प्रबुद्धजनों ने सवर्ण समाज व शैक्षणिक व्यवस्था के हितों के विरुद्ध बताया
कोटा। Protest against UGC rules: प्रादेशिक सेवारत वैश्य संस्था के तत्वावधान में रविवार को यूजीसी द्वारा लागू किए जा रहे नए नियमों के विरोध में जवाहर नगर क्षेत्र में विरोध प्रदर्शन और आपातकालीन बैठक का आयोजन किया गया।
संस्था द्वारा इस कानून को ‘काला कानून’ करार देते हुए इसके विरुद्ध उग्र आंदोलन की चेतावनी दी गई। कार्यक्रम की शुरुआत जवाहर नगर थाना क्षेत्र के इंदिरा विहार में एक विशाल सभा के साथ हुई। जिसमें बड़ी संख्या में समाज के प्रबुद्धजन और पदाधिकारी सम्मिलित हुए।
सभा के दौरान मुख्य वक्ता सुरेंद्र शर्मा, राजेंद्र सिंह, हुकुमचंद मंगल, मनोहर खंडेलवाल, अनिल तिवारी और विजय भारद्वाज ने अपने संबोधन में यूजीसी के नए प्रावधानों की कड़ी आलोचना की। वक्ताओं ने एकजुट होकर इस कानून का विरोध करने का आह्वान किया और इसे सवर्ण समाज व शैक्षणिक व्यवस्था के हितों के विरुद्ध बताया।

प्रादेशिक अध्यक्ष हुकुमचंद मंगल ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि संस्था इन विसंगतिपूर्ण नियमों को किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं करेगी और इसके लिए चरणबद्ध तरीके से संघर्ष जारी रखा जाएगा। सभा के पश्चात समाज के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने जवाहर नगर थाने के सामने से मुख्य मार्ग होते हुए तलवंडी और सेंट्रल पब्लिक स्कूल तक एक विशाल जुलूस निकाला।
जुलूस के दौरान प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार और यूजीसी के विरुद्ध जमकर नारेबाजी की। “यूजीसी मुर्दाबाद” और “काला कानून वापस लो” जैसे नारों के साथ प्रदर्शनकारियों ने अपना रोष प्रकट किया।
यह जुलूस वापस जवाहर नगर थाने के सामने पहुँचा। जहाँ एक संक्षिप्त सभा के बाद कार्यक्रम का विसर्जन किया गया। कोषाध्यक्ष मुकेश गुप्ता ने कहा कि यदि सरकार ने इन नियमों पर पुनर्विचार नहीं किया, तो आगामी दिनों में आंदोलन को और अधिक तीव्र किया जाएगा।
विरोध प्रदर्शन और बैठक में कोषाध्यक्ष मुकेश कुमार गुप्ता, कैलाश चंद मंगल, राकेश गुप्ता, मनोज गुप्ता (पार्षद), रमेश गुप्ता, ओपी बंसल, एसके गुप्ता, बालकिशन शर्मा, रूपेंद्र खंडेलवाल, किशन चंद गुप्ता, रमेश विजय, बद्री प्रसाद गुप्ता, श्यामलाल गुप्ता, पुरुषोत्तम चित्तौड़ा, गोपाल लाल गर्ग और सत्यनारायण शर्मा सहित अनेक गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।

