नई दिल्ली। Stock Market 20 March, 2026: भारतीय शेयर बाजार ने गुरुवार की भारी गिरावट के बाद शुक्रवार को मजबूती के साथ शुरुआत की। सुबह-सुबह ही सेंसेक्स करीब 1000 अंक तक उछल गया। वहीं निफ्टी 50 भी 300 अंक से ज्यादा की छलांग लगाई।
गुरुवार सुबह सेंसेक्स तेजी के साथ 74,559.38 अंक पर और निफ्टी 23,110.15 अंक पर खुला। बाद में दोनों इंडेक्स में और तेजी आ गई। सुबह 9:40 बजे सेंसेक्स करीब 862 अंक की तेजी के साथ करीब 75,069 अंक पर कारोबार कर रहा था।
वहीं निफ्टी 50 भी करीब 256 अंकों की बढ़त के साथ 23,258 अंक पर था। आज सुबह बाजार में आई तेजी से निवेशकों को करीब 6 लाख करोड़ रुपये का फायदा हुआ। इस तेजी के साथ बीएसई पर लिस्ट सभी कंपनियों का कुल मार्केट कैप बढ़कर करीब 432 लाख करोड़ रुपये हो गया।
मार्केट में तेजी के 3 बड़े कारण
- इजरायली प्रधानमंत्री के हालिया बयानों से संकेत मिले हैं कि ईरान के तेल और गैस बुनियादी ढांचे पर अब और हमले नहीं होंगे। इस खबर से बाजार में मौजूद डर कम हुआ है और उम्मीद लौटी है।
- तनाव कम होने की खबरों के बीच ब्रेंट क्रूड की कीमतों में बड़ी राहत देखी गई है। कल के 118 डॉलर प्रति बैरल के उच्चतम स्तर से गिरकर तेल 106 डॉलर पर आ गया है। यूरोप और जापान द्वारा समुद्री रास्तों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के समर्थन ने भी कीमतों को नीचे लाने में मदद की है।
- पिछले सत्रों में बुरी तरह टूटे हुए बैंकिंग और ऑटो सेक्टर के शेयरों में आज ‘बाउंस बैक’ देखा जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि HDFC बैंक से जुड़ी कल की चिंताएं अब शांत होती दिख रही हैं।
टॉप गेनर्स
शुरुआती कारोबार में आईटी और मेटल सेक्टर के शेयरों में सबसे ज्यादा तेजी देखने को मिली। टेक महिंद्रा करीब 3.08% चढ़कर टॉप गेनर रहा। इसके अलावा इन्फोसिस 2.44%, एचसीएल टेक 2.36%, टाटा स्टील 2.07% और एसबीआई करीब 1.92% की बढ़त के साथ कारोबार करते नजर आए। इन शेयरों ने बाजार की तेजी में अहम योगदान दिया।
टॉप लूजर
वहीं, बैंकिंग सेक्टर में कुछ कमजोरी देखने को मिली। एचडीएफसी बैंक करीब 1.70% गिरकर टॉप लूजर रहा और शुरुआती कारोबार में दबाव में दिखा।
सेक्टोरल ट्रेंड
आईटी सेक्टर में जोरदार खरीदारी देखने को मिली, जिससे बाजार को सपोर्ट मिला। मेटल और पीएसयू बैंक शेयरों में भी तेजी रही। हालांकि, प्राइवेट बैंकिंग शेयरों में हल्का दबाव देखने को मिला, जिससे बाजार की तेजी थोड़ी सीमित रही।
निवेशकों को ₹37 लाख करोड़ का भारी नुकसान
27 फरवरी से 19 मार्च तक सेंसेक्स करीब 7,080 अंक टूटकर 81,287 से 74,207 तक आ गया है। वहीं निफ्टी में भी करीब 2,176 अंकों की गिरावट दर्ज की गई है। इस दौरान निवेशकों का भरोसा कमजोर हुआ है और बाजार में घबराहट साफ दिखाई दे रही है। पश्चिम एशिया संकट शुरू होने के बाद से निवेशकों की संपत्ति को बड़ा झटका लगा है। कुल मिलाकर करीब ₹37 लाख करोड़ का नुकसान हो चुका है। सिर्फ गुरुवार को ही करीब ₹12.87 लाख करोड़ डूब गए।
ग्लोबल मार्केट के संकेत
एशियाई बाजारों
एशियाई बाजारों में आज मिश्रित रुख देखने को मिला। कोरिया का Kospi करीब 1% चढ़ा और Kosdaq में 0.94% की बढ़त रही। जापान में बाजार बंद हैं और हांगकांग में कमजोरी के संकेत मिल रहे हैं।
वॉल स्ट्रीट का हाल
अमेरिकी बाजारों में गुरुवार को गिरावट रही। डॉऊ जोंस 0.44% गिरा और S&P 500 में 0.27% की गिरावट दर्ज की गई। नैस्डैक 0.28% कमजोर हुआ।
ईरान-अमेरिका तनाव का असर
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव ने बाजार की चिंता बढ़ा दी है। ईरान ने ऊर्जा ठिकानों पर हमले तेज किए और अमेरिका ने कड़ी प्रतिक्रिया की चेतावनी दी। इजरायल ने भी सख्त रुख अपनाया। इससे तेल की कीमतों और महंगाई पर दबाव बना हुआ है।
निवेशकों के लिए संकेत
विशेषज्ञों का मानना है कि बाजार में वोलैटिलिटी बनी रहेगी। शॉर्ट टर्म में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। निवेशकों को सतर्क रहना चाहिए। भारतीय शेयर बाजार में गिरावट के बाद रिकवरी के संकेत जरूर मिल रहे हैं, लेकिन वैश्विक अनिश्चितता और महंगे तेल के कारण जोखिम बना हुआ है। निवेशकों के लिए यह समय सोच-समझकर कदम उठाने का है।

