जयपुर। राजस्थान का बहुप्रतीक्षित बजट आज 11 फरवरी को विधानसभा में पेश किया जाएगा। उप मुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री दीया कुमार इस कार्यकाल का अहम बजट सदन के पटल पर रखेंगी। सरकार के संकेत साफ है, यह बजट युवाओं, महिलाओं, किसानों के साथ-साथ शहरी और ग्रामीण विकास को केंद्र में रखकर तैयार किया गया है।
नई योजनाओं के साथ-साथ कई मौजूदा योजनाओं के दायरे को बढ़ाने की तैयारी है, जिससे बजट को “समावेशी विकास” की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। बजट से पहले ही प्रदेशभर में उम्मीदों का माहौल है। खासतौर पर युवा, किसान और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जुड़े वर्ग सरकार की घोषणाओं पर नजरें टिकाए बैठे हैं।
युवाओं पर सबसे बड़ा दांव
इस बार के बजट में युवाओं को बड़ी राहत मिलने की संभावना जताई जा रही है। सूत्रों के अनुसार सरकार करीब एक लाख नई सरकारी नौकरियों की घोषणा कर सकती है। आरएएस और उच्च पदों को छोड़कर अधिकतर भर्तियों में इंटरव्यू प्रक्रिया समाप्त करने का ऐलान संभव है, जिससे भर्ती प्रक्रिया पारदर्शी और समयबद्ध हो सके।
इसके साथ ही संविदा कर्मचारियों की सैलरी बढ़ाने और उनकी सेवा शर्तों में सुधार को लेकर भी प्रावधान किए जा सकते हैं। बेरोजगारी से जूझ रहे युवाओं के लिए यह बजट अहम माना जा रहा है।
सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करने की तैयारी
बुजुर्गों, दिव्यांगों और विधवाओं के लिए सरकार सामाजिक सुरक्षा पेंशन में लगभग 15 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर सकती है। यदि यह प्रस्ताव लागू होता है, तो लाखों परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा। सरकार का फोकस कमजोर वर्गों को आर्थिक सुरक्षा देने पर दिख रहा है।
किसानों के लिए राहत और भरोसा
कृषि क्षेत्र को लेकर भी बजट में कई अहम घोषणाओं की उम्मीद है। किसान सम्मान निधि की राशि को चरणबद्ध तरीके से बढ़ाकर 12 हजार रुपये तक ले जाने की तैयारी बताई जा रही है।
इसके अलावा सहकारी बैंकों के जरिए बिना ब्याज फसली ऋण योजना का दायरा बढ़ाने, गेहूं सहित कुछ फसलों पर एमएसपी बोनस बढ़ाने और बाजरा-ज्वार की सरकारी खरीद को प्रोत्साहन देने के संकेत हैं। सूखे और मौसम की मार झेल रहे किसानों के लिए यह कदम राहत देने वाला हो सकता है।
सिंचाई, डेयरी और पशुपालन पर फोकस
बजट में नई छोटी सिंचाई परियोजनाओं, माइक्रो इरिगेशन और आदिवासी क्षेत्रों में सिंचाई योजनाओं की घोषणा संभव है। डेयरी और पशुपालन क्षेत्र में दूध खरीद पर बोनस बढ़ाने, पशुधन बीमा योजना का विस्तार और महिलाओं के लिए विशेष डेयरी प्रोत्साहन योजना लाने की भी संभावना है।
महिलाओं और स्वयं सहायता समूहों के लिए सौगात
महिला सशक्तिकरण सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। लखपति दीदी योजना का दायरा बढ़ाने, महिला स्वयं सहायता समूहों की संख्या और उनके बजट में इजाफा किया जा सकता है। आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और आशा सहयोगियों के लिए प्रोत्साहन राशि बढ़ाने की घोषणा भी बजट में जगह पा सकती है।
सड़क, परिवहन और शहरी विकास
इंफ्रास्ट्रक्चर के मोर्चे पर भी बजट से बड़ी उम्मीदें हैं। नए स्टेट एक्सप्रेसवे, सड़कों के उन्नयन, ओवरब्रिज और अंडरब्रिज निर्माण की घोषणाएं संभव हैं। रोडवेज के लिए करीब 1000 नई बसें खरीदने, जयपुर रिंग रोड फेज-2 और जयपुर मेट्रो फेज-2 के पहले पैकेज के लिए बजट प्रावधान किए जा सकते हैं।
बिजली, पानी और उद्योग
सरकार 24 घंटे बिजली आपूर्ति की कार्ययोजना, स्मार्ट मीटर, नए ग्रिड सब स्टेशन और किसानों की बिजली दरें नहीं बढ़ाने का भरोसा दे सकती है। अमृत-2 योजना के तहत सीवरेज और पेयजल परियोजनाओं पर फोकस रहेगा। उद्योगों के लिए सिंगल विंडो सिस्टम, डिफेंस, एयरोस्पेस और सेमीकंडक्टर सेक्टर को बढ़ावा देने के ऐलान भी संभव हैं।
शिक्षा और स्वास्थ्य ढांचे का विस्तार
बजट में नए मेडिकल कॉलेज, अस्पताल, पीएचसी-सीएचसी निर्माण और मेडिकल-पैरामेडिकल सीटें बढ़ाने की घोषणा की जा सकती है। जर्जर स्कूल भवनों की मरम्मत और नए स्कूल भवनों के लिए अलग बजट प्रावधान भी संभावित है।

