बाल विवाह समाज के लिए अभिशाप, जागरूकता से ही होगा उन्मूलन

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कोटा। राजस्थान राज्य भारत स्काउट एंड गाइड स्थानीय संघ कोटा दक्षिण एवं शिक्षा विभाग कर्मचारीगण सहकारी सभा 696 आर कोटा-बारां के संयुक्त तत्वावधान में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय आवासन मंडल, केशवपुरा में “बाल विवाह एक अभिशाप” विषय पर विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया।

शिक्षा सहकारी अध्यक्ष एवं स्काउट गाइड स्थानीय संघ सचिव प्रकाश जायसवाल ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों एवं समाज के लोगों को बाल विवाह की कुप्रथा के दुष्परिणामों से अवगत कराना तथा इसके प्रति जागरूकता बढ़ाना था।

उन्होंने बताया कि गोष्ठी को शिक्षाविद् गिरिराज जोशी, सपना अग्रवाल एवं योगिता महावर ने संबोधित किया। अपने संबोधन में जोशी ने कहा कि बाल विवाह बच्चों के शिक्षा, स्वास्थ्य एवं सर्वांगीण विकास में सबसे बड़ी बाधा है।

उन्होंने कहा कि कम उम्र में विवाह होने से बालक-बालिकाएं अपने सपनों और लक्ष्यों को पूरा नहीं कर पाते तथा उनका भविष्य प्रभावित होता है। उन्होंने समाज के प्रत्येक वर्ग से इस कुप्रथा को समाप्त करने के लिए आगे आने का आह्वान किया।

सपना अग्रवाल ने अपने संबोधन में कहा कि बाल विवाह केवल सामाजिक बुराई ही नहीं बल्कि कानूनी अपराध भी है। उन्होंने बाल विवाह निषेध अधिनियम की जानकारी देते हुए कहा कि कानून के साथ-साथ सामाजिक जागरूकता भी आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों से शिक्षा को जीवन का सबसे बड़ा साधन बताते हुए आत्मनिर्भर बनने का संदेश दिया।

योगिता महावर ने कहा कि बालिकाओं को शिक्षा और समान अवसर प्रदान करना समय की आवश्यकता है। जब बेटियां शिक्षित और सशक्त होंगी तभी समाज में बाल विवाह जैसी कुप्रथाओं का अंत संभव होगा। उन्होंने कहा कि बाल विवाह से स्वास्थ्य संबंधी अनेक समस्याएं उत्पन्न होती हैं तथा इससे मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में भी वृद्धि होती है।

उन्होंने कहा कि समाज को इस विषय में संवेदनशील बनाकर सकारात्मक परिवर्तन लाना होगा। महावर ने बाल विवाह के सामाजिक, आर्थिक एवं मानसिक प्रभावों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि युवा पीढ़ी को जागरूक बनाकर ही इस बुराई को जड़ से समाप्त किया जा सकता है।

जायसवाल ने बताया कि कार्यक्रम में उपस्थित विद्यार्थियों एवं कौशल विकास प्रशिक्षण शिविर के शिविरार्थियों ने बाल विवाह जैसी कुप्रथा को समाप्त करने तथा शिक्षा और जागरूकता के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लिया।