Audi ने ड्रोन टेक्नोलॉजी इस्तेमाल कर कार डिस्पैच को बनाया आसान

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नई दिल्ली। Audi (ऑडी) ने एक ड्रोन सिस्टम तैयार किया है जो जर्मनी में उसकी नेकरसल्म साइट पर ग्राहकों को डिस्पैच के लिए तैयार खड़ी नई कारों का पता लगाने में मदद करती है। ड्रोन ऑटोनॉमस तरीके से उन वाहनों पर उड़ता है जो असेंबली लाइनों से बाहर निकलते हैं और उनकी पार्किंग की सटीक पोजिशन की जानकारी स्टोर कर लेता है। इससे कर्मचारियों को अधिक कुशलता के साथ कारों का पता लगाने में सहूलियत होती है और जब उन्हें ग्राहकों को डिस्पैच किया जाना होता है।

यह ड्रोन सिस्टम वाहन की पोजिशन का पता लगाने और उसे जानकारी को स्टोर करने के लिए जीपीएस और रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करता है। हर ऑडी कार को बॉडी शॉप में एक व्हीकल आइडेंटिफिकेंशन नंबर मिलता है, जिसे RFID रीडर का उपयोग करके ड्रोन द्वारा पहचाना जाता है। ड्रोन जब अपनी उड़ान पूरी कर लौट आता है तो उसके द्वारा इकट्ठा किया गया डेटा वाई-फाई के जरिए ऑटोमैटिक तरीके से एक डेटाबेस में पहुंच जाता है और फिर जानकारी कर्मचारियों के सामने डिजिटल मैप के रूप में प्रदर्शित होती हैं।

ऑडी की नेकरसल्म साइट Volkswagen (फॉक्सवैगन) समूह की सबसे जटिल साइट में शुमार है, क्योंकि यहां A4 (ए4), A5 Cabriolet (ए5 कैब्रियोलेट), A6 (ए6) और A7 (ए7) जैसे विभिन्न मॉडल की कार हर दिन प्रॉडक्शन लाइन से निकल कर बाहर आती हैं। यह सुनिश्चित करने के लिए कि हर ऑडी कार अपने नए मालिक के पास आसानी से पहुंच सके, इसके लिए उत्पादन से लेकर डिस्पैच तक सटीक योजना की आवश्यकता होती है। यह सटीक क्रम नियोजन को विशेष रूप से चुनौतीपूर्ण बनाता है। इस तरह से, ड्रोन ने इस प्रक्रिया को तेज और आसान बना दिया है।

ऑडी का कहना है कि ड्रोन का उपयोग कर वाहनों का तेजी से पता लगाने से प्रक्रिया भी उच्च गुणवत्ता की हो जाती है और यह डिजिटल उत्पादन की राह पर एक और कदम है। नेकरसल्म में ऑडी साइट पर इनोवेशन मैनेजमेंट के क्षेत्र में परियोजना प्रबंधक स्टीफेन कॉनराड कहते हैं, “ड्रोन पूरी तरह से नए दृष्टिकोण से स्पोर्ट देता है। अब हम अन्य ऑडी साइटों के साथ और फॉक्सवैगन ग्रुप के भीतर अपने अनुभव को साझा करेंगे।”