स्मॉलकैप में 0.88 फीसद की बढ़त देखने को मिली है।

सेक्टोरियल इंडेक्स की बात करें तो मेटल को छोड़ सभी सूचकांक हरे निशान में कारोबार कर बंद हुए है। सबसे ज्यादा खरीदारी आईटी शेयर्स में देखने को मिली है। बैंक (0.19 फीसद), ऑटो (1.28 फीसद), फाइनेंशियल सर्विस (0.36 फीसद), एफएमसीजी (0.89 फीसद), फार्मा (0.37 फीसद) और रियल्टी (0.52 फीसद) की बढ़त देखने को मिली है।

निफ्टी में शुमार दिग्गज शेयर्स में 32 हरे निशान में और 18 गिरावट के साथ कारोबार कर बंद हुए हैं। सबसे ज्यादा तेजी टाटा मोटर्स, इंफ्राटेल, एक्सिस बैंक, टीसीएस और हीरो मोटोकॉर्प के शेयर्स में हुई है। वहीं, गिरावट गेल, बीपीसीएल, हिंदपेट्रो, जील और आईओसी के शेयर्स में हुई है।

फार्मा शेयर्स में खरीदारी 
सेक्टोरियल इंडेक्स की बात करें तो आईटी को छोड़ सभी सूचकांक हरे निशान में कारोबार कर बंद हुआ है। सबसे ज्यादा खरीदारी फार्मा शेयर्स (0.77 फीसद) में देखने को मिल रही है। बैंक (0.17 फीसद), ऑटो (0.53 फीसद), फाइनेंशियल सर्विस (0.20 फीसद), एफएमसीजी (0.37 फीसद), मेटल (0.43 फीसद) और रियल्टी (0.58 फीसद) की बढ़त देखने को मिल रही है।

ल्यूपिन टॉप गेनर
निफ्टी में शुमार दिग्गज शेयर्स की बात करें तो 43 हरे निशान में और 7 गिरावट के साथ कारोबार कर रहे हैं। सबसे ज्यादा तेजी ल्यूपिन, पावरग्रिड, एलटी, अदानीपोर्ट्स और टाटा स्टील के शेयर्स में देखने को मिल रही है। वहीं, गिरावट विप्रो, आइसीआइसीआइ बैंक, हिंडाल्को, गेल और एचसीएल टेक के शेयर्स में है।

आर-कॉम और जियो की डील, आर-कॉम के शेयरों में तेजी

नई दिल्ली । गुरुवार को रिलायंस कम्युनिकेशंस और रिलायंस जियो के बीच हुए बड़े सौदे के बाद शुक्रवार को आर-कॉम के शेयर्स में तेजी देखने को मिली। शुक्रवार के कारोबार में आर कॉम का शेयर 35 फीसद के उछाल के साथ 41.77 रुपए के स्तर पर पहुंच गया। 

ड़े भाई की कंपनी को साथ डील करके छोटे भाई अनिल अंबानी को बेशक फायदा होगा। इस सौदे से मिली रकम का इस्तेमाल अनिल अंबानी अपने कर्जे को कम करने के लिए करेंगे।

गुरुवार को आर-कॉम का हाल: सुबह के करीब 11.15 बजे बीएसई पर रिलायंस कम्युनिकेशन्स का शेयर 19.83 फीसद की बढ़त के साथ 37.10 रुपये के स्तर पर कारोबार कर रहा है।

इसका दिन का उच्चतम स्तर 41.77 का और निम्नतम स्तर 34.05 रुपये का रहा है। वहीं, इसका 52 हफ्तों का उच्चतम स्तर भी 41.77 का और निम्नतम 9.60 का रहा है।

आर-कॉम और जियो सौदे से जुड़ी बातें:
अनिल अंबानी की कंपनी रिलायंस कम्युनिकेशन्स ने गुरुवार को रिलायंस जियो इन्फोकॉम, जो कि रिलायंस इंडस्ट्रीज के मालिक मुकेश अंबानी की ही कंपनी है के साथ करार समझौके की घोषणा की।

हालांकि इन दोनों कंपनियों के बीच हुई डील कितने की हुई है इसका आधिकारिक खुलासा अब तक नहीं हुआ है। लेकिन सूत्रों की मानें तो ये सौदा 24,000 करोड़ रुपए से लेकर 25,000 करोड़ रुपए तक का हो सकता है।

दोनों कंपनियों के बीच यह सौदा रिलायंस के फाउंडर (संस्थापक) रहे धीरूभाई अंबानी के जन्मदिन के खास मौके पर हुआ है। यह उनकी 85वीं जन्मशती थी।

