2 अप्रैल को जब होगा शनि-मंगल में ग्रह युद्ध, क्या होंगे परिणाम, वीडियो

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ज्योतिषशास्त्र की गणना के अनुसार अप्रैल महीने की 2 तारीख को आसमान में गजब का नजारा देखने को मिलेगा। शनि और मंगल जिन्हें ज्योतिषशास्त्र में क्रूर और पाप ग्रह कहा गया है वह धनु राशि में बिल्कुल करीब यानी समान अंशों पर आ जाएंगे। ज्योतिषीय दृष्टि से यह एक महत्वपूर्ण घटना है। ज्योतिषशास्त्री देवेंद्र प्रतिहस्त से जानें इसका देश दुनिया और आप पर क्या होगा प्रभाव।

ज्योतिषशास्त्र के अनुसार धरती से देखने पर किन्ही दो ग्रहों के आकाश में अत्यंत निकट होने को ज्योतिष की भाषा में ‘ग्रह-युद्ध’ कहा जाता है। मेदिनी ज्योतिष के 1500 वर्ष पुराने ग्रन्थ बृहत्संहिता में आचार्य वराहमिहिर ने ग्रह युद्ध को विस्तार से समझाया है।

सूर्य और चन्द्रमा को छोड़कर पांच तारा ग्रहों (मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि) का परस्पर अंशों और क्रांति में निकट आने पर युद्ध होता है। जब इन पांच तारा ग्रहों में से कोई दो अंश और क्रांति में सामान हों तो आकाश में उनके बिम्ब एक दूसरे में समाते हुए प्रतीत होते हैं।

बृहत् संहिता के अनुसार मंगल और शनि में ग्रह युद्ध होने पर राजाओं में युद्ध होता है और शस्त्र धारण करने वालों को कष्ट होता है। मंगल और शनि का धनु राशि में ग्रह युद्ध और भी अधिक महत्वपूर्ण है क्योंकि धनु को युद्ध और कोदंड (राज सत्ता) की राशि कहा जाता है। इस ग्रह युद्ध के प्रभाव से आने वाले कुछ दिनों में अमेरिका, चीन, भारत सहित दुनिया के बड़े देशों में ‘व्यापार युद्ध’ तेज़ होने की संभावना है।

मकर लग्न और मकर राशि से प्रभावित चीन के 12 वें घर में हो रहा यह ग्रह-युद्ध विशेष रूप से उसे हानि पहुंचाएगा। चीन अमेरिका के साथ व्यापार प्रतिबंधों और भारत के साथ सीमा-विवाद में अधिक आक्रामक रुख लेने लगेगा। अमेरिका और चीन के द्वारा परस्पर एक दूसरे पर निर्यात शुल्क लगाने से वैश्विक मंदी की आहट सुनाई देने लगेगी।

वृषभ लग्न की आजाद भारत की कुंडली में शनि-मंगल के अष्टम भाव धनु में ग्रह-युद्ध में उलझनों से बड़ी रेल दुर्घटनाओं, अग्निकांड, किसी बड़े नेता की मृत्यु और केंद्र-सरकार में विवादों की खबरें सनसनी पैदा करेगी। धनु राशि से प्रभावित नेपाल, उत्तराखंड और उत्तर-प्रदेश में अप्रैल के पहले पखवाड़े में भूकंप से जान-माल का कुछ नुकसान होने की आशंका रहेगी।

शनि-मंगल के ग्रह-युद्ध के समय दक्षिण-क्रांति में रहने से पृथ्वी के दक्षिणी गोलार्ध में भूकंप के लिए संवेदनशील देशों जैसे पेरू, मेक्सिको, अर्जेंटीना आदि में भी भूकंप का खतरा रह सकता है। अग्नि तत्व की राशि धनु में पीड़ा होने से अप्रैल के महीने में अप्रत्याशित रूप से तेज गर्मी पड़ेगी।

जंगलों में आग लगने की घटनाएं सामान्य से अधिक होगी। शनि के मंगल के द्वारा पीड़ित होने से पेट्रोल-डीजल के दामों में वृद्धि होगी तथा शेयर बाजार में कुछ समय के लिए तेजी के बाद बिकवाली के चलते भारी गिरावट देखी जाएगी।