कोटा। Fire safety in hotels: होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान कोटा डिवीजन द्वारा आज फायर सेफ्टी विशेषज्ञों एवं अग्निशमन कंपनियों के सहयोग से छावनी स्थित एक होटल पर विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य होटल एवं रेस्टोरेंट क्षेत्र में अग्नि सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा आग लगने की स्थिति में प्रभावी बचाव एवं नियंत्रण संबंधी प्रशिक्षण प्रदान करना था।
होटल फेडरेशन राजस्थान ऑफ कोटा डिवीजन के अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी एवं महासचिव संदीप पाडिया ने बताया कि कार्यशाला में मॉडल एवं मॉक ड्रिल के माध्यम से होटल एवं रेस्टोरेंट में आग लगने की स्थिति में तत्काल किए जाने वाले बचाव कार्यों, आग बुझाने के प्रयासों तथा आवश्यक सावधानियों की समस्त कर्मचारियों को विस्तृत जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण के दौरान होटल स्टाफ को यह भी बताया गया कि आपातकालीन परिस्थितियों में सुरक्षित निकासी (इवैक्यूएशन) किस प्रकार की जानी चाहिए।कार्यक्रम में अग्निशमन उपकरणों के सही उपयोग, उनकी विशेषताओं तथा रखरखाव संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी भी उपलब्ध कराई गई।
मॉक ड्रिल के माध्यम से होटल कर्मचारियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण देकर आपदा की स्थिति में त्वरित एवं प्रभावी प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार किया गया।अशोक माहेश्वरी एवं संदीप पाडिया ने बताया कि होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान, कोटा डिवीजन द्वारा कोटा के सभी होटलों में चरणबद्ध रूप से ऐसे अग्नि सुरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
उन्होंने सभी होटल संचालकों से आह्वान किया कि वे अपने प्रतिष्ठानों में आवश्यक अग्निशमन उपकरण अनिवार्य रूप से स्थापित करें तथा स्टाफ को नियमित रूप से सुरक्षा एवं बचाव संबंधी प्रशिक्षण दिलाएं, जिससे किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके।
उन्होंने बताया कि अधिकांश अग्निकांड शॉर्ट सर्किट एवं विद्युत संबंधी खामियों के कारण होते हैं। इसलिए होटल संचालकों को समय-समय पर बिजली के पैनल, वायरिंग, फिटिंग एवं अन्य विद्युत उपकरणों की तकनीकी जांच करवानी चाहिए, ताकि किसी भी प्रकार की अनहोनी घटना से बचाव सुनिश्चित किया जा सके।

