अंतराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन जिला संगठन को मजबूत बनाने के प्रयास होंगे: माहेश्वरी

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शादी समारोह में 25 व्यंजन से ज्यादा नहीं बनवाने का महासम्मेलन का निर्णय

कोटा। वैश्य समाज की एकता और संगठन की मजबूती के लिए राजस्थान प्रदेश वैश्य महासम्मेलन में कोटा जिले के कई पदाधिकारियों ने भाग लिया।

अंतराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन राजस्थान के तत्वावधान में आयोजित महासम्मेलन में संभागीय अध्यक्ष गोवर्धन खंडेलवाल कार्यवाहक, अध्यक्ष श्याम लाल गुप्ता, किशन मूंदड़ा सभांगीय महिला विंग की अध्यक्ष कुंती मूंदड़ा, गिरधर बडेरा, अजय गुप्ता, डॉ. तजेश गोयल, अमित गुप्ता, कोटा जिला महिला अध्यक्ष ममता गुप्ता, राजेन्द्र कुमार जैन, युवा अध्यक्ष मनोज जैन टोंग्या एवं सुनील गर्ग सहित 40 जिलो के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।

सभी वक्ताओ ने कहां कि वैश्य समाज का देश की आर्थिक व सामाजिक विकास में अग्रणी योगदान रहा है। सम्मेलन में प्रदेश वैश्य महासम्मेलन द्वारा कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए, जिसमें वैश्य एकता के लिए घटक ज्यादा से ज्यादा आपस में शादी विवाह करें, जिससे वैश्य एकता मजबूत रहे।

शादी समारोह में 25 व्यंजन से ज्यादा नहीं बनवाये जाएं। कन्यादान के अलावा लिफाफा नहीं लेने और देने का निर्णय लिया। राजनीतिक शक्ति बढ़ाने के लिए वैश्य समाज की भागीदारी ज्यादा से ज्यादा हो, इसके लिए राजनीतिक पार्टियों से प्रतिनिधित्व देने की मांग की। भ्रूण हत्या नहीं हो इसका भी निर्णय लिया गया। इस पर सभी ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया।

सम्मेलन में कोटा जिला अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी ने कहा कि वैश्य समाज देश के आर्थिक विकास व सामाजिक विकास के लिए महत्वपूर्ण योगदान हमेशा करता है। हमेशा भामाशाह बनकर देश की सेवा करता है। वैश्य समाज को विशिष्ट रूप से राजनीतिक और सामाजिक महत्व मिलना चाहिए। देश सेवा में भी वैश्य समाज की अहम भूमिका रही है।

वैश्य समाज की शक्ति बढ़ाने के लिए ज्यादा से ज़्यादा सदस्यता ग्रहण करनी चाहिए। वैश्य समाज को शोषण से बचाने के लिए राजनीति व शक्ति बढ़ाने के लिए वैश्य समाज को राजनीति में आगे लाना होगा। वैश्य एकता के लिए राजनीतिक शक्ति बढ़ाने हेतु ज़्यादा से ज्यादा राजनीति में प्रतिनिधित्व मिले। भविष्य में नीति निर्धारण के लिए आईएएस, आईपीएस और आरएएस में ज्यादा से ज़्यादा बच्चों को शिक्षा के लिए संगठन के माध्यम से सहयोग कर प्रेरित करना चाहिए।

उन्होंने बताया कि हाडोती में भी 10000 सदस्य बनाए जाने की मुहिम शुरू की जाएगी। साथ ही सामाजिक और जनहित की कार्य योजना भी बनाई जाएगी। प्रदेश की एक बैठक हाडोती में किए जाने के पूरे प्रयास किए जाएंगे, जिससे संगठन को और अधिक मजबूती मिल सके। इसके लिए शीघ्र ही कोटा जिले की एक बैठक बुलाई जाएगी ।