7 सेक्टर्स में जुलाई-सितंबर 2017 के क्वॉर्टर में नौकरियां चार गुना बढ़ीं

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नई दिल्ली। देश में ऑर्गनाइज्ड सेक्टर के कुछ हिस्सों में रोजगार उपलब्ध कराने की रफ्तार बढ़ी है। लेबर ब्यूरो की ओर से सोमवार को जारी सातवें तिमाही रोजगार सर्वे डेटा के अनुसार, 2017 की जुलाई-सितंबर तिमाही में सात सेक्टर्स में 1.36 लाख नौकरियां क्रिएट हैं। यह आंकड़ा इससे पिछली तिमाही के मुकाबले दोगुने से अधिक और एक वर्ष पहले की तुलना में चार गुना से ज्यादा है।

ये आंकड़े 2013-14 की आर्थिक गणना पर आधारित हैं और इनमें 2014 के बाद बनी फर्में शामिल नहीं हैं। जुलाई-सितंबर 2017 के दौरान मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में 89,000, एजुकेशन में 21,000, ट्रांसपॉर्ट में 20,000, ट्रेड में 14,000, हेल्थ में 11,000, अकॉमडेशन ऐंड रेस्ट्रॉन्ट में 2,000 और आईटी-बीपीओ में 1,000 नौकरियां पैदा हुई, जबकि कंस्ट्रक्शन सेक्टर में 22,000 नौकरियों का नुकसान हुआ। इन सेक्टर्स में 11,000 एंटरप्राइजेज काम कर रही हैं। ये सेक्टर देश की कुल ऑर्गनाइज्ड वर्कफोर्स में 81 पर्सेंट की हिस्सेदारी रखते हैं।

लेबर मिनिस्ट्री जल्द ही अनऑर्गनाइज्ड सेक्टर में रोजगार का डेटा जुटाने का काम शुरू करने की योजना बना रही है। मिनिस्ट्री 10 से कम कर्मचारियों वाली यूनिट्स का तिमाही रोजगार एंटरप्राइज सर्वे पेश करना चाहती है। मिनिस्ट्री के एक अधिकारी ने बताया कि नीति आयोग ने इसका सुझाव दिया था।

आर्थिक गणना में देश में एंप्लॉयीज की संख्या लगभग 13 करोड़ होने की जानकारी दी गई थी। इसमें से 2.4 करोड़ ऑर्गनाइज्ड सेक्टर या 10 एंप्लॉयीज से अधिक वाली फर्मों में काम करते हैं। अनऑर्गनाइज्ड सेक्टर में 10.6 करोड़ लोग हैं। अनऑर्गनाइज्ड सेक्टर के सर्वे में कितने एंप्लॉयीज और कौन से सेक्टर्स को शामिल किया जाएगा, यह फैसला एक उच्च स्तरीय कमिटी करेगी।

अधिकारी ने कहा कि सरकार ने नए सर्वे के लिए अनुमति दे दी है। इसमें बड़ी संख्या में माइक्रो, स्मॉल ऐंड मीडियम एंटरप्राइसेज (एमएसएमई) को शामिल किया जाएगा। सर्वे अप्रैल में शुरू हो सकता है। पहले सर्वे का नतीजा अगले वर्ष सामने आएगा। यह सर्वे लेबर ब्यूरो के ऑर्गनाइज्ड सेक्टर के तिमाही रोजगार सर्वे के साथ जारी किया जाएगा।