विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस पर पाठक परिचर्चा एवं शपथ ग्रहण समारोह आयोजित
कोटा। विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस के अवसर पर गुरुवार को परिचर्चा एवं शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मानसिक स्वास्थ्य, तनाव प्रबंधन तथा आत्महत्या की रोकथाम के लिए सामुदायिक जागरूकता की आवश्यकता पर विस्तार से चर्चा की गई।
इस अवसर पर डॉ. दीपक कुमार श्रीवास्तव ने मानसिक स्वास्थ्य के संरक्षण में बिब्लियोथेरेपी की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पुस्तकों का चयनित एवं उद्देश्यपूर्ण पठन व्यक्ति को तनाव, अकेलेपन, निराशा और भावनात्मक दबाव से उबरने में सहायक हो सकता है। उन्होंने कहा कि पुस्तकालय केवल ज्ञान प्राप्ति के केंद्र नहीं, बल्कि मानसिक सुकून, सकारात्मक सोच और सामाजिक जुड़ाव के महत्वपूर्ण केंद्र हैं।
उन्होंने विशेष रूप से सार्वजनिक पुस्तकालयों में मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता से संबंधित पुस्तकों, प्रेरक साहित्य तथा संवादात्मक गतिविधियों को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित प्रतिभागियों ने आत्महत्या की रोकथाम, मानसिक स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशीलता तथा जरूरतमंद व्यक्ति का सहयोग करने की शपथ ग्रहण की ।
कार्यक्रम संयोजक डॉ. प्रभात सिंघल, संस्थापक सदस्य हॉप सोसायटी कोटा ने आत्महत्या की रोकथाम के लिए संवेदनशीलता, संवाद और समय पर सहयोग को महत्वपूर्ण बताया। कार्यक्रम संयोजिका डॉ. शशि जैन ने मानसिक स्वास्थ्य के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने तथा जरूरतमंद व्यक्तियों के साथ सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार की आवश्यकता पर जोर दिया।
इस अवसर पर कनिष्ठ सहायक सीमा वर्मा ने उपस्थित प्रतिभागियों को आत्महत्या रोकथाम एवं मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता के प्रति संवेदनशील रहने की शपथ दिलाई। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने जरूरतमंद व्यक्ति की बात सुनने, उसे भावनात्मक सहयोग देने तथा मानसिक स्वास्थ्य के प्रति सकारात्मक वातावरण निर्माण का संकल्प लिया।

