नई दिल्ली। Free WiFi: जरा सोच कर देखिए कि फोन पर इंटरनेट चलाने के लिए मोबाइल रिचार्ज ना कराना पड़े और हाई-स्पीड पब्लिक Wi-FI से बिना रुकावट के इंटनरेट मिल जाए।
ऐसे ही दूरदराज के किसी इलाके में जहां मोबाइल नेटवर्क कमजोर हो लेकिन बावजूद इसके फ्री पब्लिक Wi-Fi से सुपरफास्ट इंटरनेट मिलता रहे। दरअसल यह सब सच हो सकता है क्योंकि दुनिया के सबसे अमीर इंसानों में से एक जेफ बेजोस की कंपनी Amazon Leo भारत के इंटरनेट बाजार में तहलका मचाना चाहती हैा
Amazon ने TRAI के सामने प्रस्ताव रखा है कि सैटेलाइट ब्रॉडबैंड को पब्लिक Wi-Fi के मुख्य नेटवर्क के तौर पर मंजूरी दी जाए। इससे ना सिर्फ देश के कोने-कोने में इंटरनेट पहुंच सकेगा बल्कि भारत में इससे महंगे हो रहे मोबाइल इंटरनेट की भी तस्वीर बदल सकती है।
बिना तार हर तरफ होगा इंटरनेट
Amazon Leo जिसे प्रोजेक्ट कुइपर भी कहा जाता है ने भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (TRAI) से मांग की है कि देश में पब्लिक Wi-Fi के मुख्य नेटवर्क के तौर पर सैटेलाइट ब्रॉडबैंड का इस्तेमाल किया जाए। कंपनी का दावा है कि उनका लो-अर्थ ऑर्बिट (LEO) सैटेलाइट नेटवर्क जमीन पर तार बिछाए बिना ही सीधे आसमान से फाइबर जैसी सुपरफास्ट स्पीड दे सकता है। इससे देश के कोने-कोने में फ्री या बहुत सस्ता इंटरनेट उपलब्ध होगा।(REF.)
PM-WANI से जुड़ना चाहता है Amazon
Amazon चाहता है कि उसकी तकनीक को PM-WANI योजना और भारतनेट प्रोजेक्ट में शामिल किया जाए। कंपनी चाहती है कि भारत के हर गांव में कम से कम एक पब्लिक Wi-Fi हॉटस्पॉट जरूर हो।
कंपनी ने इसके लिए सरकार के डिजिटल भारत निधि फंड से वित्तीय मदद भी मांगी है, ताकि गांवों में पहली बार इंटरनेट इस्तेमाल करने वालों के लिए लॉगइन की प्रक्रिया को आसान बनाया जा सके।
2028 तक D2D सर्विस लाएगी Amazon
- Amazon ने ग्लोबल सैटेलाइट नेटवर्क को बनाने के लिए 10 बिलियन डॉलर यानी कि करीब 83,000 करोड़ से ज्यादा का निवेश किया है।
- कंपनी 2025 से ही अपने सैटेलाइट अंतरिक्ष में भेज रही है। भारत में सर्विस शुरू करने के लिए अमेजन ने GMPCS लाइसेंस के लिए आवेदन भी कर दिया है।
- इसके अलावा Amazon ने ग्लोबलस्टार कंपनी को भी खरीद लिया है और 2028 तक Amazon डायरेक्ट टू डिवाइस यानी D2D सर्विस शुरू करेगी।
- इससे फोन में बिना किसी नेटवर्क के ही सीधे सैटेलाइट से कॉलिंग और इंटरनेट चल सकेगा।

