सोशल मीडिया पर छाए रहने की सनक युवाओं को बना रही मनोरोगी: डॉ. मित्तल

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कोटा। डब्ल्यूएचओ फैलो तथा दिल्ली स्थित दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल में विभागाध्यक्ष डॉ. अनुज मित्तल ने कहा कि सोशल मीडिया पर छाए रहने की सनक युवाओं को मनोरोगी बना रही है। फेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप ही नहीं टिकटॉक, लाइक जैसे वीडियो एप भी युवाओं के दिलोदिगाम पर हावी हो चुके हैं। सोशल मीडिया पर दो घंटे से ज्यादा बिताना मनोरोग का संकेत है।

वे शनिवार को होप सोसायटी व अग्रवाल न्यूरो साइकेट्रिक सेन्टर कोटा की ओर से दादाबाड़ी व विज्ञान नगर स्थित शिक्षण प्रशिक्षण संस्थान में मानसिक स्वास्थ्य प्रोत्साहन एवं आत्महत्या रोकथाम’ विषय पर पर आयोजित कार्यशाळा को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि वेब सीरीज, गेमिंग और स्मार्टफोन से लोकप्रियता और पैसा कमाने का चस्का बीमार बना रहा है। नतीजतन युवा अवसाद, कुंठा और भूलने जैसी बीमारी से ग्रसित हो रहे हैं।

स्कूलों में पढ़ने वाले 20 प्रतिशत बच्चे और युवा मनोरोगों के शिकार हैं। इनमें ज्यादातर 14 से 24 साल के लोग हैं। सोशल मीडिया पोस्ट पर लाइक, कमेंट, व्यू न आने से यूजर्स में नकारे जाने का भाव पैदा होता है। इससे भावनात्मक बोझ बढ़ता है। वे दोस्तों के सोशल मीडिया कनेक्शन देख सोचते हैं कि दूसरे लोग ज्यादा खुश हैं।

होप सोसायटी के चैयरमेन डाॅ. एमएल अग्रवाल ने कहा कि इस साल डब्ल्यूएचओ ने विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर मानसिक स्वास्थ्य प्रोत्साहन और आत्महत्या रोकथाम को थीम बनाया है। विश्व में होने वाली करीबन 8 लाख आत्महत्या में से सवा लाख तो भारत में ही होती है। रिपोर्ट के अनुसार, 21वीं सदी में जीवनशैली में आ रहे बदलाव बड़ा कारण हैं। मानसिक रोगियों को अंधविश्वासों और ढोंगी तांत्रिक बाबा से बचाकर उनका उपचार कराया जाना चाहिए।

समाज के विभिन्न क्षेत्रों में व्याप्त तनाव एवं घोर निराशा पूर्ण वातावरण के कारण मानसिक रोगियों की संख्या में निरंतर बढ़ोतरी चिंता का विषय है। उन्होंने बताया कि अकारण ही उदासी, हताशा, एकांतवास, निद्रा का अभाव, रोने की इच्छा तथा याददाश्त में कमी के साथ आत्महत्या का विचार मन में आना आदि मानसिक रोगों के प्रमुख लक्षण हैं। ऐसे मानसिक रोगियों को विशेषज्ञ के पास ले जाएं और उनका समय रहते उपचार कराएं।

सोसायटी के सचिव डाॅ. अविनाश बंसल, सुधीन्द्र गौड, संस्था के निदेशक एसए खान, अहहर खान, प्राचार्या अनामिका राठौर ने भी संबोधित किया। कार्यशाला के दौरान आयोजित प्रश्नोत्तरी में विजेताओं को भी पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर पावर प्वाइंट के माध्यम से फिल्म का प्रदर्शन भी किया। ।