Thursday, June 18, 2026
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बाल विवाह समाज के लिए अभिशाप, जागरूकता से ही होगा उन्मूलन

कोटा। राजस्थान राज्य भारत स्काउट एंड गाइड स्थानीय संघ कोटा दक्षिण एवं शिक्षा विभाग कर्मचारीगण सहकारी सभा 696 आर कोटा-बारां के संयुक्त तत्वावधान में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय आवासन मंडल, केशवपुरा में “बाल विवाह एक अभिशाप” विषय पर विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया।

शिक्षा सहकारी अध्यक्ष एवं स्काउट गाइड स्थानीय संघ सचिव प्रकाश जायसवाल ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों एवं समाज के लोगों को बाल विवाह की कुप्रथा के दुष्परिणामों से अवगत कराना तथा इसके प्रति जागरूकता बढ़ाना था।

उन्होंने बताया कि गोष्ठी को शिक्षाविद् गिरिराज जोशी, सपना अग्रवाल एवं योगिता महावर ने संबोधित किया। अपने संबोधन में जोशी ने कहा कि बाल विवाह बच्चों के शिक्षा, स्वास्थ्य एवं सर्वांगीण विकास में सबसे बड़ी बाधा है।

उन्होंने कहा कि कम उम्र में विवाह होने से बालक-बालिकाएं अपने सपनों और लक्ष्यों को पूरा नहीं कर पाते तथा उनका भविष्य प्रभावित होता है। उन्होंने समाज के प्रत्येक वर्ग से इस कुप्रथा को समाप्त करने के लिए आगे आने का आह्वान किया।

सपना अग्रवाल ने अपने संबोधन में कहा कि बाल विवाह केवल सामाजिक बुराई ही नहीं बल्कि कानूनी अपराध भी है। उन्होंने बाल विवाह निषेध अधिनियम की जानकारी देते हुए कहा कि कानून के साथ-साथ सामाजिक जागरूकता भी आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों से शिक्षा को जीवन का सबसे बड़ा साधन बताते हुए आत्मनिर्भर बनने का संदेश दिया।

योगिता महावर ने कहा कि बालिकाओं को शिक्षा और समान अवसर प्रदान करना समय की आवश्यकता है। जब बेटियां शिक्षित और सशक्त होंगी तभी समाज में बाल विवाह जैसी कुप्रथाओं का अंत संभव होगा। उन्होंने कहा कि बाल विवाह से स्वास्थ्य संबंधी अनेक समस्याएं उत्पन्न होती हैं तथा इससे मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में भी वृद्धि होती है।

उन्होंने कहा कि समाज को इस विषय में संवेदनशील बनाकर सकारात्मक परिवर्तन लाना होगा। महावर ने बाल विवाह के सामाजिक, आर्थिक एवं मानसिक प्रभावों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि युवा पीढ़ी को जागरूक बनाकर ही इस बुराई को जड़ से समाप्त किया जा सकता है।

जायसवाल ने बताया कि कार्यक्रम में उपस्थित विद्यार्थियों एवं कौशल विकास प्रशिक्षण शिविर के शिविरार्थियों ने बाल विवाह जैसी कुप्रथा को समाप्त करने तथा शिक्षा और जागरूकता के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लिया।

बढ़ते ऑनलाइन व्यापार से खुदरा व्यापारियों का कारोबार प्रभावित

कोटा व्यापार महासंघ ने केंद्र सरकार से तत्काल रोक लगाने की मांग की

कोटा। कोटा व्यापार महासंघ ने शुक्रवार को केंद्र सरकार से खुदरा व्यापारियों पर पड़ रहे दुष्प्रभावों को लेकर ऑनलाइन व्यापार पर तत्काल प्रभाव से अंकुश लगाने की मांग की है ।

कोटा व्यापार महासंघ के अध्यक्ष क्रांति जैन एवं महासचिव अशोक माहेश्वरी ने बताया कि ऑनलाइन बाजार ने रेडीमेड वस्त्र, किराना, दवाइयां, इलेक्ट्रॉनिक सामान, जूते-चप्पल, स्टेशनरी, खानपान तथा रोजमर्रा की अनेक वस्तुओं के व्यापार पर कब्जा कर लिया है।

इससे छोटे एवं खुदरा व्यापारियों के सामने आजीविका का गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है। मुख्य बाजारों में वर्षों से व्यापार कर रहे व्यवसायियों के लिए दैनिक खर्च निकालना भी कठिन हो रहा है।

