नई दिल्ली। JEE Main 2026 Paper 2 Answer Key: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने जेईई मेन (JEE Main 2026) के ‘पेपर 2’ (बी.आर्क और बी.प्लानिंग) की प्रोविजनल आंसर-की जारी कर दी है।
जो छात्र बी.आर्क या बी.प्लानिंग में दाखिले के लिए इस परीक्षा में शामिल हुए थे, वे अब आधिकारिक वेबसाइट jeemain.nta.nic.in पर जाकर अपने उत्तरों का मिलान कर सकते हैं। आंसर-की के साथ-साथ एनटीए ने प्रश्न पत्र और छात्रों द्वारा दी गई रिस्पॉन्स शीट भी पोर्टल पर उपलब्ध करा दी है।
कैसे करें उत्तरों का मिलान
यह ‘प्रोविजनल’ आंसर-की है। यदि किसी छात्र को लगता है कि एनटीए द्वारा दिए गए किसी उत्तर में गलती है, तो वह उसे चुनौती दे सकता है।
JEE Main 2026 Paper 2 Answer Key Link
इन बातों का ध्यान रखना होगा
- शुल्क: प्रत्येक प्रश्न को चुनौती देने के लिए छात्रों को 200 रुपये का प्रोसेसिंग शुल्क देना होगा।
- समय सीमा: आपत्तियां दर्ज करने की अंतिम तिथि 22 फरवरी 2026 (रात 11:00 बजे तक) है।
- भुगतान: शुल्क का भुगतान केवल क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड, नेट बैंकिंग या यूपीआई के माध्यम से ही किया जा सकता है। याद रखें कि शुल्क वापस नहीं किया जाएगा।
ऐसे दर्ज करें आपत्ति
- सबसे पहले एनटीए की वेबसाइट jeemain.nta.nic.in पर जाएं।
- JEE Main 2026 Paper 2 Answer Key Challenge लिंक पर क्लिक करें।
- अपने आवेदन संख्या और जन्म तिथि के साथ लॉग-इन करें।
- आपको प्रश्न पत्र दिखाई देगा। जिस प्रश्न पर आपत्ति है, उसे चुनें और अपना सही विकल्प दर्ज करें।
- यदि आवश्यक हो, तो अपने तर्क के समर्थन में डॉक्यूमेंट या प्रूफ अपलोड करें।
- अंत में, शुल्क का भुगतान करें और सबमिट बटन दबाएं।
इसके बाद क्या होगा
छात्रों द्वारा भेजी गई सभी आपत्तियों पर विषय एक्सपर्ट की एक टीम विचार करेगी। यदि कोई आपत्ति सही पाई जाती है, तो आंसर-की में सुधार किया जाएगा। इसके बाद फाइनल आंसर-की जारी की जाएगी, और उसी के आधार पर जेईई मेन पेपर 2 का अंतिम परिणाम तैयार होगा। एनटीए ने स्पष्ट किया है कि एक्सपर्ट का निर्णय अंतिम होगा और उसके बाद किसी भी प्रकार की आपत्ति पर विचार नहीं किया जाएगा।
छात्रों के लिए जरूरी सलाह
यह एक अत्यंत महत्वपूर्ण चरण है, क्योंकि आपकी एक सही चुनौती आपके स्कोर में बड़ा बदलाव ला सकती है। इसलिए, किसी भी प्रश्न को चुनौती देने से पहले अपनी एनसीईआरटी (NCERT) की किताबों या प्रामाणिक संदर्भ पुस्तकों से उत्तर की दोबारा जांच जरूर कर लें। 22 फरवरी की समय सीमा समाप्त होने के बाद किसी भी स्थिति में आपत्तियां स्वीकार नहीं की जाएंगी।

