व्यापार एवं उद्योग के लिए डिजिटल मार्केटिंग जरूरी- मित्तल

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कोटा। दीएसएसआई एसोसिएशन एवं भारत सरकार के एमएसएमई विभाग की ओर से बुधवार को झालावाड रोड़ स्थित पुरूषार्थ भवन में उद्यमियों एवं व्यापारियों के लिए डिजिटल मार्केंटिंग कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस मौके पर एसोसिएशन के संस्थापक अध्यक्ष गोविंदराम मित्तल ने कहा कि डिजिटल मार्केटिंग को आज आवश्यकता है। उद्योग एवं व्यापार जगत में नित नए परिवर्तन हो रहे हैं। यदि आप समय की जरूरत के अनुसार बदलाव नहीं लाते हैं तो बाजार से बाहर हो जाएंगे।

पूरे विश्व में कोविड महामारी के बाद डिजिटलाईजेशन की ओर झुकाव बढ़ गया है। अधिकांश कार्य डिजिटल हो गया है। ऐसे में डिजिटल मार्केटिंग की आवश्यकता बढ गई है । उन्होंने कहा कि कंपनी से लेकर राजनीतिक दल और नेता-अभिनेता सभी किसी न किसी तरह (ट्विटर, फेसबुक, ब्लॉग, वेबसाइट आदि) के जरिए सुर्खियां पाने की प्रतिस्पर्धा में डिजिटल प्लेटफार्म पर सक्रिय रहते हैं ।

डिजिटल मार्केटिंग विशेषज्ञ प्रदीप मिश्रा ने उद्यमियों को डिजिटल मार्केटिंग की बारीकियों से अवगत करवाते हुए कम निवेश में अधिक परिणाम प्राप्त करने का सुझाव दिया। उन्होंने बताया कि डिजिटल मार्केटिंग आपके बजट में होने के साथ ही बहुत बड़े वर्ग (टारगेट) तक पहुंच रखता है। साथ ही आप मार्केटिंग की कमान खुद अपने हाथ में रखकर जरूरत पड़ने पर जरूरी बदलाव भी कर सकते हैं। इसमें उपभोक्ता व क्षेत्र के चुनाव का विकल्प भी मोैजद रहता है।

उन्होंने बताया कि मार्केटिंग के अन्य तरीकों जैसे टेलिविजन, प्रिंट कैंपेनिंग में इस बात का सही तौर पर पता नहीं चल पाता कि इससे कितना टारगेट अचीव हुआ। जबकि, डिजिटल मार्केटिंग के दौरान सोशल डिजिटल प्लेटफार्म्स से विज़िटर्स का निश्चित पता चलता है। सर्च एंजिन ऑप्टिमाईजेशन (SEO) सोशल मीडिया मार्केटिंग (SMO) और ईमेल मार्केटिंग का हाई कन्वर्जन रेट कंज्यूमर्स से त्वरित (क्विक) और प्रभावशाली संवाद साधने का सर्वोत्तम साधन भी है। डिजिटल मार्केटिंग में लिंक बिल्डिंग- ईमेल मार्केटिंग के जरिए टारगेट यूजर्स के साथ व्यक्तिगत संबंध स्थापित करने का भी विकल्प होता है।

अध्यक्ष मुकेश गुप्ता एवं सचिव ईशांत अरोरा ने कहा कि डिजिटल मार्केटिंग की सहायता से आप पूरी दुनिया में कस्टमर बना सकते हैं। वही पारंपरिक मार्केटिंग से यह करना लगभग असंभव है। डिजिटल मार्केटिंग के रिजल्ट को मापना काफी आसान है। एमएसएमई ईकाई प्रमुख सचिन सारस्वत ने कार्यक्रम का संचालन किया। कार्यक्रम में हाड़ौती कोटा स्टोन इण्ड्रस्ट्रीज के अध्यक्ष आरएन गर्ग, लघु उद्योग भारती के अध्यक्ष मनोज राठी, एसएसआई के निर्वाचित अध्यक्ष जम्बु कुमार जैन, केपी सिंह, अनीश बिरला, मनीष मित्तल, सहित कई उद्यमी उपस्थित रहे।