उन्होंने कहा कि ऑनलाइन माध्यम से बिकने वाली वस्तुओं की गुणवत्ता एवं विश्वसनीयता को लेकर भी अनेक शिकायतें सामने आ रही हैं। कई फर्जी कंपनियों द्वारा उपभोक्ताओं के साथ धोखाधड़ी की घटनाएं भी बढ़ी हैं। यदि इस पर शीघ्र अंकुश नहीं लगाया गया तो देश के लाखों खुदरा व्यापारियों और उनसे जुड़े कर्मचारियों के समक्ष बड़ा संकट खड़ा हो जाएगा।

कैट (CAIT) के कोटा जिला अध्यक्ष अनिल मूंदड़ा, महासचिव देवेंद्र कुमार जैन एवं कोषाध्यक्ष मनोज कुमार जैन मालू ने बताया कि देशभर में कैट की 48,000 से अधिक व्यापारिक संस्थाएं एवं लगभग 9 करोड़ व्यापारी पिछले एक वर्ष से ऑनलाइन व्यापार के विरुद्ध संघर्ष कर रहे हैं।उन्होंने कहा कि यदि सरकार स्वदेशी उत्पादों एवं स्वदेशी रोजगार को बढ़ावा देना चाहती है तो ऑनलाइन व्यापार पर प्रभावी नियंत्रण आवश्यक है।

दी एसएसआई एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष अमित सिंघल, स्टोन माइंस ट्रेडिंग कंपनी के अध्यक्ष विपिन सूद एवं जनरल इंडस्ट्री सप्लायर्स संघ के अध्यक्ष भगवान न्याती ने कहा कि देश के संतुलित विकास के लिए स्वदेशी उत्पादों और स्वदेशी व्यापार को प्रोत्साहन देना समय की मांग है। इससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे तथा विदेशी मुद्रा की बचत होगी।

कोटा व्यापार महासंघ के कोषाध्यक्ष राजेंद्र कुमार जैन, कोटा ट्रांसपोर्ट ऑपरेटर संघ के अध्यक्ष मनीष बंसल एवं कोटा स्टोन ट्रेडर्स एसोसिएशन के सचिव हरीश प्रजापति ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों तथा गैस, पेट्रोल एवं डीजल की बढ़ती कीमतों का व्यापार पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है, जिससे आने वाले समय में महंगाई और बढ़ सकती है।

महासंघ के सलाहकार बोर्ड के निदेशक गणपत लाल शर्मा तथा स्टोन मर्चेंट विकास समिति के पूर्व सचिव रवींद्र लुहाड़िया ने कहा कि यदि सरकार ने इस दिशा में शीघ्र प्रभावी कदम नहीं उठाए तो खुदरा व्यापारियों को आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।

कोटा जिला केमिस्ट एलायंस के सचिव अभिमन्यु भावनानी ने बताया कि ऑनलाइन व्यापार के विरोध में 20 मई को देशभर के दवा विक्रेताओं ने एक दिवसीय सांकेतिक बंद रखकर अपना विरोध दर्ज कराया था। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर सभी खुदरा व्यापारियों को एक मंच पर आकर ऑनलाइन व्यापार के विरुद्ध संघर्ष करना होगा।

हाड़ौती कोटा स्टोन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष महावीर जैन ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों का कोटा स्टोन एवं सैंडस्टोन उद्योग पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। उन्होंने मांग की कि विदेशों से आयातित पत्थरों के स्थान पर देश में उत्पादित पत्थरों को प्राथमिकता दी जाए तथा सरकारी निर्माण कार्यों में स्वदेशी पत्थरों के उपयोग को अनिवार्य बनाया जाए।

अंत में कोटा व्यापार महासंघ के अध्यक्ष क्रांति जैन एवं महासचिव अशोक माहेश्वरी ने कहा कि यदि सरकार ऑनलाइन व्यापार पर प्रभावी नियंत्रण नहीं करती है तो देश के खुदरा व्यापारियों के हितों की रक्षा हेतु राष्ट्रीय स्तर पर जो भी आंदोलन किया जाएगा, उसमें कोटा व्यापार महासंघ पूर्ण सहयोग प्रदान करेगा।

