श्री रघुनाथ मंदिर व शीतला माता, रामपुरा का संयुक्त आयोजन
कोटा। श्री रघुनाथ जी मन्दिर व शीतला माता मन्दिर, रामपुरा की कार्यक्रम प्रबंधक समिति के तत्वावधान में भव्य श्रीराम जन्मोत्सव मनाया गया। महोत्सव में एक बार फिर 65 वर्षों की गौरवशाली परंपरा जीवंत हो उठी। शुक्रवार सायंकाल जब भगवान श्री राम की शोभायात्रा शहर के मुख्य मार्गों से गुजरी, तो समूचा वातावरण ‘जय श्री राम’ के उद्घोष से गुंजायमान हो उठा।
शोभायात्रा का विधिवत शुभारंभ नयापुरा स्थित गोपाल निवास बाग के हनुमान मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना के साथ हुआ। यहाँ से भगवान राम, माता सीता, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न के स्वरूपों को सुसज्जित बग्घियों में विराजमान किया गया। शोभायात्रा में सबसे आगे गजराज और अश्वों का दल चल रहा था।
वहीं पीछे दर्जनों अखाड़े, भजन मंडलियां और ढोल-नगाड़ों की थाप पर थिरकते श्रद्धालु उत्सव की रौनक बढ़ा रहे थे। रास्ते भर श्रद्धालुओं ने पुष्प वर्षा कर प्रभु की आरती उतारी और जगह-जगह शीतल जल एवं शरबत की प्याऊ लगाकर शोभायात्रा का स्वागत किया।
‘राम-भरत मिलाप पर भावुक हुए भक्त
रामपुरा बाजार में ऐतिहासिक ‘राम-भरत मिलाप’ हुआ तो राम भक्त भावुक हो गए। 65 वर्षों से चली आ रही इस परंपरा के साक्षी बनने के लिए हजारों की संख्या में लोग एकत्रित हुए। जब भगवान राम और भरत के स्वरूपों ने एक-दूसरे को गले लगाया, तो उपस्थित जनसमूह की आंखें छलक आईं और पूरा क्षेत्र पुष्प वर्षा से सराबोर हो गया।
आयोजनकर्ता लेखराज गौतम, भगवान लड्डा, संजय गोयल और विष्णु गोयल ने बताया कि शोभायात्रा का समापन रामपुरा स्थित रघुनाथ चौक में एक विशाल महाआरती के साथ हुआ। हजारों दीपों की रोशनी से चौक जगमगा उठा और वातावरण में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार हुआ। महाआरती के पश्चात उपस्थित अपार जनसमूह को विशेष प्रसाद का वितरण किया गया।

