सोना 21 दिन में 11% और चांदी 20% गिरी, जानिए अब क्या

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नई दिल्ली। ईरान पर इजरायल और अमेरिकी हमले को आज 22वां दिन है। 28 फरवरी से शुरू हुआ यह हमला दुनिया की अर्थव्यवस्था को हिला चुका है। इसमें सोना-चांदी भी नहीं बचे हैं।

अमूमन माना जाता है कि जब वैश्विक तनाव पैदा होता है तो सोना और चांदी की कीमत बढ़ती है। ऐसा इसलिए क्योंकि लोग सुरक्षित निवेश की ओर भागते हैं। लेकिन ईरान युद्ध में ऐसा बिल्कुल दिखाई नहीं दे रहा।

सोना चांदी की कीमत बढ़ने की जगह लगातार कम हो रही है। ऐसे में वे लोग ज्यादा परेशान दिखाई दे रहे हैं जिन्होंने 2-3 महीने पहले दोनों धातुओं की बढ़ती कीमत के कारण इसे खरीद लिया था। तब के मुकाबले अब कीमत बहुत गिर गई है।

ऐसे में वे इंतजार कर रहे हैं कि इनकी कीमत कब बढ़ेगी। वहीं सोना-चांदी सस्ता होने पर काफी लोगों ने इन धातुओं को तब ही खरीद लिया था। अब वे भी इंतजार कर रहे हैं कि इनकी कीमत कब बढ़ेगी।

सोने में आई गिरावट
पिछले साल से लेकर इस साल जनवरी के लगभग आखिरी तक सोना बहुत तेजी से भागा था। पिछले साल इसमें करीब 70 फीसदी की तेजी आई थी। 29 जनवरी 2026 को एमसीएक्स पर यह प्रति 10 ग्राम करीब 1.92 लाख रुपये पर पहुंच गया था। उसके बाद चार दिनों इसमें इतना बड़ा झटका लगा कि इसकी कीमत गिरकर करीब 1.39 लाख रुपये पर आ गई। अब ईरान युद्ध के बाद इसमें फिर से गिरावट आ रही है। 27 फरवरी को सोना 1,62,104 रुपये प्रति 10 ग्राम पर था। कल यानी शुक्रवार को अप्रैल डिलीवरी वाला सोना 129 रुपये की गिरावट के साथ 1,44,825 रुपये पर बंद हुआ। ऐसे में इसमें इन 21 दिनों में करीब 11% की गिरावट आई है।

चांदी को लगा झटका
ईरान युद्ध की मार से चांदी भी नहीं बच पाई है। इसमें भी पिछले साल रेकॉर्ड तेजी आई थी। एक साल में इसने करीब 160 फीसदी रिटर्न दिया था। 29 जनवरी 2026 को यह एमसीएक्स पर अपने ऑल टाइम हाई पर पहुंच गई थी। उस समय चांदी की कीमत प्रति किलो 2.30 लाख से ज्यादा थी।

उसके बाद चार दिनों में यह भी धड़ाम होकर 2.30 लाख से नीचे आ गई थी। अब ईरान युद्ध में भी इसकी कीमत गिर रही है। 27 फरवरी को चांदी की कीमत प्रति किलोग्राम 2,82,644 रुपये थी। कल यानी शुक्रवार को मई डिलीवरी वाली चांदी 3990 रुपये गिरकर 2,27,470 रुपये पर बंद हुई। ऐसे में इसमें इन 21 दिनों में करीब 20% की गिरावट आई है।

निवेशक क्या करें?
मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड के कमोडिटीज एनालिस्ट मानव मोदी ने बताया कि सोने और चांदी में इस समय सावधानी और अनुशासन के साथ ट्रेडिंग करना बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि अगर आप सोना-चांदी खरीदना चाहते हैं तो सोने में ज्यादा निवेश करें। अपने पोर्टफोलियो में सोने की हिस्सेदारी 70-75% और चांदी की 30-35% रखना बेहतर रहेगा।

पृथ्वी फिनमार्ट के मनोज कुमार जैन ने निवेशकों को फिलहाल इन धातुओं से दूर रहने की सलाह दी है, क्योंकि दोनों मेटल्स अपने शॉर्ट-टर्म सपोर्ट लेवल तोड़ चुके हैं। नई खरीदारी से पहले बाजार में स्थिरता का इंतजार करना चाहिए।

वहीं अन्य एक्सपर्ट्स के मुताबिक अगर कम कीमत पर सोना-चांदी खरीदा है तो मुनाफा कमा सकते हैं। वहीं अगर वैल्यू कम हुई है तो कुछ समय इंतजार करें। जैसे ही कीमत बढ़े मुनाफावसूली करके निकल जाएं। अगर लंबे समय तक निवेश को बनाए रखना चाहते हैं तो बेहतर होगा।