200MP कैमरे वाला सैमसंग का सबसे पतला फोन आधी कीमत में, जानिए ऑफर्स

नई दिल्ली। Samsung Galaxy S25 Edge 5G: सैमसंग गैलेक्सी S25 एज को स्टोरेज के हिसाब से दो वेरिएंट में लॉन्च किया गया है। भारत में लॉन्च के समय, इसके 256GB स्टोरेज वेरिएंट की कीमत 1,09,999 रुपये और 512GB स्टोरेज वेरिएंट की कीमत 1,21,999 रुपये थी। दोनों में स्टैंडर्ड 12GB रैम है। इसे दो कलर ऑप्शन – टाइटेनियम जेटब्लैक और टाइटेनियम सिल्वर में उपलब्ध है।

अच्छी खबर यह है कि वर्तमान में Flipkart पर फोन का 256GB मॉडल केवल 59,999 रुपये कीमत के साथ लिस्टेड है। यानी देखा जाए तो फोन अपनी लॉन्च प्राइस से सीधे 50,000 रुपये कम में मिल रहा है। अगर आपके पास Axis Bank या SBI Flipkart का एलिजिबल क्रेडिट कार्ड है, तो आप 3,000 रुपये की अतिरिक्त छूट पा सकते हैं। यह भारत में फोन पर मिल रही सबसे बड़ी छूट में से एक है।

कैमरा भी पावरफुल
सैमसंग गैलेक्सी S25 एज में 200 मेगापिक्सेल का प्राइमरी कैमरा (2x ऑप्टिकल इन-सेंसर जूम के साथ) है, साथ ही 120 डिग्री फील्ड-ऑफ-व्यू वाला 12 मेगापिक्सेल का अल्ट्रावाइड कैमरा है। सेल्फी और वीडियो कॉलिंग करने के लिए फोन में 12 मेगापिक्सेल का फ्रंट फेसिंग कैमरा है।

बैटरी और चार्जिंग स्पीड
फोन में 3900mAh की बैटरी है, जो 25W वायर्ड चार्जिंग के साथ-साथ Qi (वायरलेस) चार्जिंग को सपोर्ट करती है। धूल और पानी से सुरक्षित रहने के लिए फोन IP68 रेटिंग के साथ आता है। 163 ग्राम वजनी इस फोन का 158.2×75.6×5.8 एमएम है। यानी फोन की मोटाई केवल 5.8 एमएम है।

डिस्प्ले
फोन में 6.7 इंच की क्वाड-एचडी प्लस (3120×1440 पिक्सेल) इंफिनिटी-ओ डायनेमिक एमोलेड 2X स्क्रीन है, जो 120 हर्ट्ज रिफ्रेश रेट और कॉर्निंग गोरिल्ला ग्लास सिरेमिक 2 प्रोटेक्शन के साथ आती है।

रैम और प्रोसेसर
फोन को गैलेक्सी चिप के लिए कस्टम स्नैपड्रैगन 8 एलीट से लैस किया है, जिसे 12GB रैम के साथ जोड़ा गया है। यह वही प्रोसेसर है जो इस साल की शुरुआत में गैलेक्सी S25 सीरीज के साथ आया था। फोन 256GB और 512GB स्टोरेज वेरिएंट में उपलब्ध है।

जीडीपी आंकड़े और जमीनी आर्थिक स्थिति के बीच बड़ा अंतर: पूर्व गवर्नर रघुराम राजन

नई दिल्ली। वित्त वर्ष 2025-26 में भारत के जीडीपी ग्रोथ की रफ्तार भले ही 7 से ज्यादा हो लेकिन इन आंकड़ों से केंद्रीय रिजर्व बैंक (RBI) के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन खुश नहीं हैं। रघुराम राजन के मुताबिक आधिकारिक जीडीपी आंकड़े और जमीनी आर्थिक स्थिति के बीच बड़ा अंतर है।

इंडिया टुडे टीवी को दिए एक इंटरव्यू में राजन ने कहा, “मुझे यह समझ नहीं आता। अगर अर्थव्यवस्था इस दर से बढ़ रही होती तो निश्चित रूप से निवेश के ज्यादा होने की उम्मीद की जाती। कुछ तो गड़बड़ है।”

रघुराम राजन का मानना है कि निवेश में सुस्ती ये संकेत देता है कि बाजार में मांग उतनी मजबूत नहीं है, जितनी जीडीपी आंकड़े दर्शाते हैं। उन्होंने कहा, “कारोबारी निवेशकों का व्यवहार आर्थिक गतिविधियों की वास्तविक तस्वीर दिखाता है और मौजूदा स्थिति आधिकारिक आंकड़ों से मेल नहीं खाती।”

