CBI इंस्पेक्टर ने मांगी डेढ़ करोड़ की रिश्वत, दलाल गिरफ्तार

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जयपुर। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सीबीआई इंस्पेक्टर के दलाल को 30 लाख रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से 45 लाख रुपए के 11 चैक भी मिले है। रिश्वत की यह रकम आनंद गृहनिर्माण सहकारी समिति के एक पदाधिकारी से ली गई। एसीबी की प्रारंभिक पड़ताल में सामने आया कि रिश्वत मांगने वाला मुख्य आरोपी सीबीआई, जयपुर शाखा में तैनात इंस्पेक्टर प्रकाशचंद है।

वह गुरुवार रात को उसके दलाल शांतिलाल के एसीबी ट्रेप की भनक लगने पर फरार हो गया। उसका मोबाइल फोन भी बंद आ रहा है। एसीबी ने सीबीआई अधिकारियों को इसकी सूचना दे दी है। उनके सहयोग से भूमिगत हुए सीबीआई इंस्पेक्टर प्रकाशचंद की तलाश की जा रही है।

एसीबी के डीजी आलोक त्रिपाठी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी शांतिलाल आंचलिया है। वह टोंक रोड पर जय जवान कॉलोनी में रहता है। वहीं, फरार सीबीआई इंस्पेक्टर प्रकाशचंद दिल्ली पुलिस में इंस्पेक्टर है। वह सीबीआई जयपुर ब्रांच में प्रतिनियुक्ति पर पदस्थापित है और फिलहाल सीबीआई की एंटी करप्शन सेल में तैनात है।

उसके खिलाफ आनंद गृह निर्माण सहकारी समिति के एक पदाधिकारी ने गुरुवार को एसीबी में शिकायत दर्ज करवाई थी। जिसमें बताया कि पिछले चार माह महिने से सीबीआई में पदस्थापित इंस्पेक्टर प्रकाशचंद उसे फोन कर डेढ़ करोड़ की रिश्वत मांग रहा है। जनवरी, 2018 में हाईकोर्ट के आदेश पर जमीन की धोखाधड़ी से संबंधित 18 मुदकमों का अनुसंधान सीबीआई को ट्रांसफर किया गया था।

इसमें तीन केसों की जांच इंस्पेक्टर प्रकाशचंद के पास थी। आरोपी ने उसे धमकाते हुए कहा कि तेरे खिलाफ मुकदमों की जांच मेरे पास है। जिनमें कार्रवाई मदद करने और शेष 15 मुकदमों में आरोपी बनाने की धमकियां देकर वह उससे डेढ़ करोड़ मांग रहा था। रिश्वत की यह रकम आरोपी दलाल शांतिलाल के मार्फत मांगी।

इस पर डीजी आलोक त्रिपाठी और एडीजी सौरभ श्रीवास्तव के निर्देशन में एसीबी ने तत्काल ट्रेप की कार्रवाई शुरु की। इसके लिए आईजी दिनेश एमएन के सुपरविजन में एएसपी नरोत्तम वर्मा के नेतृत्व में टीम गठित की। जिन्होंने आरोपी दलाल शांतिलाल को उसके आवास पर परिवादी बिल्डर से 30 लाख रुपए नकद और 45 लाख रुपए के 11 चेक लेते धरदबोचा।

तब एसीबी अधिकारियों ने सीबीआई के उच्चाधिकारियों को सूचना दी। एडीजी सौरभ श्रीवास्तव के मुताबिक परिवादी बिल्डर का कहना है कि वह पिछले चार माह के भीतर आरोपी सीबीआई इंस्पेक्टर को 90 लाख रुपए की रिश्वत पहले ही दे चुका है। आरोपी प्रकाशचंद के घर की भी शुक्रवार को तलाशी ली जा रही है।