जयपुर। राजस्थान समेत पूरे उत्तर भारत में मौसम में हुआ बदलाव जारी है। उत्तर-पश्चिमी भारत में सक्रिय हुए नए मौसम तंत्र से बने पश्चिमी विक्षोभ ने राजस्थान पर प्रभाव डाल रखा है। राजस्थान में शनिवार से एक्टिव हुई बारिश और मौसमी बदलाव से प्रदेशवासियों को भीषण गर्मी और उमस से काफी राहत मिली है। लेकिन इससे फसलों को भी काफी नुकसान हुआ।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, 28 और 29 सितंबर को राज्य के कई क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश होने और 40 से 50 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की प्रबल संभावना है। 28 सितंबर को प्रदेश के चार संभागों तथा 29 सितंबर को तीन संभागों में वर्षा का अनुमान है।
जयपुर, भरतपुर और अजमेर संभाग में 27 से 29 सितंबर तक मेघगर्जन के साथ बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है, जबकि 28 सितंबर को बीकानेर संभाग के इलाकों में भी वर्षा हो सकती है।
मौसम विभाग ने 28 सितंबर के लिए राज्य के 17 जिलों में बारिश होगी। इसके लिए अलवर, भरतपुर, दौसा, डीग, धौलपुर, जयपुर, झालावाड़, झुंझुनूं, करौली, खैरथल-तिजारा, कोटपूतली-बहरोड़, सीकर, बीकानेर, चूरू, डीडवाना-कुचामन, हनुमानगढ़, नागौर और श्रीगंगानगर में येलो अलर्ट जारी किया गया है।
इन जिलों में वज्रपात (आकाशीय बिजली चमकने) और तेज हवाओं के साथ हल्की बारिश हो सकती है। यहां 40 से 50 किमी/घंटे की गति से अंधड़ चलने, तीव्र मेघगर्जन और मध्यम से तेज बारिश की चेतावनी दी गई है।
इन जिलों में चलेंगी तेज हवाएं
श्रीगंगानगर, बीकानेर, चूरू, झुंझुनूं, जयपुर, कोटपूतली-बहरोड़, अलवर, भरतपुर, डीग, दौसा, करौली, सवाई माधोपुर और टोंक जिलों में 30 से 40 किमी/घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और वर्षा होने का पूर्वानुमान है।
आगे कैसा रहेगा मौसम?
मौसमी तंत्र के प्रभाव से पूर्वी राजस्थान में 29 सितंबर को भी कुछ स्थानों पर हल्की बारिश जारी रह सकती है। हालांकि, इसके तुरंत बाद मौसमी बदलाव थम जाएगा। जयपुर मौसम केंद्र से मिली जानकारी के अनुसार पश्चिमी राजस्थान में 29 सितंबर को मौसम पूरी तरह शुष्क हो जाएगा। 30 सितंबर से 3 अक्तूबर तक मौसम शुष्क रहेगा। कुल मिलाकर, 30 सितंबर के बाद आगामी 5 से 6 दिनों तक पूरे राजस्थान में मौसम मुख्यतः साफ और शुष्क बना रहने का अनुमान है।