पूर्व RBI गवर्नर ने विदेशी प्रत्यक्ष निवेश (FDI) में गिरावट पर भी चिंता जताई। राजन ने यह भी कहा कि भारत के पास 2047 तक विकसित राष्ट्र बनने के लक्ष्य के अलावा कोई स्पष्ट आर्थिक रोडमैप नजर नहीं आता।

रघुराम राजन ने ये बयान ऐसे समय में दिया है जब भारत में संशोधित GDP सीरीज के तहत मजबूत आर्थिक विकास दर्ज किया जा रहा है। इस नई सीरीज में 2022-23 को नया आधार वर्ष (बेस ईयर) माना गया है।

ये बदलाव महंगाई मापने वाले बास्केट में संशोधन के बाद किए गए हैं और इनमें अपडेटेड बैक-सीरीज डेटा भी शामिल है। इसका मकसद महामारी के बाद लोगों के खर्च करने के तरीकों में आए बदलावों और डिजिटल अर्थव्यवस्था की तेजी से हो रही वृद्धि को बेहतर ढंग से समझना है।

ताजा आंकड़े बताते हैं कि वित्त वर्ष 2025-26 में भारत की अर्थव्यवस्था 7.7% बढ़ी जबकि इससे पिछले साल यह वृद्धि 7.1% थी। जनवरी-मार्च तिमाही में विकास दर 7.8% रही जबकि पिछली तिमाही में यह 8% थी।

रघुराम राजन ने कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था में सबसे बड़े अनसुलझे सवालों में से एक कॉर्पोरेट निवेश की कमी है। उन्होंने कहा, “कॉर्पोरेट निवेश में तेजी क्यों नहीं आई, यह 10 साल पहले भी एक पहेली थी और आज भी है।

पिछले 10 वर्षों में आधिकारिक आंकड़ों में हमने जिस तरह की ग्रोथ देखी है, उसका एकमात्र जवाब यह हो सकता है कि शायद हम उन आंकड़ों के मुकाबले उतनी तेजी से आगे नहीं बढ़ रहे हैं।”

जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्हें आधिकारिक GDP डेटा पर भरोसा है तो राजन ने कहा, “निवेश न करने से पता चलता है कि उन्हें ऐसी मांग नहीं दिख रही है जो इन ग्रोथ आंकड़ों के अनुरूप हो। इससे पता चलता है कि ग्रोथ के आंकड़े अर्थव्यवस्था की वास्तविक स्थिति को पूरी तरह से नहीं दिखाते हैं।”

Stock Market: सेंसेक्स 1695 अंक उछल कर बंद, निवेशकों को 9 लाख करोड़ फायदा

नई दिल्ली। Stock Market Closed: पश्चिम एशिया में शांति की उम्मीद, कच्चे तेल की कीमत में गिरावट और मजबूत वैश्विक संकेतों से आज शेयर बाजार में जबरदस्त तेजी देखने को मिली। हफ्ते के अंतिम कारोबारी दिन बीएसई सेंसेक्स 1695.40 अंक यानी 2.30% तेजी के साथ 75,527.95 अंक पर बंद हुआ।

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी10 इंडेक्स भी 461.30 अंक यानी 1.99% ऊपर 23,622.90 अंक पर बंद हुआ। इस तेजी से बीएसई लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप 9 लाख करोड़ रुपये बढ़कर 461 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया। इस बीच डॉलर के मुकाबले रुपया 0.7% तेजी के साथ 95.11 पर बंद हुआ। पिछले सत्र में यह 95.76 पर बंद हुआ था।

सेंसेक्स के 30 में से 28 शेयर तेजी के साथ बंद हुए। बजाज फाइनेंस में सबसे ज्यादा 5.62 फीसदी तेजी रही। इसके अलावा लार्सन एंड टुब्रो, इंडिगो, टाइटन, इटरनल, एचडीएफसी बैंक, बजाज फिनसर्व, एक्सिस बैंक, रिलायंस, अल्ट्राटेक सीमेंट, भारती एयरटेल और कोटक बैंक में उल्लेखनीय तेजी रही। दूसरी ओर टेक महिंद्रा और पावर ग्रिड के शेयर गिरावट के साथ बंद हुए।

सबसे अधिक तेजी बजाज फाइनेंस के शेयरों में देखने को मिली है। बजाज फाइनेंस का शेयर 5 प्रतिशत से अधिक की तेजी के साथ बंद हुआ है। एलटी का शेयर 4 प्रतिशत, इंडिगो का शेयर 4 प्रतिशत की तेजी के साथ बंद हुआ है।