इस करार में रिलायंस कम्युनिकेशंस के स्पेक्ट्रम, टॉवर, फाइबर ऑप्टिक और अन्य टेलिकॉम इन्फ्रास्ट्रक्चर की बिक्री होनी है। हालांकि फिलहाल यह डील सरकार और अन्य नियामकीय अनुमोदनों के अधीन है।

इस डील के बाद रिलायंस कम्युनिकेशन्स को तत्काल प्रभाव से फायदा होगा। आर-कॉम पर मौजूदा समय में 45000 करोड़ का कर्ज है जिसे वह हर हाल में कम करना चाहती है। माना जा रहा है कि आर-कॉम इस डील से मिले पैसों का इस्तेमाल अपने कर्ज को कम करने के लिए करेगी।

मर्सेडीज ऑटो एक्सपो 2018 में पेश करेगी मेबैक एस 650 इलेक्ट्रिक कार

नई दिल्ली। जर्मनी की लग्जरी कार कंपनी मर्सेडीज बेंज अगले साल फरवरी में होने वाली वाहन प्रदर्शनी में अपनी मेबैक एस 650 कार को पेश करेगी और कॉन्सेप्ट ईक्यू प्रदर्शित करेगी। कॉन्सेप्ट ईक्यू इलेक्ट्रिक वीइकल सेक्टर में कंपनी का नया प्रॉडक्ट है।

कंपनी भारत के लग्जरी कार बाजार में अपनी मजबूत स्थिति को और भी ज्यादा मजबूत करना चाहती है और इसके तहत 2018 में वह 10 से अधिक नए प्रॉडक्ट्स पेश करेगी। मर्सेडीज बेंज इंडिया के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी रोलैंड फोल्गर ने एक बयान में कहा, ‘मर्सेडीज बेंज की 14वीं वाहन प्रदर्शनी में भागीदारी ग्राहकों, बाजार और सरकार के मेक इन इंडिया कार्यक्रम के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को बताती है।’

उन्होंने भरोसा जताया कि कंपनी देश में लग्जरी कार विनिर्माण के मामले में पहले पायदान पर बनी रहेगी। पिछले वर्ष मर्सेडीज बेंज इंडिया ने 13,231 यूनिट्स बेचीं और लगातार दूसरे साल बाजार में अपनी मजबूत स्थिति बनाए रखी। इस साल जनवरी-सितंबर में कंपनी ने 11,869 वाहन बेचे। यह पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 19.6 पर्सेंट ग्रोथ को बताता है। कंपनी ने इस साल 12 नए वाहन पेश किए और 2018 में भी इतने ही वाहन पेश करने की योजना है।

GST: रिटर्न से राहत, तीन की जगह एक ही भरनी पड़ेगी

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नई दिल्ली। जीएसटी रेवेन्यू में आ रही गिरावट और टैक्सपेयर्स की दिक्कतों के मद्देनजर सरकार अब उस सहूलियत की ओर बढ़ती दिख रही है, जिसकी ट्रेड-इंडस्ट्री शुरू से ही मांग करती रही है।

जीएसटी कानून और प्रक्रिया में सुधार पर बनी कारोबारियों की अडवाइजरी कमेटी के बाद अब एक और तकनीकी समिति ने सिफारिश की है कि जीएसटी में हर महीने जरूरी तीन रिटर्न को मिलाकर सिर्फ एक रिटर्न भरने की सुविधा दे दी जाए।

माना जा रहा है कि जीएसटी काउंसिल अगले महीने अपनी बैठक में इस पर विचार करेगी। अगर इसे मंजूरी मिली तो लाखों टैक्सपेयर्स के लिए जीएसटी अनुपालन काफी आसान हो जाएगा।

फिलहाल मंथली या तिमाही रिटर्न भरने वाले सभी कारोबारियों को आउटवर्ड सप्लाई या सेल्स रिटर्न (GSTR-1), इनवर्ड सप्लाई या परचेज रिटर्न (GSTR-2) और अंत में एक फाइनल रिटर्न (GSTR-3) फाइल करना होता है।

हालांकि जीएसटीआर-2 ऑटोपॉपुलेट होता है, लेकिन उसे भी असेसी को वेरिफाई करना होता है। सूत्रों के मुताबिक जीएसटीएन के चेयरमैन अजय भूषण पांडेय की अगुवाई वाली एक समिति ने सिर्फ एक कन्सॉलिडेटेड रिटर्न की सिफारिश की है।

हालांकि डेटा मैचिंग जैसी अनिवार्यताएं उसमें बरकरार रखी जाएंगी। इसी महीने वित्त और राजस्व सचिव को करीब 100 अहम सुधारों वाली अपनी सिफारिशें सौंप चुकी कारोबारियों की छह सदस्यीय सलाहकार समिति के सदस्य प्रवीण खंडेलवाल ने बताया, ‘तीन की जगह एक रिटर्न हमारी अहम सिफारिशों में से है।

