खेतों के रास्ते हमारी प्रतिबद्धता, इसके लिए संकल्पित मन से काम कर रहे: ऊर्जा मंत्री

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ऊर्जा मंत्री ने रास्ता दुरुस्तीकरण के लिए जन प्रतिनिधियों के साथ की बैठक

कोटा। ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में रास्तों के दुरुस्तीकरण की समीक्षा बैठक लेकर निर्देश दिए कि यह कार्य अभियान के तौर पर निरंतर चलना चाहिए ताकि किसानों को परेशानी ना हो। साथ ही मंत्री श्री नागर ने रास्तों के दुरुस्तीकरण की अग्रिम रूपरेखा भी रखी।

बैठक में जिला प्रमुख मुकेश मेघवाल, प्रधान जयवीर सिंह अमृतकुआं, कृष्णा शर्मा, उप प्रधान ओम अडूसा, जिला परिषद सीईओ राजपाल सिंह, खंड विकास अधिकारी, ग्राम विकास अधिकारी, सरपंच (प्रशासक), जिला परिषद सदस्य, पंचायत समिति सदस्य मौजूद रहे।

बैठक में ऊर्जा मंत्री ने उपखंड अधिकारी और तहसीलदार से रास्तों की स्थिति की जानकारी ली और निर्देश दिए कि किसानों को बरसात में भी कोई समस्या ना आए, इसके लिए तत्परता से कार्य किया जाए। कीचड़ वाले रास्तों की छंटनी करके प्राथमिकता के आधार पर इन्हें पर ठीक कराएं।

मंत्री श्री नागर ने कहा रास्ते उपलब्ध कराना हमारी प्रतिबद्धता है इसके लिए बड़ा काम हुआ है लेकिन जो भी शेष है उसे तत्परता से किया जाए। जहां आपसी सहमति से रास्ते बनाए जा सकें, वहां समझाइश से कार्य किया जाए। ग्रामीणों को जन सहभागिता से रास्ते बनाने के लिए भी प्रोत्साहित किया जाए। कुछ संसाधन सरकार के हो और कुछ ग्रामीणों के सहयोग से मिलें तो काम त्वरित होगा और इसके बेहतर परिणाम आएंगे। इससे ग्रामीणों का कार्य के प्रति जुड़ाव भी रहेगा।

बैठक में जनप्रतिनिधियों ने सफाई, नाली, अतिक्रमण आदि के मुद्दों की ओर ध्यान आकृष्ट किया। हटाने के बाद वापस अतिक्रमण होने और पुलिस का सहयोग नहीं मिलने की बात कही।जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजपाल सिंह ने भी गांवों में रास्ते,सफाई और अतिक्रमण आदि के मुद्दों पर ग्रामीणों से जन सहभागिता की अपील की।

अच्छा काम करने वाले जनप्रतिनिधियों का करेंगे सम्मान
मंत्री श्री नागर ने कहा कि ग्रेवल सडक के लिए यदि फंड की समस्या है तो वीडियो की अनुशंसा पर विधायक कोष से राशि दी जा सकती है। उन्होंने यह भी कहा कि खेतों के रास्ते को लेकर बेहतर काम करने वाले जनप्रतिनिधियों को सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा जन सहयोग से गांव-गांव रास्तों के लिए मुहिम चलनी चाहिए ताकि अगली गर्मी तक किसी गांव में रास्ते की बड़ी समस्या ना रहे। उन्होंने अधिकारियों को हिदायत दी कि स्वीकृत कार्यों में गुणवत्ता का पूरा ध्यान रखा जाए। साथ ही जनसहयोग से होने वाले कार्यों में कोई घालमेल नहीं होना चाहिए।

अतिक्रमण पर त्वरित कार्रवाई हो
मंत्री श्री नागर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि चरागाह भूमि से स्थाई रूप से अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया निर्धारित करें। यदि कोई व्यक्ति बार-बार अतिक्रमण करता है तो दंडात्मक कार्रवाई की जाए। बिना किसी भेदभाव के अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाए लेकिन यह ध्यान रखें कि किसी गरीब का घर नहीं उजड़े। आबादी और बसावट को नहीं छेड़ें लेकिन नए अतिक्रमण किसी सूरत में नहीं होने पाएं, यह सुनिश्चित करें। शिकायत मिलते ही तुरंत कार्रवाई की जाए। साथ ही सरपंच एवं ग्रामीण जन भी निगरानी रखते हुए अपनी भूमिका निभाएं।

सफाई में ना हो ढिलाई
सफाई के मुद्दे पर ऊर्जा मंत्री श्री नागर ने पंचायतों को गंभीरता बरतने को कहा। उन्होंने इस कार्य में भी जन सहभागिता को प्रोत्साहन देने की बात कही। उन्होंने कहा कि सफाई व्यवस्था सब की जिम्मेदारी होनी चाहिए। गांव के एंट्री और एग्जिट प्वाइंट एवं दुकानों के क्षेत्र में विशेष ध्यान रखना चाहिए। उन्होंने सफाई व्यवस्था सुदृढीकरण के लिए पंचायतों का क्लस्टर बनाकर सफाई व्यवस्था निर्धारित करने का भी सुझाव रखा। मंत्री श्री नागर ने सीएडी की नहरों के किनारे भी रास्तों के सुधार और सफाई कार्य को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यों के प्रस्ताव भिजवाए जाएं जिन्हें नरेगा के माध्यम से कराया जा सकेगा। ड्रेन सफाई के प्रस्ताव भी भिजवाए जाएं।