टाइटन, इटरनल, एचडीएफसी बैंक के शेयरों में भी उछाल दर्ज की गई है। आज 30 में से 28 कंपनियों के शेयरों में बढ़त देखने को मिली है। पावर ग्रिड और टेक महिंद्रा दो ऐसी कंपनियां रहीं जिनके शेयरों का हाल बुरा रहा। इन दोनों कंपनियों के शेयरों में गिरावट देखने को मिली है।

US Tariff: अमेरिकी अदालत ने ट्रंप प्रशासन को दी 10 फीसदी टैरिफ वसूली की अनुमति

नई दिल्ली। US Tariff: अमेरिका में आयात शुल्क को लेकर चल रही कानूनी लड़ाई के बीच ट्रंप प्रशासन को बड़ी राहत मिली है। वॉशिंगटन स्थित संघीय अपील अदालत ने फैसला दिया है कि कानूनी प्रक्रिया पूरी होने तक अमेरिकी सरकार दुनिया भर से आने वाले सामान पर लगाए गए 10 प्रतिशत टैरिफ की वसूली जारी रख सकती है।

अदालत के इस फैसले को ट्रंप प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण जीत माना जा रहा है, क्योंकि इससे सरकार को फिलहाल अपनी व्यापार नीति लागू रखने का रास्ता मिल गया है।

पिछले महीने न्यूयॉर्क स्थित अंतरराष्ट्रीय व्यापार अदालत ने छोटे कारोबारियों द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए इन टैरिफ को अवैध करार दिया था। अदालत की बहुमत पीठ ने माना था कि राष्ट्रपति ने अपने अधिकारों की सीमा से आगे बढ़कर यह कदम उठाया है। अदालत ने कहा था कि टैरिफ लगाने का यह फैसला कानून द्वारा अधिकृत नहीं था।

अपील अदालत ने अपने आदेश में कहा कि ट्रंप प्रशासन की दलीलें पहली नजर में मजबूत दिखाई देती हैं और सरकार का पक्ष अंतिम सुनवाई में सफल हो सकता है। इसी आधार पर अदालत ने अंतिम निर्णय आने तक टैरिफ वसूली जारी रखने की अनुमति दे दी।

क्या है पूरा मामला
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस साल फरवरी में दुनिया के अधिकांश देशों से आयात होने वाले उत्पादों पर 10 प्रतिशत का अस्थायी टैरिफ लगाया था। यह फैसला 1974 के ट्रेड एक्ट की धारा 122 के तहत लिया गया था। यह प्रावधान राष्ट्रपति को सीमित अवधि के लिए अधिकतम 15 प्रतिशत तक वैश्विक आयात शुल्क लगाने की अनुमति देता है। हालांकि इसकी अवधि 150 दिनों तक ही सीमित होती है, जिसके बाद इसे जारी रखने के लिए कांग्रेस की मंजूरी जरूरी होती है।

इस मामले का एक बड़ा पहलू यह भी है कि क्या अमेरिका का व्यापार घाटा अंतरराष्ट्रीय भुगतान संबंधी गंभीर समस्या की श्रेणी में आता है या नहीं। ट्रंप प्रशासन का दावा है कि बढ़ता व्यापार घाटा अमेरिकी अर्थव्यवस्था के लिए गंभीर चुनौती है, जबकि विरोधी पक्ष इस व्याख्या से सहमत नहीं है।

सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच सकता है मामला
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि यह मामला अंततः अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच सकता है। यदि ऐसा होता है तो वहां से आने वाला फैसला अमेरिका की व्यापार नीति और राष्ट्रपति के आर्थिक अधिकारों को लेकर बड़ा प्रभाव डाल सकता है।

Gold Silver Price: MCX पर सोना संभला; चांदी में उछाल, जानिए आज के भाव

नई दिल्ली। Gold Silver Price Today: पश्चिम एशिया में शांति की उम्मीद का असर सोने और चांदी की कीमत पर भी दिख रही है। एमसीएक्स पर शुरुआती कारोबार में सोने की कीमत में 1,600 रुपये से अधिक तेजी आई जबकि चांदी की कीमत 5,000 रुपये से अधिक उछल गई। पिछले सत्र में सोने की कीमत अंतरराष्ट्रीय स्तर पर छह महीने के लो पर आ गई थी।