इससे सालाना 37 की जगह अधिकतम 13 या कम से कम 4 रिटर्न भरने की जरूरत रह जाएगी। आज हर पांच दिन पर एक रिटर्न की जरूरत के चलते लोग कंप्लायंस से भाग रहे हैं। प्रोसेस आसान होगा तो रेवेन्यू भी बढ़ेगा।’

टैक्स एक्सपर्ट अशोक बत्रा ने बताया कि हालांकि 1.5 करोड़ टर्नओवर तक सिर्फ तिमाही रिटर्न और 31 मार्च तक सिर्फ जीएसटीआर-1 भरने की छूट मिली हुई है, लेकिन उसके बाद जटिलता कायम रहेगी। सिंगल रिटर्न से सभी टैक्सपेयर्स पर कंप्लायंस का बोझ और लागत सीधे दो तिहाई घट जाएगी।

हालांकि ऐसी आशंका जताई जा रही है कि नए प्रावधान से तकनीकी प्लेटफॉर्म पर बड़े बदलाव की जरूरत होगी और सॉफ्टवेयर्स की प्रोग्रामिंग दोबारा करनी होगी।

लेकिन कई एक्सपर्ट इससे इनकार करते हैं। मार्ग-ईआरपी लिमिटेड के एमडी सुधीर सिंह ने बताया, ‘रिटर्न प्रोसेस की आसानी के लिए मार्केट कुछ भी सह लेगा।

तीन से एक रिटर्न की व्यवस्था पर कंप्लायंस सॉफ्टवेयर्स में मामूली अपडेट करने होंगे। लेकिन यह मिलने वाली सहूलियत के मुकाबले कोई बड़ी मुश्किल नहीं है। अहम बात यह है कि अब लोगों को चार दिन रिटर्न में नहीं उलझना होगा।’

जानकारों का कहना है कि एक रिटर्न की सूरत में भी सेल्स-परचेज की मैचिंग आसानी से की जा सकती है और इसके लिए तीन रिटर्न की व्यवस्था गैरजरूरी लगती है। अब जब सिर्फ 60-65 पर्सेंट लोग ही रिटर्न भर रहे हैं और राजस्व घट रहा है, सरकार भी इस ओर गंभीर हुई है।

हैकिंग के जरिए आपके फोन से कोई और कमा रहा पैसा

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नई दिल्ली। क्या आप जानते हैं कि आपके मोबाइल से कोई और पैसा कमा रहा है? ऐसा आपके गैजेट की कंप्यूटिंग पावर का एक हिस्सा किसी और में काम में लगाकर किया जा रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक 2017 के आखिर के कुछ महीनों में वेबसाइट और लोगों के फोन का इस्तेमाल कर वर्चुअल करंसी बनाने में काफी तेजी आई है।

इस प्रक्रिया को क्रिप्टोकरंसी माइनिंग कहते हैं। सिमटेक के मुताबिक, चोरी का यह काम करने वाले ऐप्स की संख्या में 34 पर्सेंट की बढ़ोतरी हुई है। यह काम एक कोड के जरिए होता है। कोड को किसी वेबसाइट से जोड़ (इनकॉरपोरेट) दिया जाता है। जैसे ही यूजर उस वेबसाइट पर जाता है तो साइबर अपराधी मोबाइल की कंप्यूटिंग पावर इस्तेमाल करके माइनिंग शुरू कर देते हैं।

सिक्युरिटी रिसर्चर इंद्रजीत भुइयां ने बताया, ‘ज्यादा ट्रैफिक वाली भारतीय वेबसाइट्स को इस पर नजर रखनी चाहिए।’ उन्होंने साइबर सिक्युरिटी में एक खामी का पता लगाया। इसका पता वनाक्राई रैंसमवेयर अटैक के दौरान पता चला था।’ दरअसल, मोबाइल या लैपटॉप के ब्राउजर का इस्तेमाल कर क्रिप्टोकरंसी माइनिंग 2013 से हो रही है

इंद्रजीत ने कहा, ‘कई साल की खामोशी के बाद सितंबर में कॉइनहाइव के नई ब्राउजर पर आधारित माइनिंग सर्विस शुरू करने के बाद इसमें तेजी आई है।’कॉइनहाइव जो सर्विस ऑफर कर रही है, उसमें वेबसाइट के मालिक अपने कोड का इस्तेमाल करके विजिटर हार्डवेयर की पावर का इस्तेमाल कर सकते हैं।

