लघु उद्योग भारती की तीन दिवसीय स्वयंसिद्धा प्रदर्शनी 5 जनवरी से

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विभिन्न उत्पादों की लगेगी 100 से अधिक स्टॉल्स

कोटा। लघु उद्योग भारती की महिला इकाई द्वारा आत्मनिर्भर भारत की पहचान महिलाओं का उत्थान थीम पर 5, 6 एवं 7 जनवरी को माहेश्वरी भवन झालावाड़ रोड पर एक प्रदर्शनी का आयोजन किया जायेगा।

लघु उद्योग भारती की महिला इकाई की अध्यक्ष शशि मित्तल एवं सचिव चांदनी पोद्दार ने बुधवार को आयोजित पत्रकार वार्ता में बताया कि हमने छोटे स्तर पर कार्य करने वाली महिला उद्यमी तथा ऐसे स्वयं सहायता समूह जो बहुत छोटे स्तर पर कार्य कर रहे हैं उनको निशुल्क स्टॉल्स प्रदान किए हैं। अन्य महिला उद्यमियों को भी रियायती दर पर स्टॉल्स उपलब्ध कराई है। इसमें सिडबी का सहयोग है।

उन्होंने बताया कि उनके साथ जुड़ने वाली सभी महिला उद्यमियों का MSME में रजिस्ट्रेशन करवाया जाएगा और उनका उद्यम आधार बनवाया जाएगा। क्योंकि किसी भी सरकारी योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए उद्यमी के पास उद्यम आधार का होना आवश्यक हैं। उन्होंने बताया कि समय-समय पर वह सरकारी योजनाओं की जानकारी देने के लिए वर्कशॉप का आयोजन भी करती हैं, जहाँ उत्पाद निर्माण के लिएवित्तीय संस्थानों से सहायता, रजिस्ट्रेशन तकनीकी सहयोग इत्यादि की जानकारी देते हैं।

इस अवसर पर कोटा व्यापार महासंघ के महासचिव अशोक माहेश्वरी, दी एसएसआई एसोसियेशन के संस्थापक अध्यक्ष गोविंद राम मित्तल ने बताया कि कोटा के औद्योगिक विकास को गति देने के लिए इस तरह की प्रदर्शनी या उद्योग मेले के आयोजन अति आवश्यक हैं। पूर्व में 10 वर्ष तक चले उद्योग मेले औद्योगिक विकास में मिल का पत्थर साबित होते थे, जिसमें आयोजित कार्यशालाएं, ओपन हाउस के माध्यम से उद्यमियों को नई तकनीकी एवं नए उत्पादन के प्रदर्शन की जानकारी मिलती थी।

ओपन हाउस के दौरान उद्यमियों की समस्याओं का निराकरण एवं नई योजनाओं की घोषणाएं भी होती थी। उन्होंने कहा कि देश का औद्योगिक विकास करना है तो राज्य एवं केंद्र सरकार को नई औद्योगिक नीति बनाकर व्यावहारिक दृष्टिकोण अपनाना होगा। आज भी गलत नीतियों के कारण उद्योगों का सफल संचालन करना कठिन कार्य है। उद्योगों मे निवेश करने वालों को आकर्षित करने के लिए सरकार को संपूर्ण सुविधाएं देने की आवश्यकता है।

उन्होंने कहा कि कोटा की महिला इकाई उद्यमियों द्वारा 5 6 7 जनवरी को प्रदर्शनी के आयोजन को सफल बनाने के लिए पूरी तत्परता से लगी हुई है, जो आने वाले समय में कोटा के औद्योगिक विकास में मिल का पत्थर साबित होगी। हम व्यापारिक ओद्योगिक संगठन वृहद स्तर पर उद्योग मेला व स्टोन मार्ट का आयोजन करेंगे और कोटा को पुनः औद्योगिक नगरी के रूप में स्थापित करने का भरपूर प्रयास करेंगे। महिला उद्यमियों के हस्त शिल्प एवं कुटीर उद्योग से कोटा की नई पहचान बनेगी। इस प्रदर्शनी के माध्यम से देशभर की महिलाओं द्वारा उत्पादित उत्पादन का प्रदर्शन एवं बिक्री का प्रदर्शन को आम जनता तक पहुंचाने का अवसर मिलेगा।

लघु उद्योग भारती के पूर्व प्रांतीय सचिव एवं दी एस एस आई एसोसियेशन के पूर्व अध्यक्ष अचल पोद्दार ने बताया कि स्वयंसिद्धा प्रदर्शनी का उ‌द्घाटन 5 जनवरी को प्रातः 11:00 बजे होगा, जिसमें विधायक कल्पना देवी एवं विधायक संदीप शर्मा मुख्य अतिथि होंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी के अध्यक्ष राजेश कृष्ण बिरला करेंगे।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राजस्थान स्टेट लघु उद्योग भारती राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ताराचंद गोयल, दी एसएसआई एसोसियेशन के संस्थापक अध्यक्ष गोविंद राम मित्तल, सिडबी के जनरल मैनेजर आलोक कुमार पांडे विशिष्ट अतिथि होंगे। लघु उद्योग भारती के संगठन मंत्री प्रकाश चंद, राष्ट्रीय अध्यक्ष घनश्याम ओझा का भी सानिध्य रहेगा। प्रदर्शनी का समापन 7 जनवरी को लोक सभा अध्यक्ष ओम कृष्ण बिरला के सानिध्य में होगा।

लघु उद्योग भारती महिला इकाई की अध्यक शशि मित्तल सचिव चान्दनी पोद्दार ने बताया कि कोटा में होने वाले स्वयंसिद्धा प्रदर्शनी में इकाई द्वारा यह प्रयास किया जा रहा हैं कि वास्तविक महिला उद्यमियों को एक उपयुक्त बाजार प्राप्त हो। इसमें भाग लेने वाले सभी महिला उद्यमियों का रजिस्ट्रेशन किया जाएगा।
महिलाएं अपने उत्पाद भारत सरकार की ई-कॉमर्सप्लेटफॉर्म पर ऑनलाइन ऑल इंडिया में निशुल्क बेच सकती हैं। उन्हें उत्पाद का कोई शुल्क भी नहीं देना पड़ेगा।

उन्होंने बताया कि सिडबी की सहायता से सभी उद्यमियों का निशुल्क ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर रजिस्टर किया जाएगा। स्वयंसिद्धा एग्जीबिशन में 100 से अधिक स्टॉल्स लगाई जाएगी। जहां पर एक ही छत के नीचे हैंडीक्राफ्ट, घरेलू उत्पाद, सौंदर्य प्रसाधन, ज्वेलरी फैशन, परिधान, सजावट के समान खाने पीने की वस्तुएं बढ़िया क्वालिटी की उचित दाम पर खरीदने का सुनहरा मौका मिलेगा।