एमसीएक्स पर 5 अगस्त की डिलीवरी वाला सोना पिछले सत्र में 1,48,932 रुपये प्रति 10 ग्राम के भाव पर बंद हुआ था और आज यह 1,50,595 रुपये पर खुला। शुरुआती कारोबार में यह 1,668 रुपये की तेजी के साथ 1,50,600 रुपये तक उछला। सुबह 10.20 बजे यह 917 रुपये यानी 0.62 फीसदी की तेजी के साथ 1,49,849 रुपये पर ट्रेड कर रहा था।

इसी तरह 3 जुलाई की डिलीवरी वाली चांदी की कीमत में भी तेजी आई है। पिछले सत्र में यह 2,39,653 रुपये प्रति किलो के भाव पर बंद हुई थी और आज 2,42,776 रुपये पर खुली। शुरुआती कारोबार में यह 5,164 रुपये की तेजी के साथ 2,44,817 रुपये तक पहुंची। सुबह 10.27 बजे यह 3,078 रुपये यानी 1.28 फीसदी तेजी के साथ 2,42,731 रुपये पर पर ट्रेड कर रहा था।

सर्राफा बाजार

सोने और चांदी की कीमतों में पिछले 3 दिनों से आ रही गिरावट थम गई है। आज बुलियंस मार्केट में गोल्ड और सिल्वर का रेट बढ़ा हुआ है। हालांकि, आज की उछाल के बाद भी सोने का रेट 1.50 लाख रुपये के नीचे ही है। बता दें, इंडियन ज्लैवर्स बुलियंस एसोसिएशन की तरफ से आज दोपहर 12 बजे नई कीमतें जारी की गई हैं।

कल यानी गुरुवार को सर्राफा बाजार में 24 कैरेट गोल्ड का रेट 145584 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर था। जोकि आज शुक्रवार को 147609 रुपये के स्तर पर पहुंच गया। गुरुवार के मुकाबले आज सोने का रेट 2025 रुपये प्रति 10 ग्राम बढ़ा है।

इंडियन बुलियंस ज्वैलर्स एसोसिएशन की तरफ से जारी कीमतों के अनुसार 23 कैरेट गोल्ड का रेट आज 147018 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट गोल्ड का रेट 135210 रुपये प्रति 10 ग्राम, 18 कैरेट गोल्ड का रेट 110707 रुपये प्रति 10 ग्राम है। आज 14 कैरेट गोल्ड का रेट 86351 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

आज शुक्रवार को चांदी की कीमतों में 8755 रुपये का इजाफा देखने को मिला है। इंडियन बुलियन ज्वैलर्स एसोसिएशन के अनुसार चांदी का रेट 2295 रुपये प्रति किलोग्राम है। इससे पहले गुरुवार को 233540 रुपये चांदी का रेट था।

सरकार ने पेट्रोल पंप से बल्क में पेट्रोल-डीजल खरीद पर रोक लगाई

इंडस्ट्रियल, कॉमर्शियल और इंस्टीट्यूशनल बायर्स पर 90 दिन के लिए पाबन्दी

नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में जारी संकट से दुनिया में तेल की सप्लाई टाइट हुई है। इसे देखते हुए सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने इंडस्ट्रियल, कमर्शियल और इंस्टीट्यूशनल यूजर्स को पेट्रोल पंपों से पेट्रोल और डीजल खरीदने से रोक दिया है।

उन्हें अपनी जरूरत का ईंधन बल्क सेल पॉइंट्स से लेने को कहा गया है। इस बारे में सरकार ने गुरुवार को एक नोटिफिकेशन जारी किया है। सरकार ने डीजल की जमाखोरी रोकने के लिए यह कदम उठाया है। इसका मकसद आम उपभोक्ताओं और आवश्यक सेवाओं के लिए ईंधन की उपलब्धता बनाए रखना है।

नोटिफिकेशन के मुताबिक ये पाबंदियां शुरुआती तौर पर 90 दिनों तक लागू रहेंगी। नोटिफिकेशन में रिटेल आउटलेट डीलरों को निर्देश दिया गया है कि वे एक दिन में किसी ग्राहक या गाड़ी को 200 लीटर से ज्यादा हाई-स्पीड डीजल न बेचें। साथ ही यह भी कहा गया है कि इस हाई स्पीड डीजल को आगे दोबारा नहीं बेचा जा सकता।