इंद्रजीत ने कहा, ‘अगर हजार लोग किसी टिकट बुकिंग वेबसाइट को विजिट करते हैं तो मालिक हजार कंप्यूटर की सीपीयू पावर का इस्तेमाल करके क्रिप्टो करंसी कमा सकते हैं।’ मिसाल के लिए, आईआरसीटीसी जैसी वेबसाइट पर रोजाना 1 करोड़ विजिटर्स टिकट बुक करने आते हैं। रिसर्चर्स का कहना है कि हैकर्स के लिए यह माइनिंग का शानदार मौका हो सकता है।

मुंबई के एक टेक्नॉलजी ब्लॉगर ने नाम नहीं जाहिर करने की शर्त पर बताया, ‘मैंने कोड को एक हफ्ते तक अपने ब्लॉग में यह देखने के लिए अप्लाई किया कि क्या यह फायदेमंद है? मैं एक हफ्ते में 0.0045 मोनेरियो माइन कर पाया, जिसकी वैल्यू करीब 1,300 रुपये थी।’ मोनेरियो बिटकॉइन जैसी क्रिप्टोकरेंसी है।

बिटकॉइन की तरह पिछले कुछ महीनों में इसकी वैल्यू में जबरदस्त तेजी आई है और अभी यह 155.39 डॉलर पर ट्रेड कर रही है। ब्लॉगर ने बताया, ‘किसी वेबसाइट पर कोड लागू करना बहुत आसान है। माइनिंग शुरू करना भी आसान है। हालांकि यह तभी फायदेमंद है, जब आपकी वेबसाइट पर लाखों विजिटर्स आते हों।’

साल के आखिरी कारोबारी दिन बढ़त के साथ खुला सेंसेक्स और निफ़्टी

नई दिल्ली। शुक्रवार को साल के आखिरी कारोबारी दिन शेयर बाजार ने बढ़त के साथ शुरुआत की। सेंसेक्स ने जहां 76 अंकों की तेजी के साथ 33,923 पर खुला, वहीं निफ्टी ने भी 14 अंकों की बढ़त के साथ के 10,492 पर शुरुआत की। कारोबार को शुरुआती घंटे में बाजार मजबूत दिख रहा है।

दिन के 9:50 बजे सेंसेक्स 123 अंकों की बढ़त के साथ 33, 971 पर कारोबार कर रहा है, दूसरी ओर निफ्टी 34 अंकों की बढ़त के साथ 10,512 पर कारोबार कर रहा है। शुरुआती कारोबार में मिडकैप और स्मॉलकैप में खरीदारी का माहौल दिख रहा है।

एशियन पेंट्स, ऐक्सिस बैंक, हीरो मोटकॉर्प आईटीसी , सनफार्मा, टाटा स्टील समेत कई अन्य कंपनियो के शेयर्स में तेजी का माहौल है। दूसरी ओर बजाज ऑटो, कोटक बैंक, विप्रो ओएनजीसी जैसी कंपनियों के शेयर्स गिरावट के साथ कारोबार कर रहे है।

इससे पहले गुरुवार को शेयर बाजार सरकार द्वारा अडिशनल बॉरोइंग और इसका फिस्कल डेफेसिट पर असर पड़ने की आशंका के मद्देनजर बाजार गिरावट के साथ बंद हुआ। सेंसेक्स 63 अंक गिरकर 33, 848 पर और निफ्टी 12 अंकों की गिरावट के साथ 10,478 पर बंद हुआ।

देश का पहला बिटकॉइन ट्रेडिंग एप प्लूटो एक्सचेंज लॉन्च

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नई दिल्ली। देश का पहला बिटकॉइन ट्रेडिंग एप लॉन्च हो गया है। मोबाइल आधारित प्लूटो एक्सचेंज गुरुवार को लॉन्च हुआ। अब बिटकॉइन जैसी क्रिप्टोकरेंसी (वर्चुअल करंसी) का लेन-देन एप के जरिए किया जा सकता है। यह सभी लेन-देन को केवल मोबाइल नंबर के इस्तेमाल के जरिए ही अंजाम देगा।

महज 4-डिजिट पिन का उपयोग करके यूजर मोबाइल नंबर के इस्तेमाल से बिटकॉइन की खरीद, बिक्री, स्टोर और उसे खर्च कर सकेंगे। प्लूटो एक्सचेंज के मुख्य कार्यकारी अधिकारी भरत वर्मा ने कहा कि बाजार में पहले से ही मौजूद दूसरे सभी एप बिटकॉइन के लेन-देन के लिए बिटकॉइन के पते का उपयोग करते हैं। प्लूटो एक्सचेंज इस पूरे परिदृश्य को बदल कर रख देगा और इन सारी जटिलताओं को एक झटके में खत्म कर देगा।