नई दिल्ली। हाल ही में अहमदाबाद में फेडरेशन ऑफ इंडियन स्पाइस स्टॉकहोल्डर्स (FISS) द्वारा आयोजित 10वें स्पाइस मीट सेमिनार में जारी अनुमानों के अनुसार, मौजूदा सीजन के दौरान देश में सौंफ, जीरा, धनिया और मेथी के प्रोडक्शन में गिरावट का अनुमान है।
जीरा: गुजरात और राजस्थान जैसे प्रमुख उत्पादक राज्यों में, इस साल जीरे की बुआई 11.18 लाख हेक्टेयर में होने का अनुमान है, जबकि पिछले साल यह 11.71 लाख हेक्टेयर था। गुजरात में इस साल बुआई का एरिया लगभग 3.74 लाख हेक्टेयर था, जबकि पिछले साल यह 4.55 लाख हेक्टेयर था। राजस्थान में बुआई का एरिया 7.44 लाख हेक्टेयर होने का अनुमान है, जबकि पिछले साल यह 7.16 लाख हेक्टेयर था। कुल बुआई के एरिया में कमी की वजह से, इस साल देश में कुल जीरा प्रोडक्शन 93.29 लाख बैग (हर बैग में 55 kg) होने का अनुमान है, जबकि पिछले साल यह 97.93 लाख बैग था।
सौंफ: मौजूदा सीजन में, मुख्य उत्पादक राज्य गुजरात में सौंफ की बुआई में 16 परसेंट की कमी का अनुमान लगाया जा रहा है। हालांकि, राजस्थान और दूसरे राज्यों में बुआई पिछले साल जैसी ही रहने की उम्मीद है। इसलिए, सौंफ की बुआई 85.96 हजार हेक्टेयर में होने का अनुमान है, जबकि पिछले साल यह 92.20 हजार हेक्टेयर था। बुआई के एरिया में कमी की वजह से, मौजूदा सीजन में देश में सौंफ का प्रोडक्शन 17.97 लाख बैग होने का अनुमान है, जबकि पिछले साल यह 18.68 लाख बैग था।
धनिया: इस साल, मुख्य धनिया उत्पादक राज्यों में धनिया बुआई के एरिया में कमी का अनुमान जारी किया गया है। धनिया मुख्य रूप से मध्य प्रदेश, गुजरात और राजस्थान में पैदा होता है। मिली जानकारी के मुताबिक, इस साल धनिया की खेती का एरिया 12 परसेंट घटकर 2.98 लाख हेक्टेयर रहने का अनुमान है। पिछले साल 3.36 लाख हेक्टेयर में बुआई हुई थी। बुआई कम होने की वजह से धनिया का प्रोडक्शन भी पिछले साल के 1.10 करोड़ बैग के मुकाबले 96.55 लाख बैग रहने का अनुमान है।
मेथी: पिछले सीजन में प्रोड्यूसर्स को उनकी उपज का सही दाम नहीं मिलने की वजह से मेथी की बुआई 12 परसेंट घटकर 1.14 लाख हेक्टेयर रह गई है। पिछले साल 1.30 लाख हेक्टेयर में बुआई हुई थी। मेथी का प्रोडक्शन राजस्थान, मध्य प्रदेश और गुजरात में होता है। मौजूदा सीजन में मेथी का प्रोडक्शन 1,520,448 क्विंटल होने का अनुमान है, जबकि पिछले साल यह 1,716,400 क्विंटल था।