यह कदम तब उठाया गया जब कुछ इलाकों में डीजल की मांग में असामान्य बढ़ोतरी देखी गई। बल्क यूजर्स कीमत के अंतर के कारण पेट्रोल पंपों से ईंधन खरीदने लगे थे।

दिल्ली में पेट्रोल पंपों पर डीजल की कीमत 95.20 रुपये प्रति लीटर है, जबकि बल्क सेल में इसकी कीमत 134.50 रुपये है। यह अंतर इसलिए आया क्योंकि सरकारी तेल कंपनियों ने आम यूजर्स को लागत में बढ़ोतरी से बचाने के लिए रिटेल कीमतों को नियंत्रित रखा।

पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने गुरुवार को मोटर स्पिरिट और हाई स्पीड डीजल (Temporary Regulation of Supply through Retail Outlets) आदेश, 2026′ जारी किया। इसमें ईंधन रिटेलर्स और तेल मार्केटिंग कंपनियों से कहा गया है कि रिटेल आउटलेट्स से बल्क खरीद पर रोक लगाई जाए। अभी यह व्यवस्था 90 दिन के लिए की गई है।

सरकार का बड़ा फैसला

  • इंडस्ट्रियल और इंस्टीट्यूशनल यूजर्स के लिए पेट्रोल पंपों से पेट्रोल-डीजल की बिक्री पर रोक
  • सरकार ने इन ग्राहकों को अपनी जरूरत का ईंधन बल्क सेल पॉइंट्स से खरीदने को कहा है
  • सरकार ने जारी किया नोटिफिकेशन, डीजल जमाखोरी रोकने के लिए यह कदम उठाया है
  • इसका मकसद आम उपभोक्ताओं और आवश्यक सेवाओं के लिए ईंधन की उपलब्धता बनाए रखना है
  • नोटिफिकेशन के मुताबिक ये पाबंदियां शुरुआती तौर पर 90 दिनों तक लागू रहेंगी

क्या है हाई-स्पीड डीजल
हाई स्पीड डीजल पेट्रोलियम से बना एक स्टैंडर्ड डीजल फ्यूल है। इसका इस्तेमाल मुख्य रूप से गाड़ियों, कमर्शियल ट्रकों, कंस्ट्रक्शन के सामान और पावर जनरेटर को चलाने के लिए किया जाता है। साथ ही इसका यूज ऑफ-रोड कंस्ट्रक्शन, खेती की मशीनों और पेट्रोलियम ड्रिलिंग के उपकरणों को चलाने में किया जाता है। डीजल जनरेटर और गैस टर्बाइन में मुख्य ईंधन के तौर पर इसका इस्तेमाल होता है।

इंटरनेशनल मार्केट में क्रूड आयल 90 डॉलर के नीचे, फिर भी नहीं घटे पेट्रोल के दाम

नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के युद्ध खत्म करने के दावे के चलते कच्चे तेल की कीमतों में आज भारी गिरावट है। ब्रेंट क्रूड 1 प्रतिशत से अधिक टूटकर अब 90 डॉलर प्रति बैरल के नीचे आ गया है। इस बीच भारत में पेट्रोल डीजल के रेट में कोई बदलाव नहीं हुआ है। बता दें मई 2026 में पेट्रोल और डीजल के दाम चार बार में 7.50 रुपये लीटर बढ़े।

युद्ध से पहले क्रूड ऑयल के दाम 64-65 डॉलर प्रति बैरल थे, जो बढ़कर लगभग 126 डॉलर पर पहुंच गए। हालांकि, अब 90 डॉलर से नीचे आने के बाद पेट्रोल-डीजल के रेट कम होने की उम्मीद बढ़ गई है। पेट्रोलियम मंत्रालय ने पेट्रोल, डीजल और गैस को लेकर कहा है कि अभी देश के पास 2 महीने का स्टॉक है। हालांकि, उसने इनकी कीमतों के बारे में कुछ नहीं बताया है।

चार महानगरों में पेट्रोल डीजल के रेट
IOCL द्वारा जारी आज के रेट के मुताबिक दिल्ली में सामान्य पेट्रोल का रेट 102.12 रुपये लीटर है। जबकि, डीजल 95.20 रुपये लीटर बिक रहा है। चेन्नई में पेट्रोल की कीमत 107.77 रुपये और डीजल की 99.55 रुपये लीटर है। कोलकाता में एक लीटर पेट्रोल की कीमत आज 113.51 रुपये और डीजल की कीमत 99.82 रुपये है। मुंबई में एक लीटर पेट्रोल की कीमत 111.21 और डीजल की कीमत 97.83 रुपये है।

Stock Market: पश्चिम एशिया में शांति की उम्मीद से सेंसेक्स 1000 अंक उछला

नई दिल्ली। Stock Market Update: पश्चिम एशिया में शांति की उम्मीद में आज शेयर बाजार में शानदार तेजी आई है। शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स करीब 1000 अंक उछल गया जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी इंडेक्स करीब 275 अंक ऊपर ट्रेड कर रहा है।

सुबह 9.20 बजे सेंसेक्स 981.88 अंक यानी 1.33% तेजी के साथ 74,814.43 अंक पर पहुंच गया। निफ्टी भी 280 अंक यानी 1.21% ऊपर 23,441.60 अंक पर ट्रेड कर रहा था। इस बीच रुपया भी डॉलर के मुकाबले शुरुआती कारोबार में 60 पैसे मजबूत होकर 95.25 पर पहुंच गया।

सेंसेक्स के 30 में से 29 शेयर तेजी के साथ खुले। इंडिगो में सबसे ज्यादा 3.29 फीसदी तेजी रही। इसके अलावा लार्सन एंड टुब्रो, ट्रेंट, बजाज फाइनेंस, मारुति, एचडीएफसी बैंक, इटरनल, टाटा स्टील, बजाज फिनसर्व, महिंद्रा एंड महिंद्रा, आईसीआईसीआई बैंक और रिलायंस में भी अच्छी तेजी रही। दूसरी ओर टेक महिंद्रा का शेयर मामूली गिरावट के साथ खुला।

निफ्टी में लार्सन एंड टुब्रो, श्रीराम फाइनेंस और इंटरग्लोब एविएशन में सबसे ज्यादा तेजी रही। ब्रॉडर मार्केट में निफ्टी मिडकैप में 1.38 फीसदी और निप्टी स्मॉलकैप में 1.61 फीसदी तेजी आई। सेक्टरवाइज देखें तो निफ्टी रियल्टी, निफ्टी ऑटो और निफ्टी ऑटो में तेजी रही जबकि निफ्टी आईटी, निफ्टी हेल्थकेर और निफ्टी फार्मा में गिरावट रही।

शेयर बाजार में तेजी की वजह
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के साथ डील पर सहमति बन गई है। इसके साथ ही उन्होंने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई रोकने का भी आदेश दिया है। उनका कहना है कि अगले कुछ दिनों में डील पर साइन हो जाएंगे और इसके साथ ही होर्मुज स्ट्रेट खुल जाएगा। इससे कच्चे तेल की कीमत में भी आज गिरावट आई है। ब्रेंट क्रूड अभी 1.67 फीसदी गिरावट के साथ 88.87 डॉलर प्रति बैरल पर है।

ग्लोबल मार्केट का हाल

  • गिफ्ट निफ्टी
    सुबह गिफ्ट निफ्टी 23,487 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। यह निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले बंद स्तर से लगभग 287 अंक ऊपर है। इससे संकेत मिल रहा है कि सेंसेक्स और निफ्टी की शुरुआत मजबूत हो सकती है।
  • एशियाई बाजार
    अमेरिका-ईरान तनाव कम होने की उम्मीदों से एशियाई बाजारों में तेजी रही। जापान का निक्केई 225 करीब 3.4% उछला जबकि, टॉपिक्स इंडेक्स 1.8% चढ़ गया। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 7% से ज्यादा मजबूत हुआ है और कोस्डैक में 3.25% की तेजी दर्ज की गई।
  • डॉऊ जोंस
    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान पर प्रस्तावित हमले रोकने के संकेत के बाद वॉल स्ट्रीट में जोरदार खरीदारी हुई। डॉऊ जोंस 930 अंक चढ़ा और एसएंडपी 500 में 1.75% की तेजी दर्ज की गई। नैस्डैक भी 2.54% उछला।
  • अमेरिका-ईरान समझौते की उम्मीद
    डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अमेरिका और ईरान इस सप्ताहांत तक शांति समझौते पर साइन कर सकते हैं। हालांकि ईरान ने अभी किसी अंतिम समझौते की पुष्टि नहीं की है। अगर यह समझौता होता है तो होर्मुज में आवाजाही सामान्य हो सकती है, जिससे वैश्विक ऊर्जा बाजारों को राहत मिलेगी।